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UP : बिजनौर में बाघ की मौत, रेस्क्यू सेंटर में चल रहा था उपचार, शव का ऐसे किया गया अंतिम संस्कार

Wed, 22 May 2024 07:30 PM IST
कपिल kapil संवाद न्यूज एजेंसी, बिजनौर
संवाद न्यूज एजेंसी, बिजनौर Published by: कपिल kapil Updated Wed, 22 May 2024 07:30 PM IST
सार

UP News : बिजनौर में एक बाघ की उपचार के दौरान मौत हो गई। रेस्क्यू सेंटर में उसका उपचार चल रहा था। वहीं, दिशा-निर्देशों के अनुसार बाघ के शव का अंतिम संस्कार किया गया।

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A tiger has death during treatment in Bijnor and cremation
बिजनौर में बाघ की मौत। - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

बिजनौर में कार्बेट टाइगर रिजर्व के कालागढ़ उपखंड के ढेला स्थित रेस्क्यू सेंटर में उपचार के दौरान अत्यधिक रक्तस्राव से बाघ की मृत्यु हो गई। कुछ दिन पूर्व आपसी संघर्ष में यह बाघ घायल हो गया था। राष्ट्रीय व्याघ्र प्राधिकरण के दिशा-निर्देशों के अनुसार बाघ के शव का अंतिम संस्कार जलाकर किया गया।

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कार्बेट टाइगर रिजर्व के ढेला के जंगलों में आपसी संघर्ष में एक बाघ घायल हो गया था। इसका उपचार रेस्क्यू सेंटर में किया जा रहा था। बाघ ने दो दिन पहले दम तोड़ दिया। उपनिदेशक दिगन्थ नायक के अनुसार अत्यधिक रक्त स्राव के कारण शरीर के अंगों ने काम करना बंद कर दिया था। बाघ की आयु छह से सात वर्ष थी।

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बाघ के शव का विच्छेदन कार्बेट टाइगर रिजर्व के पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ. दुष्यंत शर्मा, पंतनगर विश्वविद्यालय के सर्जरी रेडियोलॉजी विभाग के डॉ. मंजू कांडपाल, इज्जत नगर बरेली के भारतीय वन्यजीव अनुसंधान संस्थान के डॉ. एम कारीकलन, नैनीताल चिड़ियाघर के डॉ. हिमांशु पांगती, हल्द्वानी राहुल सती व डॉ. आयुष उनियाल के पैनल ने किया।

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विच्छेदन के बाद डीएनए जांच के लिए विसरा फॉरेंसिक लैब को भेजा गया है। राष्ट्रीय व्याघ्र प्राधिकरण के दिशा निर्देशों के अनुसार बाघ के शव का अंतिम संस्कार जलाकर किया गया। इस दौरान उप निदेशक दिगन्थ नायक, कालागढ़ की उप प्रभागीय वन अधिकारी डॉ. शालिनी जोशी, वन क्षेत्र अधिकारी भानु प्रकाश हर्बोला व एनजीओ के सदस्य आदि मौजूद रहे।

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