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किसान की करंट लगने से मौत
Updated Wed, 20 Sep 2017 01:04 AM IST
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किसान की करंट लगने से मौत
बिजनौर। गांव गढ़ी बगीची निवासी धूम सिंह मंगलवार सुबह खेत पर फसलों को पानी देने के लिए गए थे। गांव वालों के अनुसार ट्यूबवेल के पास करंट आ रहा था। धूम सिंह करंट की चपेट में आ गया और उसकी मौके पर ही मौत हो गई। आसपास काम कर रहे किसानों ने इसकी सूचना परिजनों को दी। पुलिस ने धूम सिंह का शव कब्जे में लेकर पोस्ट मार्टम कराया। गांव वालों का कहना है कि विद्युत निगम की लापरवाही से धूम सिंह की मौत हुई है। धूम सिंह के परिजनों ने निगम के अधिकारियों के खिलाफ पुलिस में तहरीर दी है।
उपभोक्ता के एक लाख रुपये उड़ाए
बिजनौर। शहर कोतवाली के गांव जमालपुर पठानी निवासी सुशील कुमार के मुताबिक 11 सितंबर को वे सुबह पौने ग्यारह बजे बिजनौर स्थित अरबन कोऑपरेटिव बैंक शाखा से एक लाख 90 हजार रुपये निकाले थे। बैंक में वह रुपये गिनने लगा। इस दौरान दो युवक आए और उसके हाथ से एक लाख रुपये उड़ाकर रफूचक्कर हो गए। युवकों की काफी तलाश ली गई, पर उनका पता नहीं चला। बैंक के सीसी कैमरे देखने पर दोनों युवकों के चेहरे सामने आ गए। सुशील के अनुसार दोनों युवक उसके पास आकर झुके और इस दौरान ही उसके रुपये निकाले गए। शहर कोतवाल फतेह सिंह के मुताबिक मामले की जांच की जा रही है।
एफडी करने के नाम पर रुपये हड़पे
बिजनौर। गांव तरीकमपुर रूपचंद निवासी नौबतराम ने कोर्ट के आदेश पर दर्ज कराई रिपोर्ट में बताया कि हीमपुरदीपा थाने के गांव चौकपुरी निवासी यशपाल सिंह के पास आना जाना था। यशपाल सिंह ने उनसे अपने आपको दो कंपनियों का ब्रांच मैनेजर बताया। उसने बताया कि अगर वो उसकी कंपनी में पांच हजार रुपये की एफडी कराएगा तो उसे 12 साल बाद 50 हजार रुपये मिलेंगे। यशपाल उसे नजीबाबाद रोड स्थित एक बिल्डिंग में भी ले गया और उसे अपना कार्यालय बताया। उसने 17 मार्च 2011 को यशपाल की बताई ब्रांच में एफडी के लिए पांच हजार रुपये दिए। यशपाल ने उसे एक बांड भी दिया। नौबतराम के अनुसार उसने अपने परिवार के भतीजे मनोज को यह बताया तो उसने भी यशपाल से 45 हजार रुपये की एफडी कराई। यशपाल ने उनको कुछ रसीदें दीं। बाद में पता चला कि यशपाल की कंपनी फर्जी हैं। उन्होंने पांच मार्च 2017 को यशपाल से रुपये मांगे तो उसने गाली गलौच करते हुए रुपये लौटाने से इंकार कर दिया।
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बिजनौर। गांव गढ़ी बगीची निवासी धूम सिंह मंगलवार सुबह खेत पर फसलों को पानी देने के लिए गए थे। गांव वालों के अनुसार ट्यूबवेल के पास करंट आ रहा था। धूम सिंह करंट की चपेट में आ गया और उसकी मौके पर ही मौत हो गई। आसपास काम कर रहे किसानों ने इसकी सूचना परिजनों को दी। पुलिस ने धूम सिंह का शव कब्जे में लेकर पोस्ट मार्टम कराया। गांव वालों का कहना है कि विद्युत निगम की लापरवाही से धूम सिंह की मौत हुई है। धूम सिंह के परिजनों ने निगम के अधिकारियों के खिलाफ पुलिस में तहरीर दी है।
उपभोक्ता के एक लाख रुपये उड़ाए
बिजनौर। शहर कोतवाली के गांव जमालपुर पठानी निवासी सुशील कुमार के मुताबिक 11 सितंबर को वे सुबह पौने ग्यारह बजे बिजनौर स्थित अरबन कोऑपरेटिव बैंक शाखा से एक लाख 90 हजार रुपये निकाले थे। बैंक में वह रुपये गिनने लगा। इस दौरान दो युवक आए और उसके हाथ से एक लाख रुपये उड़ाकर रफूचक्कर हो गए। युवकों की काफी तलाश ली गई, पर उनका पता नहीं चला। बैंक के सीसी कैमरे देखने पर दोनों युवकों के चेहरे सामने आ गए। सुशील के अनुसार दोनों युवक उसके पास आकर झुके और इस दौरान ही उसके रुपये निकाले गए। शहर कोतवाल फतेह सिंह के मुताबिक मामले की जांच की जा रही है।
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एफडी करने के नाम पर रुपये हड़पे
बिजनौर। गांव तरीकमपुर रूपचंद निवासी नौबतराम ने कोर्ट के आदेश पर दर्ज कराई रिपोर्ट में बताया कि हीमपुरदीपा थाने के गांव चौकपुरी निवासी यशपाल सिंह के पास आना जाना था। यशपाल सिंह ने उनसे अपने आपको दो कंपनियों का ब्रांच मैनेजर बताया। उसने बताया कि अगर वो उसकी कंपनी में पांच हजार रुपये की एफडी कराएगा तो उसे 12 साल बाद 50 हजार रुपये मिलेंगे। यशपाल उसे नजीबाबाद रोड स्थित एक बिल्डिंग में भी ले गया और उसे अपना कार्यालय बताया। उसने 17 मार्च 2011 को यशपाल की बताई ब्रांच में एफडी के लिए पांच हजार रुपये दिए। यशपाल ने उसे एक बांड भी दिया। नौबतराम के अनुसार उसने अपने परिवार के भतीजे मनोज को यह बताया तो उसने भी यशपाल से 45 हजार रुपये की एफडी कराई। यशपाल ने उनको कुछ रसीदें दीं। बाद में पता चला कि यशपाल की कंपनी फर्जी हैं। उन्होंने पांच मार्च 2017 को यशपाल से रुपये मांगे तो उसने गाली गलौच करते हुए रुपये लौटाने से इंकार कर दिया।
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