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गेहूं बोने के लिए मौसम हुआ शानदार, नए बीज भी मिलेंगे किसानों को
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गेहूं बुवाई के लिए मौसम अनुकूल
बिजनौर। गेहूं बुवाई के लिए मौसम अनुकूल है। अगर किसानों के खेत खाली हैं तो वे इस समय बुआई कर सकते हैं। इस समय बोया जाना गेहूं का एक-एक दाना जमता है। किसानों के लिए नई प्रजाति का गेहूं भी इस बार कृषि विभाग के बिक्री केंद्रों पर आया है। यह गेहूं करीब पांच क्विंटल प्रति बीघा तक की पैदावार देगा। बाकी प्रजातियों के गेहूं का बीज भी किसानों के लिए उपलब्ध रहेगा।
जिले में गन्ने के बाद गेहूं सबसे अधिक बोई जाने वाली फसल है। जिले में डेढ़ लाख हेक्टेयर से अधिक रकबे में गेहूं बोया जाता है। गन्ने की तरह ही किसानों को गेहूं की नई नई प्रजातियों के बीज किसानों को उपलब्ध कराए जा रहे हैं। नवंबर में किसान गेहूं की बुआई शुरू कर देते हैं। चारे, धान से खाली हुए खेतों के अलावा गन्ने की पैड़ी से खाली हुए खेतों में भी गेहूं बोया जाता है। किसानों के लिए पीबीडब्ल्यू 173, बीबीडब्ल्यू 107, पीबीडब्ल्यू 3433 उन्नत, डब्ल्यूएच 1105, एचडी 2967, एचडी 3086, डब्ल्यूबी 02, वन जेडएन उपलब्ध हैं। इनमे पीबीडब्ल्यू 3433 उन्नत व डब्ल्यूबी 02 के बीज पहली बार किसानों को मिलेंगे। दोनों की पैदावार पांच क्विंटल प्रति बीघा तक निकलने की बात कही जा रही है। इनमे पीबीडब्ल्यू 173 पछेती प्रजाति का बीज है। यह 15 दिसंबर के बाद भी बोया जा सकता है।
22 डिग्री तक का तापमान सर्वश्रेष्ठ
कृषि वैज्ञानिक डा.केके सिंह के अनुसार गेहूं बोने के लिए तापमान सबसे महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। इस समय तापमान 25 डिग्री से थोड़ा ही ज्यादा चल रहा है। यह तापमान अब रोज धीरे धीरे कम होगा। 22 डिग्री सेल्सियस तक गेहूं बोने पर शत प्रतिशत दाने अंकुरित होते हैं। इससे कम तापमान पर अंकुरण की दर कम होने लगती है।
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इस गेहूं में मिलेंगे पोषक तत्व ज्यादा
डब्ल्यूबी 02 व एचपीबीडब्लू 01/वन जैडएन सबसे ज्यादा पौष्टिक गेहूं माने जाते हैं। सामान्य गेहूं में आयरन की मात्रा 28 पीपीएम/पार्ट पर मिलियन तथा जिंक की मात्रा 32 पीपीएम तक रहती है। डब्लूबी 02 में आयरन की मात्रा 40 पीपीएम, जिंक की मात्रा 42 पीपीएम, एचपीबीडब्लू 01 में जिंक की मात्रा 40.6 पीपीएम तथा आयरन की मात्रा 40 पीपीएम है। इस गेहूं का सेवन करने से पोषक तत्व ज्यादा मिलेंगे।
दो नए बीज पर ट्रायल
कृषि विभाग ने दो और नए बीज डीबीडब्ल्यू 187 व डीबीडब्ल्यू 222 मंगवाए हैं। डीबीडब्ल्यू की औसत पैदावार 80 व डीबीडब्ल्यू की औसत पैदावार 72 क्विंटल प्रति हेक्टेयर है। ये बीज केवल कृषि विभाग के फार्म में ही बोऐ जाएंगे। इनका बीज अगले साल किसानों को दिया जाएगा।
दुुकानों पर बीज उपलब्ध
जिला कृषि अधिकारी डा.अवधेश मिश्र के अनुसार गेहूं का बीज विभाग की दुकानों पर उपलब्ध करा दिया गया है। किसान समय से गेहूं बो लें। तापमान ज्यादा कम होने पर गेहूं का जमाव और उत्पादन दोनों प्रभावित होता है।
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बिजनौर। गेहूं बुवाई के लिए मौसम अनुकूल है। अगर किसानों के खेत खाली हैं तो वे इस समय बुआई कर सकते हैं। इस समय बोया जाना गेहूं का एक-एक दाना जमता है। किसानों के लिए नई प्रजाति का गेहूं भी इस बार कृषि विभाग के बिक्री केंद्रों पर आया है। यह गेहूं करीब पांच क्विंटल प्रति बीघा तक की पैदावार देगा। बाकी प्रजातियों के गेहूं का बीज भी किसानों के लिए उपलब्ध रहेगा।
जिले में गन्ने के बाद गेहूं सबसे अधिक बोई जाने वाली फसल है। जिले में डेढ़ लाख हेक्टेयर से अधिक रकबे में गेहूं बोया जाता है। गन्ने की तरह ही किसानों को गेहूं की नई नई प्रजातियों के बीज किसानों को उपलब्ध कराए जा रहे हैं। नवंबर में किसान गेहूं की बुआई शुरू कर देते हैं। चारे, धान से खाली हुए खेतों के अलावा गन्ने की पैड़ी से खाली हुए खेतों में भी गेहूं बोया जाता है। किसानों के लिए पीबीडब्ल्यू 173, बीबीडब्ल्यू 107, पीबीडब्ल्यू 3433 उन्नत, डब्ल्यूएच 1105, एचडी 2967, एचडी 3086, डब्ल्यूबी 02, वन जेडएन उपलब्ध हैं। इनमे पीबीडब्ल्यू 3433 उन्नत व डब्ल्यूबी 02 के बीज पहली बार किसानों को मिलेंगे। दोनों की पैदावार पांच क्विंटल प्रति बीघा तक निकलने की बात कही जा रही है। इनमे पीबीडब्ल्यू 173 पछेती प्रजाति का बीज है। यह 15 दिसंबर के बाद भी बोया जा सकता है।
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22 डिग्री तक का तापमान सर्वश्रेष्ठ
कृषि वैज्ञानिक डा.केके सिंह के अनुसार गेहूं बोने के लिए तापमान सबसे महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। इस समय तापमान 25 डिग्री से थोड़ा ही ज्यादा चल रहा है। यह तापमान अब रोज धीरे धीरे कम होगा। 22 डिग्री सेल्सियस तक गेहूं बोने पर शत प्रतिशत दाने अंकुरित होते हैं। इससे कम तापमान पर अंकुरण की दर कम होने लगती है।
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इस गेहूं में मिलेंगे पोषक तत्व ज्यादा
डब्ल्यूबी 02 व एचपीबीडब्लू 01/वन जैडएन सबसे ज्यादा पौष्टिक गेहूं माने जाते हैं। सामान्य गेहूं में आयरन की मात्रा 28 पीपीएम/पार्ट पर मिलियन तथा जिंक की मात्रा 32 पीपीएम तक रहती है। डब्लूबी 02 में आयरन की मात्रा 40 पीपीएम, जिंक की मात्रा 42 पीपीएम, एचपीबीडब्लू 01 में जिंक की मात्रा 40.6 पीपीएम तथा आयरन की मात्रा 40 पीपीएम है। इस गेहूं का सेवन करने से पोषक तत्व ज्यादा मिलेंगे।
दो नए बीज पर ट्रायल
कृषि विभाग ने दो और नए बीज डीबीडब्ल्यू 187 व डीबीडब्ल्यू 222 मंगवाए हैं। डीबीडब्ल्यू की औसत पैदावार 80 व डीबीडब्ल्यू की औसत पैदावार 72 क्विंटल प्रति हेक्टेयर है। ये बीज केवल कृषि विभाग के फार्म में ही बोऐ जाएंगे। इनका बीज अगले साल किसानों को दिया जाएगा।
दुुकानों पर बीज उपलब्ध
जिला कृषि अधिकारी डा.अवधेश मिश्र के अनुसार गेहूं का बीज विभाग की दुकानों पर उपलब्ध करा दिया गया है। किसान समय से गेहूं बो लें। तापमान ज्यादा कम होने पर गेहूं का जमाव और उत्पादन दोनों प्रभावित होता है।