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Bijnor News: स्वतंत्रता सेनानी के फर्जी प्रमाणपत्र से एमबीबीएस में ले लिया प्रवेश
Mon, 01 Sep 2025 11:41 PM IST
मेरठ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बिजनौर
संवाद न्यूज एजेंसी, बिजनौर
Updated Mon, 01 Sep 2025 11:41 PM IST
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बिजनौर। महात्मा विदुर स्वशासी राज्य चिकित्सा महाविद्यालय में फर्जी प्रमाण पत्र से एमबीबीएस में प्रवेश लेने के दो मामले सामने आए हैं। पुष्टि होने के बाद फिलहाल एक सीट निरस्त कर दी गई है। कार्रवाई के लिए एसपी को पत्र भेजा गया है।
महात्मा विदुर मेडिकल कॉलेज में एमबीबीएस की 100 सीटों पर प्रवेश प्रक्रिया चल रही है। 84 सीटों पर विद्यार्थियों ने प्रवेश ले लिया है। इस दौरान दो छात्राएं स्वतंत्रता सेनानी प्रमाणपत्र से प्रवेश लेनी पहुंचीं। इनमें से गाजियाबाद निवासी एक लड़की को प्रमाण पत्र के आधार पर प्रवेश दे दिया गया। वहीं, अमरोहा निवासी लड़की स्वतंत्रता सेनानी प्रमाणपत्र सहित अन्य दस्तावेज नहीं दिखा सकी। उसने दस्तावेज चोरी होने की एफआईआर भी दिखाई। बाद में बिना एडमिशन ही कमेटी को जानकारी दिए चली गई।
अब शासन स्तर से जांच हुई। जांच में पता चला कि स्वतंत्रता सेनानी का प्रमाण पत्र फर्जी लगाकर गाजियाबाद निवासी छात्रा ने मेडिकल कॉलेज में भी प्रवेश लिया है। जिसके बाद शासन स्तर से यह सीट निरस्त कर दी गई है।
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मेरठ डीएम के ऑफिस से जारी हुए थे दोनों छात्राओं के प्रमाण पत्र : एडमिशन कमेटी के हेड प्रोफेसर सुधांशु अग्रवाल ने बताया कि एमबीबीएस सीट पर प्रवेश लेने पहुंचीं दोनों छात्राओं के पास स्वतंत्रता सेनानी प्रमाण पत्रों को मेरठ डीएम के ऑफिस से जारी दिखाया गया है। प्रमाणपत्रों पर जिलाधिकारी के हस्ताक्षर के साथ मुहर लगाने और पत्रांक भी दर्ज किया गया है।
स्वतंत्रता सेनानी प्रमाण पत्र से मिलता है दो प्रतिशत आरक्षण : मिली जानकारी के अनुसार स्वतंत्रता सेनानी प्रमाण पत्र से सभी जगह दो प्रतिशत का आरक्षण मिलता है। 100 सीटों में दो सीट स्वतंत्रता सेनानी आश्रितों के लिए आरक्षित होती है। बिजनौर मेडिकल कॉलेज में भी दोे सीट आरक्षित थी।
स्वतंत्रता सेनानी के फर्जी प्रमाण पत्र से एमबीबीएस में गाजियाबाद निवासी एक छात्रा ने प्रवेश लिया था। एक छात्रा अपने प्रमाण पत्र नहीं दिखाई पाई। एक सीट निरस्त हो गई है। कार्रवाई के लिए एसपी को पत्र भेजा गया है। -डॉ. उर्मिला कार्या, प्रचार्या, मेडिकल कॉलेज, बिजनौर
अभी मेडिकल कॉलेज का पत्र प्राप्त नहीं हुआ है। पत्र मिलने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। -अभिषेक झा, एसपी, बिजनौर
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महात्मा विदुर मेडिकल कॉलेज में एमबीबीएस की 100 सीटों पर प्रवेश प्रक्रिया चल रही है। 84 सीटों पर विद्यार्थियों ने प्रवेश ले लिया है। इस दौरान दो छात्राएं स्वतंत्रता सेनानी प्रमाणपत्र से प्रवेश लेनी पहुंचीं। इनमें से गाजियाबाद निवासी एक लड़की को प्रमाण पत्र के आधार पर प्रवेश दे दिया गया। वहीं, अमरोहा निवासी लड़की स्वतंत्रता सेनानी प्रमाणपत्र सहित अन्य दस्तावेज नहीं दिखा सकी। उसने दस्तावेज चोरी होने की एफआईआर भी दिखाई। बाद में बिना एडमिशन ही कमेटी को जानकारी दिए चली गई।
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अब शासन स्तर से जांच हुई। जांच में पता चला कि स्वतंत्रता सेनानी का प्रमाण पत्र फर्जी लगाकर गाजियाबाद निवासी छात्रा ने मेडिकल कॉलेज में भी प्रवेश लिया है। जिसके बाद शासन स्तर से यह सीट निरस्त कर दी गई है।
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मेरठ डीएम के ऑफिस से जारी हुए थे दोनों छात्राओं के प्रमाण पत्र : एडमिशन कमेटी के हेड प्रोफेसर सुधांशु अग्रवाल ने बताया कि एमबीबीएस सीट पर प्रवेश लेने पहुंचीं दोनों छात्राओं के पास स्वतंत्रता सेनानी प्रमाण पत्रों को मेरठ डीएम के ऑफिस से जारी दिखाया गया है। प्रमाणपत्रों पर जिलाधिकारी के हस्ताक्षर के साथ मुहर लगाने और पत्रांक भी दर्ज किया गया है।
स्वतंत्रता सेनानी प्रमाण पत्र से मिलता है दो प्रतिशत आरक्षण : मिली जानकारी के अनुसार स्वतंत्रता सेनानी प्रमाण पत्र से सभी जगह दो प्रतिशत का आरक्षण मिलता है। 100 सीटों में दो सीट स्वतंत्रता सेनानी आश्रितों के लिए आरक्षित होती है। बिजनौर मेडिकल कॉलेज में भी दोे सीट आरक्षित थी।
स्वतंत्रता सेनानी के फर्जी प्रमाण पत्र से एमबीबीएस में गाजियाबाद निवासी एक छात्रा ने प्रवेश लिया था। एक छात्रा अपने प्रमाण पत्र नहीं दिखाई पाई। एक सीट निरस्त हो गई है। कार्रवाई के लिए एसपी को पत्र भेजा गया है। -डॉ. उर्मिला कार्या, प्रचार्या, मेडिकल कॉलेज, बिजनौर
अभी मेडिकल कॉलेज का पत्र प्राप्त नहीं हुआ है। पत्र मिलने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। -अभिषेक झा, एसपी, बिजनौर