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किसानों को जैविक खेती के लिए किया प्रेरित
Updated Thu, 03 May 2018 12:05 AM IST
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किसानों को जैविक खेती के लिए किया प्रेरित
बिजनौर। विकास भवन में आयोजित कार्यशाला में किसान जागरूकता कार्यशाला में जैविक खेती के लिए जागरूक किया गया। किसानों को बताया गया कि जैविक खेती और फसल चक्र को अपनाकर आय दोगुनी की जा सकती है।
सीडीओ डॉ. इंद्रमणि त्रिपाठी ने कहा कि किसान खेतों में अंधाधुंध पेस्टीसाइट का प्रयोग न करें। पेस्टीसाइट मिट्टी और मानव स्वास्थ्य दोनों के लिए हानिकारक हैं। किसान जैविक उर्वरकों को अपनाकर खेती करेंगे। जैविक खेती से जमीन की उर्वरक क्षमता भी कभी कम नहीं होगी। कृषि उपनिदेशक जेपी चौधरी ने कहा कि किसानों को कृषि व गन्ना विभाग द्वारा जैविक उर्वरक दिए जा रहे हैं। उन्होंने सिंचाई के लिए ड्रिप विधि, स्प्रिंकलर विधि अपनाकर कम पानी से अधिक उत्पादन के बारे में बताया।
किसानों को पॉली हाउस, फसल चक्र, फूलों की खेती आदि के बारे में भी बताया गया। मुख्य पशुधन चिकित्साधिकारी डॉ.भूपेंद्र सिंह ने पशुओं की नस्ल सुधार के बारे में बताया। उन्होंने कहा कि किसान देशी नस्ल की गाय पालने पर भी ध्यान दें। कार्यक्रम का संचालन आत्मा योजना उपनिदेशक योगेंद्रपाल सिंह योगी ने किया। कार्यशाला में अनेक किसान व विभागों के कर्मचारी मौजूद रहे।
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बिजनौर। विकास भवन में आयोजित कार्यशाला में किसान जागरूकता कार्यशाला में जैविक खेती के लिए जागरूक किया गया। किसानों को बताया गया कि जैविक खेती और फसल चक्र को अपनाकर आय दोगुनी की जा सकती है।
सीडीओ डॉ. इंद्रमणि त्रिपाठी ने कहा कि किसान खेतों में अंधाधुंध पेस्टीसाइट का प्रयोग न करें। पेस्टीसाइट मिट्टी और मानव स्वास्थ्य दोनों के लिए हानिकारक हैं। किसान जैविक उर्वरकों को अपनाकर खेती करेंगे। जैविक खेती से जमीन की उर्वरक क्षमता भी कभी कम नहीं होगी। कृषि उपनिदेशक जेपी चौधरी ने कहा कि किसानों को कृषि व गन्ना विभाग द्वारा जैविक उर्वरक दिए जा रहे हैं। उन्होंने सिंचाई के लिए ड्रिप विधि, स्प्रिंकलर विधि अपनाकर कम पानी से अधिक उत्पादन के बारे में बताया।
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किसानों को पॉली हाउस, फसल चक्र, फूलों की खेती आदि के बारे में भी बताया गया। मुख्य पशुधन चिकित्साधिकारी डॉ.भूपेंद्र सिंह ने पशुओं की नस्ल सुधार के बारे में बताया। उन्होंने कहा कि किसान देशी नस्ल की गाय पालने पर भी ध्यान दें। कार्यक्रम का संचालन आत्मा योजना उपनिदेशक योगेंद्रपाल सिंह योगी ने किया। कार्यशाला में अनेक किसान व विभागों के कर्मचारी मौजूद रहे।
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