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फिर चेतावनी से टल गया रिश्वतखोरी का मामला
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बदायूं। एक बार फिर जिला अस्पताल प्रशासन ने रिश्वतखोरी के मामले पर पर्दा डाल दिया। कार्रवाई के नाम पर कर्मचारियों को सिर्फ चेतावनी दी गई। जांच के नाम पर भी सिर्फ खानापूर्ति ही की गई।
नगर पालिका में तैनात कर्मचारी सरवर अली एक मानसिक मंदित व्यक्ति को लेकर जिला अस्पताल पहुंचे थे। उसके हाथ में फ्रेक्चर था। वह उसे लेकर प्लास्टर रूम में पहुंचे, जहां उनसे 267 रुपये ले लिए गए। हाथ पर प्लास्टर तो कर दिया गया लेकिन उन्हें रसीद नहीं दी गई। इसकी उन्होंने डीएम से शिकायत की, जिस पर डीएम दिनेश कुमार सिंह जिला अस्पताल पहुंचे और कार्रवाई के आदेश दिए। तभी से जिला अस्पताल की तीन सदस्यीय टीम इस मामले की जांच कर रही थी। जांच के नाम पर खानापूर्ति करके अब कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई के नाम पर सिर्फ चेतावनी दी गई है।
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कर्मचारियों को और डॉक्टर को चेतावनी दी गई है। उन्हें बता दिया गया है कि आज के बाद किसी गरीब आदमी से पैसे नहीं लिए जाएंगे। अगर ऐसी कोई शिकायत आई तो कार्रवाई की जाएगी।
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-डॉ. भारत भूषण पुष्कर, सीएमएस जिला अस्पताल
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नगर पालिका में तैनात कर्मचारी सरवर अली एक मानसिक मंदित व्यक्ति को लेकर जिला अस्पताल पहुंचे थे। उसके हाथ में फ्रेक्चर था। वह उसे लेकर प्लास्टर रूम में पहुंचे, जहां उनसे 267 रुपये ले लिए गए। हाथ पर प्लास्टर तो कर दिया गया लेकिन उन्हें रसीद नहीं दी गई। इसकी उन्होंने डीएम से शिकायत की, जिस पर डीएम दिनेश कुमार सिंह जिला अस्पताल पहुंचे और कार्रवाई के आदेश दिए। तभी से जिला अस्पताल की तीन सदस्यीय टीम इस मामले की जांच कर रही थी। जांच के नाम पर खानापूर्ति करके अब कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई के नाम पर सिर्फ चेतावनी दी गई है।
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कर्मचारियों को और डॉक्टर को चेतावनी दी गई है। उन्हें बता दिया गया है कि आज के बाद किसी गरीब आदमी से पैसे नहीं लिए जाएंगे। अगर ऐसी कोई शिकायत आई तो कार्रवाई की जाएगी।
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-डॉ. भारत भूषण पुष्कर, सीएमएस जिला अस्पताल