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Bijnor News: चार चीनी मिलें लगाएंगी सीएनजी प्लांट
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बिजनौर। पेट्रोल, डीजल की बढ़ती कीमतों के बीच सीएनजी वाहनों की मांग बढ़ रही है। ऐसे में बिजनौर में संचालित तीन चीनी मिल सीबीजी (कंप्रेस्ड बायोगैस) प्लांट लगाएंगी। यहां सीएनजी का उत्पादन हो सकेगा।
जिले में गन्ने से चीनी बनाने के साथ अब उससे निकलने वाले प्रेसमड (मैली) को किसानों को दिया जाता है लेकिन अब इसका प्रयोग सीएनजी तैयार करने के लिए होगा। धामपुर, स्योहारा, बिलाई और चांगीपुर चीनी मिल ने सीबीजी (कंप्रेस्ड बायोगैस) प्लांट लगाने का प्रस्ताव दिया है। धामपुर चीनी मिल ने रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड के साथ एमओयू साइन किया है।
प्लांट शुरू होने के बाद गन्ने के अवशेष और अन्य जैविक सामग्री से सीएनजी तैयार की जाएगी। जबकि, बहादरपुर और बुंदकी चीनी मिल ने युवा बायो एनर्जी कंपनी को प्रेसमड उपलब्ध कराने के लिए एमओयू किया है। प्रेसमड चीनी मिलों में चीनी शोधन की प्रक्रिया के दौरान निकलने वाला जैविक अवशेष है। अब इसका इस्तेमाल बायोगैस और जैविक खाद बनाने में होगा। चीनी मिलों के इस कदम से ऊर्जा उत्पादन में बढ़ोतरी होगी।
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जिले में गन्ने से चीनी बनाने के साथ अब उससे निकलने वाले प्रेसमड (मैली) को किसानों को दिया जाता है लेकिन अब इसका प्रयोग सीएनजी तैयार करने के लिए होगा। धामपुर, स्योहारा, बिलाई और चांगीपुर चीनी मिल ने सीबीजी (कंप्रेस्ड बायोगैस) प्लांट लगाने का प्रस्ताव दिया है। धामपुर चीनी मिल ने रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड के साथ एमओयू साइन किया है।
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प्लांट शुरू होने के बाद गन्ने के अवशेष और अन्य जैविक सामग्री से सीएनजी तैयार की जाएगी। जबकि, बहादरपुर और बुंदकी चीनी मिल ने युवा बायो एनर्जी कंपनी को प्रेसमड उपलब्ध कराने के लिए एमओयू किया है। प्रेसमड चीनी मिलों में चीनी शोधन की प्रक्रिया के दौरान निकलने वाला जैविक अवशेष है। अब इसका इस्तेमाल बायोगैस और जैविक खाद बनाने में होगा। चीनी मिलों के इस कदम से ऊर्जा उत्पादन में बढ़ोतरी होगी।
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