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कर्मचारियों ने निकाला जुलूस
ब्यूरो, भदोही, अमर उजाला
Updated Fri, 27 Feb 2015 02:26 AM IST
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प्रदेश सरकार के खिलाफ हुंकार भरी।
जिलाध्यक्ष धर्मराज यादव ने कहा कि सरकार कर्मचारियों के साथ वादाखिलाफी कर रही है। उनकी वाजिब मांगे अगर नहीं मानी गई तो कर्मचारी शांत नहीं बैठेंगे। संरक्षक राकेश सिंह ने कहा कि कर्मचारियों की मांगों पर ध्यान नहीं दिया गया तो वह आंदोलन तेज करेंगे। जिला मंत्री रूपेश श्रीवास्तव ने कहा कि सरकार बार-बार आश्वासन दे रही है लेकिन शासनादेश जारी नहीं कर रही है। कर्मचारियों की प्रमुख मांगों में केंद्रीय कर्मचारियों की तरह भत्ते, नई पेंशन व्यवस्था को समाप्त करने, निजीकरण, आउटसोर्सिंग, ठेकेदारी व्यवस्था को समाप्त कर नियमित भर्ती, रिजवी समिति की संस्तुतियों को यथावत लागू करने, फील्ड कर्मचारियों को वाहन भत्ता, राज्य कर्मचारियों को आठ, 16 और 24 वर्ष की सेवा पर तीन पदोन्नति, दैनिक वेतनभोगी कर्मचारियों को स्थाई इलाज की सुविधा पदान करने, सेवानिवृत्त 62 साल करने आदि की मंाग की गई। इसके पूर्व मशाल जुलूस लोक निर्माण विभाग कार्यालय से शुरू होकर पुरानी कलेक्ट्रेट, तहसील होते हुए लोनिवि कार्यालय पर आकर समाप्त हुई। जुलूस में जितेंद्र उपाध्याय, जटाशंकर, राकेश सिंह, कृष्ण गोपाल विकास, राजनाथ, प्रदीप, हरिशंकर, रमाशंकर, गुलपत राम, राजेश राय, मौजूद रहे।
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जिलाध्यक्ष धर्मराज यादव ने कहा कि सरकार कर्मचारियों के साथ वादाखिलाफी कर रही है। उनकी वाजिब मांगे अगर नहीं मानी गई तो कर्मचारी शांत नहीं बैठेंगे। संरक्षक राकेश सिंह ने कहा कि कर्मचारियों की मांगों पर ध्यान नहीं दिया गया तो वह आंदोलन तेज करेंगे। जिला मंत्री रूपेश श्रीवास्तव ने कहा कि सरकार बार-बार आश्वासन दे रही है लेकिन शासनादेश जारी नहीं कर रही है। कर्मचारियों की प्रमुख मांगों में केंद्रीय कर्मचारियों की तरह भत्ते, नई पेंशन व्यवस्था को समाप्त करने, निजीकरण, आउटसोर्सिंग, ठेकेदारी व्यवस्था को समाप्त कर नियमित भर्ती, रिजवी समिति की संस्तुतियों को यथावत लागू करने, फील्ड कर्मचारियों को वाहन भत्ता, राज्य कर्मचारियों को आठ, 16 और 24 वर्ष की सेवा पर तीन पदोन्नति, दैनिक वेतनभोगी कर्मचारियों को स्थाई इलाज की सुविधा पदान करने, सेवानिवृत्त 62 साल करने आदि की मंाग की गई। इसके पूर्व मशाल जुलूस लोक निर्माण विभाग कार्यालय से शुरू होकर पुरानी कलेक्ट्रेट, तहसील होते हुए लोनिवि कार्यालय पर आकर समाप्त हुई। जुलूस में जितेंद्र उपाध्याय, जटाशंकर, राकेश सिंह, कृष्ण गोपाल विकास, राजनाथ, प्रदीप, हरिशंकर, रमाशंकर, गुलपत राम, राजेश राय, मौजूद रहे।