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कृषि योजनाओं के बारे में किसानों को करें जागरूक : डीएम
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कृषि योजनाओं के बारे में किसानों को करें जागरूक : डीएम
बिजनौर। डीएम उमेश मिश्रा ने जिला भूमि एवं जल संरक्षण समिति की बैठक में खेत, तालाब, मनरेगा, पंडित दीनदयाल उपाध्याय किसान समृद्धि योजना, नमामि गंगे योजना के अंतर्गत हुए कार्यों की समीक्षा की।
डीएम ने कहा खेत तालाब योजना के बारे में किसानों को बताया जाए क्योंकि बारिश से फसलों को होने वाले नुकसान से बचाने मेें यह योजना कारगर है। इसमें किसानों को सब्सिडी दी जाती है। कहा कि भूमि संरक्षण का मूल उद्देश्य भूमि का विस्तार करना तथा बंजर भूमि को उपजाऊ भूमि के रूप में पुनर्जीवित करना है। भूमि संरक्षण अधिकारी ने बताया कि जिले में पिछले साल 20 तालाब बनाए गए थे। इस साल भी तालाब बनवाए जा रहे हैं। नमामि गंगे परियोजना के अंतर्गत गंगा नदी के दस किलोमीटर परिधि में भूमि के उपचार हेतु 4678 हेक्टेयर भूमि का चयन किया गया है। इसके लिए 615 लाख की कार्ययोजना प्रस्तावित है। डीएम ने योजनाओं का क्रियांवयन पूरी पारदर्शिता से करने को कहा। इस दौरान सीडीओ केपी सिंह, उपकृषि निदेशक गिरीश चंद्र आदि मौजूद रहे।
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बिजनौर। डीएम उमेश मिश्रा ने जिला भूमि एवं जल संरक्षण समिति की बैठक में खेत, तालाब, मनरेगा, पंडित दीनदयाल उपाध्याय किसान समृद्धि योजना, नमामि गंगे योजना के अंतर्गत हुए कार्यों की समीक्षा की।
डीएम ने कहा खेत तालाब योजना के बारे में किसानों को बताया जाए क्योंकि बारिश से फसलों को होने वाले नुकसान से बचाने मेें यह योजना कारगर है। इसमें किसानों को सब्सिडी दी जाती है। कहा कि भूमि संरक्षण का मूल उद्देश्य भूमि का विस्तार करना तथा बंजर भूमि को उपजाऊ भूमि के रूप में पुनर्जीवित करना है। भूमि संरक्षण अधिकारी ने बताया कि जिले में पिछले साल 20 तालाब बनाए गए थे। इस साल भी तालाब बनवाए जा रहे हैं। नमामि गंगे परियोजना के अंतर्गत गंगा नदी के दस किलोमीटर परिधि में भूमि के उपचार हेतु 4678 हेक्टेयर भूमि का चयन किया गया है। इसके लिए 615 लाख की कार्ययोजना प्रस्तावित है। डीएम ने योजनाओं का क्रियांवयन पूरी पारदर्शिता से करने को कहा। इस दौरान सीडीओ केपी सिंह, उपकृषि निदेशक गिरीश चंद्र आदि मौजूद रहे।
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