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Bijnor News: अफजलगढ़ - बादशाहपुर की ओर बढ़ा गुलदार, महिला की पीछे दौड़ा
Thu, 04 May 2023 12:42 AM IST
मेरठ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बिजनौर
संवाद न्यूज एजेंसी, बिजनौर
Updated Thu, 04 May 2023 12:42 AM IST
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अफजलगढ़ गांव शाहपुरजमाल के जंगल में पिंजरा लगाते वन विभाग के कर्मचारी।
- अधिकतर ग्रामीण डर के कारण अपने बच्चों को स्कूल भेजने से कतरा रहे
फोटो समाचार
संवाद न्यूज एजेंसी
अफजलगढ़। क्षेत्र में गुलदार का आतंक बढ़ता ही जा रहा है। गुलदार ने अपना रुख गांव बादशाहपुर की ओर कर लिया है। गुलदार ने गांव में गन्ने की छिलाई करने गई एक महिला को दौड़ा लिया। महिला ने खेत से भागकर अपनी जान बचाई। गुलदार के भय से किसान खेतों पर जाने से घबरा रहे हैं। स्कूल आने जाने वाले बच्चों को भी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। अधिकतर ग्रामीण डर के कारण अपने बच्चों को स्कूल भेजने से कतरा रहे हैं। ग्रामीणों ने वन विभाग से शीघ्र गुलदार को पकड़ने की मांग की है।
बुधवार की सुबह गांव बादशाहपुर निवासी राखी पत्नी तेजपाल अपने खेत पर गन्ने की छिलाई करने गई थी। अचानक उसकी निगाह पास में ही चहलकदमी कर रहे गुलदार पर पड़ी। गुलदार देखकर महिला ने गांव की ओर दौड़ लगा दी। महिला की सूचना पर ग्रामीण एकत्र होकर लाठी-डंडे लेकर खेतों पर पहुंचे, तब तक गुलदार जंगल में जा चुका है।
गांव कासमपुरगढ़ी में वृद्ध, उदयपुर के बाद मुस्सेपुर में बालिका की मौत के बाद गुलदार ने महसनपुर मच्छमार, सिरियावाली के बाद अब शाहपुरजमाल में अपना डेरा जमा लिया है। गुलदार शिकार की तलाश में दिन-रात खेतों व मार्ग के अलावा गांव में भी दिख रहा है। वहीं, वन विभाग है कि गुलदार को पकड़ने में नाकामयाब है। पीलीभीत टाइगर रिजर्व डब्ल्यूडब्ल्यूएफ व कानपुर जू के विशेषज्ञों सहित वन विभाग की टीम भी क्षेत्र में डेरा जमाए हुए है।
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लगातार हो रहे गुलदार को पकड़ने के प्रयास : प्रदीप शर्मा
नगीना रेंजर प्रदीप शर्मा का कहना है कि गुलदार को पकड़ने के लिए पीलीभीत टाइगर रिजर्व व कानपुर जू के विशेषज्ञों के साथ गुलदार को पकड़ने के प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने क्षेत्र के लोगों से सतर्कता बरतने और खेतों पर समूह में जाने, हांका लगाकर काम करने का आह्वान किया है।
जागकर रात काट रहे ग्रामीण, दे रहे पहरा
गांव सादकपुर निवासी प्रवेश वत्सल का कहना है कि गांव में गुलदार का आतंक छाया है। बच्चे स्कूल भी नहीं जा पा रहे हैं। रात जागकर काटनी पड़ रही है। सुरक्षा के लिए ग्रामीण पहरा दे रहे हैं। गांव हर्रायवाला निवासी योगेश कुमार का कहना है कि बादीगढ़ चौराहे से गांव आते वक्त रास्ते में कहीं भी गुलदार दिखाई दे जाता है, जिससे उन्हें आने जाने में परेशानी हो रही है। गांव शाहपुरजमाल निवासी तिरमल सिंह का कहना है कि गुलदार शावकों के साथ खेतों व गांव में घूम रहा है। गांव मुस्तफाबादगढ़ी निवासी शिवराज सिंह का कहना है कि गांव में लगातार गुलदार आ रहा है। खेतों पर जाने में डर लग रहा है। समूह में खेतों पर जाकर काम करना पड़ रहा है। गांव दहलावाला निवासी राजेश रवि का कहना है कि गांव के आसपास गुलदार का आतंक है। गांव के तीन ओर नहर है। अक्सर नहर की पटरी पर गुलदार दिखाई दे जाता है।
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अफजलगढ़। क्षेत्र में गुलदार का आतंक बढ़ता ही जा रहा है। गुलदार ने अपना रुख गांव बादशाहपुर की ओर कर लिया है। गुलदार ने गांव में गन्ने की छिलाई करने गई एक महिला को दौड़ा लिया। महिला ने खेत से भागकर अपनी जान बचाई। गुलदार के भय से किसान खेतों पर जाने से घबरा रहे हैं। स्कूल आने जाने वाले बच्चों को भी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। अधिकतर ग्रामीण डर के कारण अपने बच्चों को स्कूल भेजने से कतरा रहे हैं। ग्रामीणों ने वन विभाग से शीघ्र गुलदार को पकड़ने की मांग की है।
बुधवार की सुबह गांव बादशाहपुर निवासी राखी पत्नी तेजपाल अपने खेत पर गन्ने की छिलाई करने गई थी। अचानक उसकी निगाह पास में ही चहलकदमी कर रहे गुलदार पर पड़ी। गुलदार देखकर महिला ने गांव की ओर दौड़ लगा दी। महिला की सूचना पर ग्रामीण एकत्र होकर लाठी-डंडे लेकर खेतों पर पहुंचे, तब तक गुलदार जंगल में जा चुका है।
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गांव कासमपुरगढ़ी में वृद्ध, उदयपुर के बाद मुस्सेपुर में बालिका की मौत के बाद गुलदार ने महसनपुर मच्छमार, सिरियावाली के बाद अब शाहपुरजमाल में अपना डेरा जमा लिया है। गुलदार शिकार की तलाश में दिन-रात खेतों व मार्ग के अलावा गांव में भी दिख रहा है। वहीं, वन विभाग है कि गुलदार को पकड़ने में नाकामयाब है। पीलीभीत टाइगर रिजर्व डब्ल्यूडब्ल्यूएफ व कानपुर जू के विशेषज्ञों सहित वन विभाग की टीम भी क्षेत्र में डेरा जमाए हुए है।
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लगातार हो रहे गुलदार को पकड़ने के प्रयास : प्रदीप शर्मा
नगीना रेंजर प्रदीप शर्मा का कहना है कि गुलदार को पकड़ने के लिए पीलीभीत टाइगर रिजर्व व कानपुर जू के विशेषज्ञों के साथ गुलदार को पकड़ने के प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने क्षेत्र के लोगों से सतर्कता बरतने और खेतों पर समूह में जाने, हांका लगाकर काम करने का आह्वान किया है।
जागकर रात काट रहे ग्रामीण, दे रहे पहरा
गांव सादकपुर निवासी प्रवेश वत्सल का कहना है कि गांव में गुलदार का आतंक छाया है। बच्चे स्कूल भी नहीं जा पा रहे हैं। रात जागकर काटनी पड़ रही है। सुरक्षा के लिए ग्रामीण पहरा दे रहे हैं। गांव हर्रायवाला निवासी योगेश कुमार का कहना है कि बादीगढ़ चौराहे से गांव आते वक्त रास्ते में कहीं भी गुलदार दिखाई दे जाता है, जिससे उन्हें आने जाने में परेशानी हो रही है। गांव शाहपुरजमाल निवासी तिरमल सिंह का कहना है कि गुलदार शावकों के साथ खेतों व गांव में घूम रहा है। गांव मुस्तफाबादगढ़ी निवासी शिवराज सिंह का कहना है कि गांव में लगातार गुलदार आ रहा है। खेतों पर जाने में डर लग रहा है। समूह में खेतों पर जाकर काम करना पड़ रहा है। गांव दहलावाला निवासी राजेश रवि का कहना है कि गांव के आसपास गुलदार का आतंक है। गांव के तीन ओर नहर है। अक्सर नहर की पटरी पर गुलदार दिखाई दे जाता है।