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अब अपने किए पर पछता रहा है जाफर
Bijnor
Updated Thu, 29 May 2014 05:32 AM IST
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स्योहारा। फिरौती के लिए चचेरे भाई का अपहरण करने वाले जाफर को अब अपने किए पर पछतावा हो रहा है। बुधवार को पुलिस पूछताछ में जाफर ने दोस्तों के बहकावे में आकर चचेरे भाई का अपहरण करने की बात स्वीकारी।
गांव मंसुरी सराय के इकरामुद्दीन अंसारी का 12 वर्षीय पुत्र साहिल 14 जून को घर के बाहर से खेलते समय अपहरण हो गया था। इकरामुद्दीन ने गाजियाबाद में अपहरणकर्ताओं को पांच लाख रुपये देकर साहिल को छुड़ाया था। पुलिस ने रुपये गिनते अपहरणकर्ताओं को घेरने का प्रयास किया, लेकिन वे भाग गए। साहिल ने अपहरणकर्ताओं में अपने तहेरे भाई जाफर का नाम लिया । पुलिस ने अपहरण के मास्टर माइंड जाफर को गैस एजेंसी के पास बुधवार सुबह गिरफ्तार कर फिरौती की रकम में से मिले 20 हजार रुपये भी बरामद किए। जाफर ने बताया वह और उसके चाचा इकरामुद्दीन अहमदाबाद में कपड़े का काम करते थे। अहमदाबाद में ही उसकी दोस्ती बिहार के नौशाद, शमशुल और मुस्तकीम से हुई। मालदार बनने के चक्कर में ही उसने दोस्तों के साथ मिलकर साहिल का अपहरण कर फिरौती वसूलने की योजना बनाई। वह साहिल को बहला फुसलाकर को कांठ ले गया। वहां साहिल को नौशाद और शमशुल को सौंप वापस आ गया। जाफर के अनुसार अब वह अपने किए पर पछता रहा है। उसकी समझ में आ गया है कि बुरे काम का नतीजा भी बुरा होता है।
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गांव मंसुरी सराय के इकरामुद्दीन अंसारी का 12 वर्षीय पुत्र साहिल 14 जून को घर के बाहर से खेलते समय अपहरण हो गया था। इकरामुद्दीन ने गाजियाबाद में अपहरणकर्ताओं को पांच लाख रुपये देकर साहिल को छुड़ाया था। पुलिस ने रुपये गिनते अपहरणकर्ताओं को घेरने का प्रयास किया, लेकिन वे भाग गए। साहिल ने अपहरणकर्ताओं में अपने तहेरे भाई जाफर का नाम लिया । पुलिस ने अपहरण के मास्टर माइंड जाफर को गैस एजेंसी के पास बुधवार सुबह गिरफ्तार कर फिरौती की रकम में से मिले 20 हजार रुपये भी बरामद किए। जाफर ने बताया वह और उसके चाचा इकरामुद्दीन अहमदाबाद में कपड़े का काम करते थे। अहमदाबाद में ही उसकी दोस्ती बिहार के नौशाद, शमशुल और मुस्तकीम से हुई। मालदार बनने के चक्कर में ही उसने दोस्तों के साथ मिलकर साहिल का अपहरण कर फिरौती वसूलने की योजना बनाई। वह साहिल को बहला फुसलाकर को कांठ ले गया। वहां साहिल को नौशाद और शमशुल को सौंप वापस आ गया। जाफर के अनुसार अब वह अपने किए पर पछता रहा है। उसकी समझ में आ गया है कि बुरे काम का नतीजा भी बुरा होता है।
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