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मैसेज प्रकिया को बंद कर किसानों ने गन्ना समिति से छपी परचियां मांगी, सात को आंदोलन को ऐलान

Fri, 06 Nov 2020 12:12 AM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Fri, 06 Nov 2020 12:12 AM IST
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Demand to provide printed slips
छपी पर्चियां उपलब्ध कराने की मांग
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धामपुर । भाकियू (भानु गुट) के कार्यकर्ताओं ने गन्ना विभाग के अधिकारियों के खिलाफ सात नवंबर को आंदोलन का ऐलान किया है। उनका कहना है कि गन्ना विभाग से कई बार गन्ना समिति से छपी पर्चियों को उपलब्ध कराने की मांग की जा चुकी है। किसानों को निर्धारित तिथि से कई दिन बाद मेसेज मिल रहे हैं, जिससे उनकी पर्चियां खराब हो रही हैं।
भानु गुट के ब्लॉक अध्यक्ष हरिराज सिंह, घनश्याम सिंह, त्रिलोकचंद, महावीर सिंह, बुधवा, भूरे, कल्याण का कहना है कि किसानों को मोबाइलों पर गन्ना पर्चियाें के मेसेज नहीं मिल रहे हैं। यदि मिल भी रहे है तो कई दिन बाद प्राप्त हो रहे है। उन्होंने मेसेज प्रकिया को बंद कर छपी पर्चियां गांवों में किसानों को उपलब्ध कराने की मांग की।
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किसानों का कहना था कि समय से पैड़ी गन्ने की समय से आपूर्ति होने पर वे खाली खेतों में गेहूं की बुआई करना चाहते थे लेकिन अधिकारी समस्या का निदान कराने में रुचि नहीं ले रहे हैं। गन्ना विभाग के कर्मचारी भी उनकी शिकायतों को रिसीव नहीं कर रहे। ऐसे में किसान अपने गन्ने की तौल कैसे कराएं।
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उधर चीनी मिल के अधिकारियों का कहना है कि उनका काम गन्ने की पेराई करना है। किसानों को पर्ची उपलब्ध कराने का काम गन्ना समिति का है। किसानों ने सात नवंबर को गन्ना समिति में होने वाले आंदोलन को सफल बनाने को अधिक से अधिक संख्या में पहुंचने की अपील की है। एससीडीआई अमित कुमार का कहना है कि उनके द्वारा सचिव को अवगत करा दिया है। दोनों आपस में मीटिंग कर समस्या का निदान कराने का प्रयास करेंगे।
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