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शहरों की दुकानों में राशन विरतरण पर लगी रोक
Updated Sat, 08 Sep 2018 12:41 AM IST
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शहरों की दुकानों में राशन वितरण पर लगी रोक
बिजनौर। राशन वितरण में घोटाला सामने आने के बाद शहर में राशन वितरण बंद कर दिया गया है। पूर्ति विभाग का सॉफ्टवेयर बदला जा रहा है। नए सॉफ्टवेयर के काम करने के बाद ही शहरों में राशन वितरित किया जाएगा। गांवों में राशन वितरण पर कोई रोक नहीं है।
शहरों में ई- पॉश मशीन से राशन वितरित किया जाता है। केवल आधार नंबर राशन कार्ड से लिंक कराने वाले परिवार ही राशन ले सकते हैं। राशन डीलरों ने इसमें घोटाला करते हुए एक ही आधार नंबर से कई कई राशन कार्ड लिंक कर दिए। मशीन पर आधार नंबर वालों के अंगुठे के निशान लगवाकर राशन निकाल लिया गया। शहरों में ही यह घोटाला किया गया। अब तक 78 दुकानों पर यह घोटाला पकड़ में आ चुका है। आठ हजार 88 राशन कार्डों से यह फर्जीवाड़ा किया गया। घोटाला सामने आने के बाद शहर में राशन वितरण पर फिलहाल शासनस्तर से रोक लगा दी गई है। शासन की ओर से पूर्ति विभाग के सॉफ्टवेयर को बदला जा रहा है। सूत्रों के अनुसार नए सॉफ्टवेयर के बाद घोटाले की संभावना पर पूरी तरह विराम लग जाएगा। अगर एक ही आधार नंबर दो या अधिक राशन कार्ड से लिंक कराया गया है तो पकड़ में आ जाएगा। दो-चार दिन बाद शहरों में राशन वितरण शुरू हो सकता है। गांवों में राशन वितरण किया जा रहा है। जिला पूर्ति अधिकारी मनीष कुमार के अनुसार शहरों में जल्दी राशन वितरण कराया जाएगा। जो भी राशन डीलर पात्र परिवारों का राशन गोल करने की कोशिश करेगा उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
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बिजनौर। राशन वितरण में घोटाला सामने आने के बाद शहर में राशन वितरण बंद कर दिया गया है। पूर्ति विभाग का सॉफ्टवेयर बदला जा रहा है। नए सॉफ्टवेयर के काम करने के बाद ही शहरों में राशन वितरित किया जाएगा। गांवों में राशन वितरण पर कोई रोक नहीं है।
शहरों में ई- पॉश मशीन से राशन वितरित किया जाता है। केवल आधार नंबर राशन कार्ड से लिंक कराने वाले परिवार ही राशन ले सकते हैं। राशन डीलरों ने इसमें घोटाला करते हुए एक ही आधार नंबर से कई कई राशन कार्ड लिंक कर दिए। मशीन पर आधार नंबर वालों के अंगुठे के निशान लगवाकर राशन निकाल लिया गया। शहरों में ही यह घोटाला किया गया। अब तक 78 दुकानों पर यह घोटाला पकड़ में आ चुका है। आठ हजार 88 राशन कार्डों से यह फर्जीवाड़ा किया गया। घोटाला सामने आने के बाद शहर में राशन वितरण पर फिलहाल शासनस्तर से रोक लगा दी गई है। शासन की ओर से पूर्ति विभाग के सॉफ्टवेयर को बदला जा रहा है। सूत्रों के अनुसार नए सॉफ्टवेयर के बाद घोटाले की संभावना पर पूरी तरह विराम लग जाएगा। अगर एक ही आधार नंबर दो या अधिक राशन कार्ड से लिंक कराया गया है तो पकड़ में आ जाएगा। दो-चार दिन बाद शहरों में राशन वितरण शुरू हो सकता है। गांवों में राशन वितरण किया जा रहा है। जिला पूर्ति अधिकारी मनीष कुमार के अनुसार शहरों में जल्दी राशन वितरण कराया जाएगा। जो भी राशन डीलर पात्र परिवारों का राशन गोल करने की कोशिश करेगा उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
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