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फरार इनामी बदमाश पुलिस ने मुठभेड़ में दबोचा 16-49-27
Updated Sat, 16 Sep 2017 12:27 AM IST
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मंडावर। पुलिस व स्वाट टीम ने मुठभेड़ के दौरान 17 साल से फरार चल रहे 12 हजार के इनामी बदमाश जीत सिंह उर्फ जीत्ता को दबोच लिया है। मुठभेड़ में पैर में गोली लगने से बदमाश व एक सिपाही घायल हो गए। जीत्ता को जिला अस्पताल से मेरठ रेफर किया गया है, जबकि घायल सिपाही को एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया।
एसओ जसवीर सिंह बृहस्पतिवार रात करीब साढ़े दस बजे थाना पुलिस व स्वाट टीम के साथ नंगला माहेश्वरी गांव के पास चेकिंग कर रहे थे। इस दौरान किरतपुर की ओर से एक बाइक पर तीन लोग आए। पुलिस द्वारा रुकने का इशारा करने पर बाइक पर पीछे बैठे व्यक्ति ने पुलिस टीम पर फायर झोंक दिया। गोली सिपाही यशपाल सिंह के पैर में लगी। इस दौरान बाइक सवार ने बाइक वापस किरतपुर की ओर घूमा ली। पुलिस की जवाबी फायरिंग में बाइक पर पीछे बैठा बदमाश गोली लगने से घायल होकर बाइक से गिर गया। दो बदमाश बाइक लेकर फरार हो गए। घायल बदमाश ने भागकर खेत में घुसने की कोशिश की, लेकिन पुलिस ने उसे दबोच लिया। बदमाश के बाएं पैर में घुटने के नीचे गोली लगी है। उसकी शिनाख्त जीत सिंह उर्फ जीत्ता निवासी सुरेंद्र नगर थाना भोपा जिला मुजफ्फरनगर के रूप में हुई है। पुलिस को जीत्ता के पास से 315 बोर का तमंचा, दो कारतूस व एक खोखा बरामद हुआ है। 23 अगस्त को भी पुलिस ने जीत्ता को बालावाली क्षेत्र में घेर लिया था, लेकिन तब जीत्ता एसओ जसवीर सिंह को गोली मारकर फरार हो गया था। एसओ के हाथ पर गोली लगी थी। पुलिस ने उस समय नहटौर थाने के गांव सदरूद्दीन नगर निवासी 15 हजार के इनामी बदमाश आफताब को दबोच लिया था। एसपी अतुल शर्मा व अन्य पुलिस अधिकारी जिला अस्पताल पहुंचे और घटना के बारे में छानबीन की। जीत्ता को मेरठ रेफर किया गया है। सिपाही यशपाल सिंह को एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
पेशी के लिए ले जाते समय हुआ था फरार
पुलिस के मुताबिक जीत्ता सन 2000 में मुजफ्फरनगर से ट्रेन से पेशी पर ले जाने के दौरान पुलिसकर्मियों को चकमा देकर फरार हो गया था। उसके खिलाफ हरियाणा व यूपी के कई जिलों में हत्या व लूट के एक दर्जन से अधिक मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस के मुताबिक उसके फरार साथियों के नाम मंडावर क्षेत्र निवासी अशोक व हरिद्वार के थाना मंगलौर क्षेत्र निवासी रमजानी बताए जा रहे हैं। इस मामले में एसओ ने रिपोर्ट दर्ज कराई है। मुठभेड़ में स्वॉट टीम के प्रभारी राजीव कुमार, एसआई संदीप, एसआई जयभगवान, कांस्टेबिल अरविंद, शमशाद, मनमोहन सिंह व मंडावर थाने के एसआई सुभाष धनकड़, कांस्टेबल सुरेंद्र चहल, मोहित भी शामिल रहे।
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एसओ जसवीर सिंह बृहस्पतिवार रात करीब साढ़े दस बजे थाना पुलिस व स्वाट टीम के साथ नंगला माहेश्वरी गांव के पास चेकिंग कर रहे थे। इस दौरान किरतपुर की ओर से एक बाइक पर तीन लोग आए। पुलिस द्वारा रुकने का इशारा करने पर बाइक पर पीछे बैठे व्यक्ति ने पुलिस टीम पर फायर झोंक दिया। गोली सिपाही यशपाल सिंह के पैर में लगी। इस दौरान बाइक सवार ने बाइक वापस किरतपुर की ओर घूमा ली। पुलिस की जवाबी फायरिंग में बाइक पर पीछे बैठा बदमाश गोली लगने से घायल होकर बाइक से गिर गया। दो बदमाश बाइक लेकर फरार हो गए। घायल बदमाश ने भागकर खेत में घुसने की कोशिश की, लेकिन पुलिस ने उसे दबोच लिया। बदमाश के बाएं पैर में घुटने के नीचे गोली लगी है। उसकी शिनाख्त जीत सिंह उर्फ जीत्ता निवासी सुरेंद्र नगर थाना भोपा जिला मुजफ्फरनगर के रूप में हुई है। पुलिस को जीत्ता के पास से 315 बोर का तमंचा, दो कारतूस व एक खोखा बरामद हुआ है। 23 अगस्त को भी पुलिस ने जीत्ता को बालावाली क्षेत्र में घेर लिया था, लेकिन तब जीत्ता एसओ जसवीर सिंह को गोली मारकर फरार हो गया था। एसओ के हाथ पर गोली लगी थी। पुलिस ने उस समय नहटौर थाने के गांव सदरूद्दीन नगर निवासी 15 हजार के इनामी बदमाश आफताब को दबोच लिया था। एसपी अतुल शर्मा व अन्य पुलिस अधिकारी जिला अस्पताल पहुंचे और घटना के बारे में छानबीन की। जीत्ता को मेरठ रेफर किया गया है। सिपाही यशपाल सिंह को एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
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पेशी के लिए ले जाते समय हुआ था फरार
पुलिस के मुताबिक जीत्ता सन 2000 में मुजफ्फरनगर से ट्रेन से पेशी पर ले जाने के दौरान पुलिसकर्मियों को चकमा देकर फरार हो गया था। उसके खिलाफ हरियाणा व यूपी के कई जिलों में हत्या व लूट के एक दर्जन से अधिक मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस के मुताबिक उसके फरार साथियों के नाम मंडावर क्षेत्र निवासी अशोक व हरिद्वार के थाना मंगलौर क्षेत्र निवासी रमजानी बताए जा रहे हैं। इस मामले में एसओ ने रिपोर्ट दर्ज कराई है। मुठभेड़ में स्वॉट टीम के प्रभारी राजीव कुमार, एसआई संदीप, एसआई जयभगवान, कांस्टेबिल अरविंद, शमशाद, मनमोहन सिंह व मंडावर थाने के एसआई सुभाष धनकड़, कांस्टेबल सुरेंद्र चहल, मोहित भी शामिल रहे।
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