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मोहित पेपर मिल के प्रबंधक की जमानत याचिका मंजूर
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मोहित पेपर मिल के प्रबंधक की जमानत याचिका मंजूर
बिजनौर। बिजली चोरी के मामले में जेल भेजे गए मोहित पेपर मिल के प्रबंधक की जमानत मंगलवार को मंजूर कर ली गई। स्पेशल जज मनु कालिया ने प्रबंधक को एक एक लाख रुपये के दो जमानती एवं इसी धनराशि का मुचलका दाखिल करने पर जेल से रिहा करने के आदेश दिए हैं।
वर्ष 2007 में विद्युत निगम की ओर से मोहित पेपर मिल के खिलाफ बिजली चोरी की एफआईआर दर्ज कराई थी। इस मामले में मिल के कर्मचारी आसिफ को गिरफ्तार किया गया था। उसकी न्यायालय से पहले ही जमानत हो गई थी। विद्युत निगम ने एक करोड़ आठ लाख रुपये का अर्थदंड लगाया था। मोहित पेपर मिल की ओर से अर्थदंड जमा कर दिया गया था। पुलिस ने इस मामले में फाइनल रिपोर्ट कोर्ट में दाखिल की थी। तत्कालीन स्पेशल जज ने फाइनल रिपोर्ट को निरस्त करते हुए मिल के प्रबंधक व स्वामी को तलब किया था। इस मामले में जारी वारंट पर मिल के प्रबंधक अरविंद दीक्षित को गिरफ्तार किया गया था। उन्हें सोमवार को जेल भेज दिया गया था। इस मामले में प्रबंधक की ओर से अधिवक्ता अनिल चौधरी द्वारा मोहित पेपर मिल द्वारा अर्थदंड जमा करने संबंधी कागजात न्यायालय में दाखिल किए गए। कहा गया कि प्रबंधक को गलत तौर से पुलिस ने गिरफ्तार किया है। उसके खिलाफ कोई मामला नहीं बनता। विभाग द्वारा अर्थदंड जमा किए जाने की पुष्टि होने के बाद बुधवार को इस मामले में प्रबंधक की जमानत कोर्ट द्वारा स्वीकार कर ली गई है।
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बिजनौर। बिजली चोरी के मामले में जेल भेजे गए मोहित पेपर मिल के प्रबंधक की जमानत मंगलवार को मंजूर कर ली गई। स्पेशल जज मनु कालिया ने प्रबंधक को एक एक लाख रुपये के दो जमानती एवं इसी धनराशि का मुचलका दाखिल करने पर जेल से रिहा करने के आदेश दिए हैं।
वर्ष 2007 में विद्युत निगम की ओर से मोहित पेपर मिल के खिलाफ बिजली चोरी की एफआईआर दर्ज कराई थी। इस मामले में मिल के कर्मचारी आसिफ को गिरफ्तार किया गया था। उसकी न्यायालय से पहले ही जमानत हो गई थी। विद्युत निगम ने एक करोड़ आठ लाख रुपये का अर्थदंड लगाया था। मोहित पेपर मिल की ओर से अर्थदंड जमा कर दिया गया था। पुलिस ने इस मामले में फाइनल रिपोर्ट कोर्ट में दाखिल की थी। तत्कालीन स्पेशल जज ने फाइनल रिपोर्ट को निरस्त करते हुए मिल के प्रबंधक व स्वामी को तलब किया था। इस मामले में जारी वारंट पर मिल के प्रबंधक अरविंद दीक्षित को गिरफ्तार किया गया था। उन्हें सोमवार को जेल भेज दिया गया था। इस मामले में प्रबंधक की ओर से अधिवक्ता अनिल चौधरी द्वारा मोहित पेपर मिल द्वारा अर्थदंड जमा करने संबंधी कागजात न्यायालय में दाखिल किए गए। कहा गया कि प्रबंधक को गलत तौर से पुलिस ने गिरफ्तार किया है। उसके खिलाफ कोई मामला नहीं बनता। विभाग द्वारा अर्थदंड जमा किए जाने की पुष्टि होने के बाद बुधवार को इस मामले में प्रबंधक की जमानत कोर्ट द्वारा स्वीकार कर ली गई है।
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