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पांच अप्रैल को विकास विभाग व ब्लाक दफ्तरों में नही होगा कोई काम
Updated Wed, 04 Apr 2018 11:57 PM IST
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बिजनौर। एडीएम आजमगढ़ की बर्खास्तगी की मांग को लेकर विकास विभाग एवं ब्लॉक के सभी दफ्तरों में पांच अप्रैल को कोई काम नहीं होगा। दो दिन में कोई निर्णय नहीं होने पर विकास विभाग के अधिकारी और कर्मचारी सात अप्रैल से बेमियादी हड़ताल पर चले जाएंगे।
ग्राम्य विकास महापरिषद के वरिष्ठ जिला उपाध्यक्ष अभिषेक रोर के अनुसार एडीएम आजमगढ़ द्वारा मोहम्म्दपुर के बीडीओ को अपने कक्ष में बुलाकर मारपीट करने के विरोध में प्रदेश के विकास विभाग, डीआरडीए, एनआरएलएम, मनरेगा के अधिकारी और कर्मचारी दो अप्रैल सें काली पट्टी बांधकर विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। प्रांतीय नेतृत्व के अनुसार शासन की नींद अभी नही टूटी है। इसलिए महापरिषद ने आंदोलन को आगे बढ़ाने का निर्णय लिया है। पांच अप्रैल को विकास विभाग, मनरेगा, एनआरएलएम, डीआरडीए और जिले के 11 ब्लॉक के दफ्तरों में कोई काम नही होगा। अधिकारी और कर्मचारी दफ्तर आएंगे परंतु कोई विभागीय काम नहीं करेंगे। अभिषेक रोर के अनुसार आरोपी एडीएम को विधिक कार्रवाई करके तुरंत बर्खास्त किया जाए। छह अप्रैल तक शासन की नींद नही टूटने पर सात से बेमियादी हड़ताल शुरू हो जाएगी। बुधवार को महापरिषद के पदाधिकारियों की बैठक में आंदोलन को सफल बनाने की रणनीति बनाई।
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ग्राम्य विकास महापरिषद के वरिष्ठ जिला उपाध्यक्ष अभिषेक रोर के अनुसार एडीएम आजमगढ़ द्वारा मोहम्म्दपुर के बीडीओ को अपने कक्ष में बुलाकर मारपीट करने के विरोध में प्रदेश के विकास विभाग, डीआरडीए, एनआरएलएम, मनरेगा के अधिकारी और कर्मचारी दो अप्रैल सें काली पट्टी बांधकर विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। प्रांतीय नेतृत्व के अनुसार शासन की नींद अभी नही टूटी है। इसलिए महापरिषद ने आंदोलन को आगे बढ़ाने का निर्णय लिया है। पांच अप्रैल को विकास विभाग, मनरेगा, एनआरएलएम, डीआरडीए और जिले के 11 ब्लॉक के दफ्तरों में कोई काम नही होगा। अधिकारी और कर्मचारी दफ्तर आएंगे परंतु कोई विभागीय काम नहीं करेंगे। अभिषेक रोर के अनुसार आरोपी एडीएम को विधिक कार्रवाई करके तुरंत बर्खास्त किया जाए। छह अप्रैल तक शासन की नींद नही टूटने पर सात से बेमियादी हड़ताल शुरू हो जाएगी। बुधवार को महापरिषद के पदाधिकारियों की बैठक में आंदोलन को सफल बनाने की रणनीति बनाई।
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