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वसंत पंचमी पर बन रहा बुधादित्य योग
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पंडित ललित शर्मा।
- फोटो : BIJNOR
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वसंत पंचमी पर बन रहा बुधादित्य योग
बिजनौर। माघ मास में शुक्ल पक्ष की पंचमी को वसंत पंचमी का उत्सव धूमधाम से मनाया जाता है। इस साल वसंत पंचमी आज मनाई जानी है। इस दिन ज्ञान, बुद्धि, संगीत और शिक्षा की प्राप्ति के लिए मां सरस्वती की पूजा की जाती है।
ज्योतिषविद् पंडित ललित शर्मा ने बताया कि इस साल वसंत पंचमी का पर्व सिद्ध योग में मनाया जाएगा। जिससे मकर राशि में सूर्य और बुध के एक साथ होने से बुधादित्य योग और सात ग्रहों के चार राशियों में संचार करने से केदार योग बन रहा है। बुध ग्रह वाणी और बुद्धि के कारक ग्रह हैं। इसलिए बुधादित्य योग में ज्ञान और बुद्धि की देवी मां सरस्वती की पूजा करना शुभ होता है। विद्यार्थियों, साधकों, अभिनय, कला और संगीत आदि से जुड़े व्यक्तियों के लिए यह योग उत्तम रहेगा। इस दिन माता सरस्वती का पीले पुष्प, पहले रंग के मिष्ठान, पीले वस्त्र और पीले फलों से पूजन करना चाहिए। वसंत पंचमी के दिन ही होलिका दहन स्थान का पूजन किया जाता है।
यह है शुभ मुहूर्त
वसंत पंचमी के दिन अबूझ मुहूर्त होता है। वसंत पंचमी पांच फरवरी को सुबह 3: 47 बजे से शुरू होकर 6 फरवरी की सुबह 3: 46 बजे तक रहेगी। पूजन शुभ मुहूर्त सुबह सात बजे से दोपहर 12 बजकर 57 मिनट तक है। राहुकाल सुबह नौ बजे से साढ़े दस बजे तक रहेगा। राहुकाल में कोई भी काम करने से शुभ फल नहीं मिलता है।
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बिजनौर। माघ मास में शुक्ल पक्ष की पंचमी को वसंत पंचमी का उत्सव धूमधाम से मनाया जाता है। इस साल वसंत पंचमी आज मनाई जानी है। इस दिन ज्ञान, बुद्धि, संगीत और शिक्षा की प्राप्ति के लिए मां सरस्वती की पूजा की जाती है।
ज्योतिषविद् पंडित ललित शर्मा ने बताया कि इस साल वसंत पंचमी का पर्व सिद्ध योग में मनाया जाएगा। जिससे मकर राशि में सूर्य और बुध के एक साथ होने से बुधादित्य योग और सात ग्रहों के चार राशियों में संचार करने से केदार योग बन रहा है। बुध ग्रह वाणी और बुद्धि के कारक ग्रह हैं। इसलिए बुधादित्य योग में ज्ञान और बुद्धि की देवी मां सरस्वती की पूजा करना शुभ होता है। विद्यार्थियों, साधकों, अभिनय, कला और संगीत आदि से जुड़े व्यक्तियों के लिए यह योग उत्तम रहेगा। इस दिन माता सरस्वती का पीले पुष्प, पहले रंग के मिष्ठान, पीले वस्त्र और पीले फलों से पूजन करना चाहिए। वसंत पंचमी के दिन ही होलिका दहन स्थान का पूजन किया जाता है।
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यह है शुभ मुहूर्त
वसंत पंचमी के दिन अबूझ मुहूर्त होता है। वसंत पंचमी पांच फरवरी को सुबह 3: 47 बजे से शुरू होकर 6 फरवरी की सुबह 3: 46 बजे तक रहेगी। पूजन शुभ मुहूर्त सुबह सात बजे से दोपहर 12 बजकर 57 मिनट तक है। राहुकाल सुबह नौ बजे से साढ़े दस बजे तक रहेगा। राहुकाल में कोई भी काम करने से शुभ फल नहीं मिलता है।
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