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बीरूवाला फार्म पर मालन नदी से मंडराया खतरा
अमर उजाला/बिजनौर
Updated Tue, 28 Aug 2018 12:17 AM IST
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नजीबाबाद में खेतों की ओर कटान करती मालन नदी।
- फोटो : अमर उजाला
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नजीबाबाद में मालन नदी के उफान से बीरूवाला फार्म, उसके आसपास के क्षेत्र प्रभावित हैं। जल निगम की टंकी और बीरूवाला फार्म हाउस की कोठी को खतरा उत्पन्न हो गया है। बड़ी संख्या में आम के पेड़ नदी के उफान में धराशाई हो गए।
मालन नदी का कहर अब बीरूवाला गांव और बीरूवाला फार्म को प्रभावित कर रहा है। रविवार रात से नदी के उफान और कटान से बीरूवाला फार्म क्षेत्र को भारी नुकसान पहुंचाया है। एक दर्जन से अधिक आम के वृक्ष मालन नदी का कहर लील चुका है। बीरूवाला फार्म के काफी नजदीक तक नदी से कटान होने से बीरूवाला फार्म और कोठी का अस्तित्व खतरे में पड़ा है। बीरूवाला फार्म के निकट जल निगम की टंकी के निकट मालन नदी पहुंच चुकी है। यदि जल निगम की टंकी को खतरा पहुंचता है तो बीरूवाला, ताहरपुर, आसपास के गांव में पेयजल आपूर्ति ठप हो जाएगी।
एसडीएम डॉ. पंकज कुमार वर्मा ने सोमवार को कानूनगो छतरपाल सिंह, राजस्व कर्मचारियों के साथ बीरूवाला क्षेत्र का दौरा किया। एसडीएम ने बीरूवाला फार्म के साथ बीरूवाला के पूर्व प्रधान जगदीश सिंह के आवास के निकट मालन नदी के कटान को भी देखा। बुड्डी से बीरूवाला संपर्क मार्ग पर बीरूवाला के निकट नदी का रूख तेजी से बढ़ने से संपर्क मार्ग को भी खतरा उत्पन्न हो सकता है। एसडीएम ने बाढ़ नियंत्रण विभाग को आबादी की ओर बढ़ रही मालन नदी के रूख को बचाने के लिए प्रभावी कदम उठाने को कहा है। बीरूवाला के ग्राम प्रधान अवतार सिंह, पूर्व प्रधान इकबाल सिंह और जगजीत सिंह ने एसडीएम को क्षेत्र के हालात से अवगत कराया।
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कारसेवा से बने पुल और संपर्क मार्ग को बचाया
बड़िया/नजीबाबाद। बड़िया-जट्टीवाला मार्ग पर सिखों की कारसेवा से बने पुल की एप्रोच और संपर्क मार्ग को उत्पन्न खतरा फिलहाल प्रशासन के प्रयास से टल गया है। एसडीएम के निर्देश पर लोनिवि ने बड़िया-जट्टीवाला पुल से जुड़े आधे से अधिक ध्वस्त हो चुके संपर्क मार्ग को कंक्रीट और सैंड की बोरी से भरवाया है। वहीं, मालन नदी के उफान से प्रभावित मजदूर पेशा परिवारों को एसडीएम डॉ. पंकज कुमार वर्मा की धर्मपत्नी सुरभि की ओर से 50 साड़ियां वितरित की गईं। एसडीएम की पत्नी ने कछियाना, मौअज्जमपुर तुलसी और खैरूल्लापुर में स्वयं जाकर मालन नदी के कहर झेलने वाले पीड़ित परिवारों की महिलाओं के हालचाल जाने और उन्हें अपनी ओर से साड़ियां प्रदान कीं। वहीं, प्रशासन की ओर से पीड़ित परिवारों को भोजन आदि उपलब्ध कराने की व्यवस्था तीसरे दिन भी जारी रही।
नेशनल हाईवे बचाने के लिए अभियान जारी
नजीबाबाद। सूखरो नदी पर बने पुल से जुड़े हाईवे को बचाने के लिए नेशनल हाईवे लोनिवि की ओर से नजीबाबाद-कोटद्वार नेशनल हाईवे को बचाने के लिए रेत की बोरियां लगाने का अभियान जारी है। सूखरो नदी के उफान से उत्तराखंड और उत्तर प्रदेश को जोड़ने वाले प्रमुख हाईवे की एक ओर की साइड नदी से बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो चुकी है। हाईवे को बचाने में लगे 19 मजदूर रविवार की तड़के नदी के उफान में फंस गए थे। एसडीएम डॉ. पंकज कुमार वर्मा, सीओ अरुण कुमार सिंह, थाना प्रभारी देवेंद्र सिंह धामा ने स्वयं रेस्क्यू टीम के साथ नदी में उतरकर सूखरो नदी के बीच फंसे मजदूरों को रस्सियों के सहारे बाहर निकलवाया था।
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मालन नदी का कहर अब बीरूवाला गांव और बीरूवाला फार्म को प्रभावित कर रहा है। रविवार रात से नदी के उफान और कटान से बीरूवाला फार्म क्षेत्र को भारी नुकसान पहुंचाया है। एक दर्जन से अधिक आम के वृक्ष मालन नदी का कहर लील चुका है। बीरूवाला फार्म के काफी नजदीक तक नदी से कटान होने से बीरूवाला फार्म और कोठी का अस्तित्व खतरे में पड़ा है। बीरूवाला फार्म के निकट जल निगम की टंकी के निकट मालन नदी पहुंच चुकी है। यदि जल निगम की टंकी को खतरा पहुंचता है तो बीरूवाला, ताहरपुर, आसपास के गांव में पेयजल आपूर्ति ठप हो जाएगी।
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एसडीएम डॉ. पंकज कुमार वर्मा ने सोमवार को कानूनगो छतरपाल सिंह, राजस्व कर्मचारियों के साथ बीरूवाला क्षेत्र का दौरा किया। एसडीएम ने बीरूवाला फार्म के साथ बीरूवाला के पूर्व प्रधान जगदीश सिंह के आवास के निकट मालन नदी के कटान को भी देखा। बुड्डी से बीरूवाला संपर्क मार्ग पर बीरूवाला के निकट नदी का रूख तेजी से बढ़ने से संपर्क मार्ग को भी खतरा उत्पन्न हो सकता है। एसडीएम ने बाढ़ नियंत्रण विभाग को आबादी की ओर बढ़ रही मालन नदी के रूख को बचाने के लिए प्रभावी कदम उठाने को कहा है। बीरूवाला के ग्राम प्रधान अवतार सिंह, पूर्व प्रधान इकबाल सिंह और जगजीत सिंह ने एसडीएम को क्षेत्र के हालात से अवगत कराया।
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कारसेवा से बने पुल और संपर्क मार्ग को बचाया
बड़िया/नजीबाबाद। बड़िया-जट्टीवाला मार्ग पर सिखों की कारसेवा से बने पुल की एप्रोच और संपर्क मार्ग को उत्पन्न खतरा फिलहाल प्रशासन के प्रयास से टल गया है। एसडीएम के निर्देश पर लोनिवि ने बड़िया-जट्टीवाला पुल से जुड़े आधे से अधिक ध्वस्त हो चुके संपर्क मार्ग को कंक्रीट और सैंड की बोरी से भरवाया है। वहीं, मालन नदी के उफान से प्रभावित मजदूर पेशा परिवारों को एसडीएम डॉ. पंकज कुमार वर्मा की धर्मपत्नी सुरभि की ओर से 50 साड़ियां वितरित की गईं। एसडीएम की पत्नी ने कछियाना, मौअज्जमपुर तुलसी और खैरूल्लापुर में स्वयं जाकर मालन नदी के कहर झेलने वाले पीड़ित परिवारों की महिलाओं के हालचाल जाने और उन्हें अपनी ओर से साड़ियां प्रदान कीं। वहीं, प्रशासन की ओर से पीड़ित परिवारों को भोजन आदि उपलब्ध कराने की व्यवस्था तीसरे दिन भी जारी रही।
नेशनल हाईवे बचाने के लिए अभियान जारी
नजीबाबाद। सूखरो नदी पर बने पुल से जुड़े हाईवे को बचाने के लिए नेशनल हाईवे लोनिवि की ओर से नजीबाबाद-कोटद्वार नेशनल हाईवे को बचाने के लिए रेत की बोरियां लगाने का अभियान जारी है। सूखरो नदी के उफान से उत्तराखंड और उत्तर प्रदेश को जोड़ने वाले प्रमुख हाईवे की एक ओर की साइड नदी से बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो चुकी है। हाईवे को बचाने में लगे 19 मजदूर रविवार की तड़के नदी के उफान में फंस गए थे। एसडीएम डॉ. पंकज कुमार वर्मा, सीओ अरुण कुमार सिंह, थाना प्रभारी देवेंद्र सिंह धामा ने स्वयं रेस्क्यू टीम के साथ नदी में उतरकर सूखरो नदी के बीच फंसे मजदूरों को रस्सियों के सहारे बाहर निकलवाया था।