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बेमिसाल बिजनौर में पांच दिन में बने 15 हजार से ज्यादा इज्जतघर
Updated Mon, 17 Jul 2017 12:19 AM IST
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पांच दिन में 15 हजार से ज्यादा इज्जतघर बने
बिजनौर।
बेमिसाल बिजनौर में पांच दिन में ही 15 हजार से ज्यादा इज्जतघर बन गए हैं। शौचालय बनाने का काम अब भी जारी है। इसमें ग्रामीण बढ़-चढ़कर भाग ले रहे हैं।
जिले को 31 जुलाई तक ओडीएफ करने के लिए शासन ने ‘सात दिन स्वच्छता के संग : खुले में शौच की घंटी बजाओ’ अभियान शुरू किया है। अभियान में जिले के 155 गांवों में 20 हजार शौचालय एक हफ्ते में बनाने का लक्ष्य था। अभियान 10 से 16 जुलाई तक था। दो दिन बारिश के कारण काम न होने पर डीएम जगतराज ने अभियान में दो दिन बढ़ा दिए थे। इस अभियान में पांच दिन में ही 15,332 शौचालयों का निर्माण पूरा किया जा चुका है। डीएम जगतराज व सीडीओ डॉ. इंद्रमणि त्रिपाठी खुद गांव-गांव जाकर शौचालय निर्माण देख रहे हैं। शौचालय मानक के अनुरूप नहीं मिलने पर ध्वस्त कराकर दोबारा निर्माण कार्य शुरू कराया जा रहा है।
सीडीओ डॉ. इंद्रमणि त्रिपाठी के अनुसार, शौचालय की जरूरत को गांववाले भी समझ गए हैं। जिन घरों में शौचालय निर्माण चल रहा है, वहां उत्साह का माहौल है। गांववाले ओडीएफ अभियान में बढ़-चढ़कर सहयोग कर रहे हैं।
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बिजनौर।
बेमिसाल बिजनौर में पांच दिन में ही 15 हजार से ज्यादा इज्जतघर बन गए हैं। शौचालय बनाने का काम अब भी जारी है। इसमें ग्रामीण बढ़-चढ़कर भाग ले रहे हैं।
जिले को 31 जुलाई तक ओडीएफ करने के लिए शासन ने ‘सात दिन स्वच्छता के संग : खुले में शौच की घंटी बजाओ’ अभियान शुरू किया है। अभियान में जिले के 155 गांवों में 20 हजार शौचालय एक हफ्ते में बनाने का लक्ष्य था। अभियान 10 से 16 जुलाई तक था। दो दिन बारिश के कारण काम न होने पर डीएम जगतराज ने अभियान में दो दिन बढ़ा दिए थे। इस अभियान में पांच दिन में ही 15,332 शौचालयों का निर्माण पूरा किया जा चुका है। डीएम जगतराज व सीडीओ डॉ. इंद्रमणि त्रिपाठी खुद गांव-गांव जाकर शौचालय निर्माण देख रहे हैं। शौचालय मानक के अनुरूप नहीं मिलने पर ध्वस्त कराकर दोबारा निर्माण कार्य शुरू कराया जा रहा है।
सीडीओ डॉ. इंद्रमणि त्रिपाठी के अनुसार, शौचालय की जरूरत को गांववाले भी समझ गए हैं। जिन घरों में शौचालय निर्माण चल रहा है, वहां उत्साह का माहौल है। गांववाले ओडीएफ अभियान में बढ़-चढ़कर सहयोग कर रहे हैं।
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