{"_id":"600479968ebc3e2f7566b1fa","slug":"assessment-centers-of-the-university-should-be-made-in-districts-bijnor-news-mrt521020679","type":"story","status":"publish","title_hn":"जनपदों में बनाए जाएं विवि के मूल्यांकन केंद्र","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जनपदों में बनाए जाएं विवि के मूल्यांकन केंद्र
विज्ञापन
जनपदों में बनाए जाएं विवि के मूल्यांकन केंद्र
बिजनौर। एमजेपी रूहेलखंड विश्वविद्यालय टीचर्स एसोसिएशन अर्थात रूटा ने डिग्री कॉलेज के शिक्षकों की सेवानिवृत्ति की आयु 65 वर्ष करने की मांग की है। साथ ही बैठक में विश्वविद्यालय की परीक्षाओं की उत्तर पुस्तिकाओं के मूल्यांकन केंद्र बरेली के अतिरिक्त दूसरे जनपद में भी बनाने की मांग उठाई गई।
रूटा की बैठक अध्यक्ष डॉ. मुकेश कुमार की अध्यक्षता और डॉ. एस के जोशी के संचालन में वर्धमान कॉलेज में हुई। बैठक में बरेली, शाहजहांपुर, बदायूं, मुरादाबाद आदि जनपदों के प्रतिनिधियों समेत नजीबाबाद, चांदपुर के शिक्षक नेता मौजूद रहे। रूटा के महामंत्री स्वदेश कुमार ने डिग्री कॉलेज के शिक्षकों की समस्याओं पर बिंदुवार प्रकाश डाला। बैठक में मांग की गई कि डिग्री कॉलेजों की सेवानिवृत्ति की आयु 62 वर्ष की जगह 65 वर्ष की जाए। विश्वविद्यालय के परीक्षा, वितरण, प्रशासनिक, खेलकूद, आदि कार्यों में डिग्री कॉलेजों के शिक्षकों को भी पर्याप्त प्रतिनिधित्व दिया जाए। शिक्षकों का कहना था कि डिग्री कॉलेज के शिक्षकों को भी विश्वविद्यालय की तरह प्रोफेसर पदनाम दिया जाए।
कहा गया कि नई शिक्षा नीति में शोध कार्यों पर जोर दिया गया है। मांग की गई है कि पीएचडी के एंट्रेंस के उपरांत होने वाला कोर्स वर्क महाविद्यालय में भी कराया जाए। बैठक में शिक्षा क्षेत्र के मसीहा एवं पूर्व एमएलसी ओमप्रकाश शर्मा के व्यक्तित्व एवं कृतित्व पर प्रकाश डाला गया तथा शिक्षक नेता की आत्मा की शांति के लिए दो मिनट का मौन रखकर भाव पूर्ण श्रद्धांजलि दी गई। बैठक में डॉ. वैशाली पूनिया, डॉ. राजीव जौहरी, डॉ. शशिप्रभा, डॉ. एकेएस राणा, डॉ. प्रीति खन्ना, डॉ. संजय त्यागी, डॉ. विशाल शर्मा मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
बिजनौर। एमजेपी रूहेलखंड विश्वविद्यालय टीचर्स एसोसिएशन अर्थात रूटा ने डिग्री कॉलेज के शिक्षकों की सेवानिवृत्ति की आयु 65 वर्ष करने की मांग की है। साथ ही बैठक में विश्वविद्यालय की परीक्षाओं की उत्तर पुस्तिकाओं के मूल्यांकन केंद्र बरेली के अतिरिक्त दूसरे जनपद में भी बनाने की मांग उठाई गई।
रूटा की बैठक अध्यक्ष डॉ. मुकेश कुमार की अध्यक्षता और डॉ. एस के जोशी के संचालन में वर्धमान कॉलेज में हुई। बैठक में बरेली, शाहजहांपुर, बदायूं, मुरादाबाद आदि जनपदों के प्रतिनिधियों समेत नजीबाबाद, चांदपुर के शिक्षक नेता मौजूद रहे। रूटा के महामंत्री स्वदेश कुमार ने डिग्री कॉलेज के शिक्षकों की समस्याओं पर बिंदुवार प्रकाश डाला। बैठक में मांग की गई कि डिग्री कॉलेजों की सेवानिवृत्ति की आयु 62 वर्ष की जगह 65 वर्ष की जाए। विश्वविद्यालय के परीक्षा, वितरण, प्रशासनिक, खेलकूद, आदि कार्यों में डिग्री कॉलेजों के शिक्षकों को भी पर्याप्त प्रतिनिधित्व दिया जाए। शिक्षकों का कहना था कि डिग्री कॉलेज के शिक्षकों को भी विश्वविद्यालय की तरह प्रोफेसर पदनाम दिया जाए।
विज्ञापन
कहा गया कि नई शिक्षा नीति में शोध कार्यों पर जोर दिया गया है। मांग की गई है कि पीएचडी के एंट्रेंस के उपरांत होने वाला कोर्स वर्क महाविद्यालय में भी कराया जाए। बैठक में शिक्षा क्षेत्र के मसीहा एवं पूर्व एमएलसी ओमप्रकाश शर्मा के व्यक्तित्व एवं कृतित्व पर प्रकाश डाला गया तथा शिक्षक नेता की आत्मा की शांति के लिए दो मिनट का मौन रखकर भाव पूर्ण श्रद्धांजलि दी गई। बैठक में डॉ. वैशाली पूनिया, डॉ. राजीव जौहरी, डॉ. शशिप्रभा, डॉ. एकेएस राणा, डॉ. प्रीति खन्ना, डॉ. संजय त्यागी, डॉ. विशाल शर्मा मौजूद रहे।
विज्ञापन