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Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Budaun News ›   12.97 lakh cusecs of water came into Ganga in five days, wreaking havoc in 39 villages

Budaun News: पांच दिन में गंगा में आया 12.97 लाख क्यूसेक पानी, 39 गांवों में ढाया कहर

Wed, 13 Aug 2025 01:16 AM IST
Bareily Bureau बरेली ब्यूरो
Updated Wed, 13 Aug 2025 01:16 AM IST
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12.97 lakh cusecs of water came into Ganga in five days, wreaking havoc in 39 villages
सहसवान के भमरौलिया गांव में नांव से जानवरों का चारा लेकर तटबंध की ओर जाते ग्रामीण। संवाद
बदायूं। पिछले पांच दिनों से नरौरा डैम से छोड़ा गया 12.97 लाख क्यूसेक पानी जिले में कहर ढा रहा है। इससे 39 गावों में बाढ़ है। इसका सबसे ज्यादा असर सहसवान के छह तो उसहैत के चार गांवों में है। ऐेसे में गांव के लोगों को नाव से निकालकर ऊंचे स्थान पर ठहराया जा रहा है। नौ दिनों से गंगा का जलस्तर खतरे के निशान ऊपर चल रहा है। मंगलवार को गंगा खतरे के निशान से 60 सेंटीमीटर ऊपर बही।
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शुक्रवार को नरौरा डैम से 1,72,128 क्यूसेक, शनिवार काे 3,05,041 क्यूसेक, रविवार को 3,05,041 क्यूसेक, सोमवार को 2,67,636 क्यूसेक और मंगलवार को 2,47,534 क्यूसेक पानी छोड़ा गया। शनिवार और रविवार को सबसे ज्यादा पानी छोड़े जाने के बाद जिले के तटवर्ती इलाकों में बाढ़ का कहर है। नरौरा से इन पांच दिनों में 12,97,380 क्यूसेक पानी छोड़ा जा चुका है। पानी छोड़ने का सिलसिला नहीं थमा तो हालात और भी भयाभय हो सकते हैं।
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अब तक आई बाढ़ से सहसवान क्षेत्र के तोफिया नगला, वीरसहाय नगला, खागी नगला, भमरौलिया, तेली नगला और गिरधारी नगला गांव सबसे ज्यादा प्रभावित हैं। रविवार रात तेजी से आए बाढ़ के पानी से समस्या और बढ़ गई। सोमवार की सुबह को इन गांवों में रहने वाले लोगों ने तटबंध की ओर रुख कर लिया है। नाव के माध्यम से ग्रामीणों को तटबंध तक पहुंचाया गया। अब लोगों ने वहीं अस्थाई आशियाना बनाया है। क्षेत्र में खर आश्रय स्थल तहसील प्रशासन ने बनाकर तैयार कराए हैं लेकिन एक भी व्यक्ति वहां शरण लेने नहीं पहुंचा है। लोगों ने बताया कि तीन किलोमीटर दूर आश्रय स्थल में कौन रुकने जाएगा। तटबंध से अपने खेत व घर भी देख पा रहे हैं। गंगा में चार अगस्त को गंगा ने खतरे का निशान पार लिया था और अब तक लगातार बढ़ ही रहा है। जिले में गंगा का खतरे का निशान 162.40 मीटर है और मंगलवार को जलस्तर 163 मीटर पर रहा
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नवागत एसडीएम साई आश्रित साखमुरी सहसवान के गांव भमरौलिया पहुंचे। उन्होंने बाढ़ पीड़ित लोगों से जानकारी ली। उन्होंने कंट्रोल रूम के अलावा ग्रामीणों को अपना पर्सनल नंबर भी दिया। कहा कि कोई समस्या हो तो फोन करें।

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गंगा में छोड़ा गया पानी

डैम का नाम मंगलवार
नरौरा 2,00,600 क्यूसेक

बिजनौर 1,60,813 क्यूसेक

हरिद्वार 1,17,071 क्यूसेक

जलस्तर

नदी मंगलवार

गंगा 163.00 मीटर

रामगंगा 161.06 मीटर

गंगा में खतरे का निशान 162.40 मीटर

रामगंगा में खतरे का निशान 163.07 मीटर

सहसवान के भमरौलिया गांव में नांव से जानवरों का चारा लेकर तटबंध की ओर जाते ग्रामीण। संवाद

सहसवान के भमरौलिया गांव में नांव से जानवरों का चारा लेकर तटबंध की ओर जाते ग्रामीण। संवाद

सहसवान के भमरौलिया गांव में नांव से जानवरों का चारा लेकर तटबंध की ओर जाते ग्रामीण। संवाद

सहसवान के भमरौलिया गांव में नांव से जानवरों का चारा लेकर तटबंध की ओर जाते ग्रामीण। संवाद

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