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न्यायिक कार्य से विरत रहे तहसील के अधिवक्ता
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भदोही तहसील बार एसोसिएशन के सदस्यों ने सोमवार को अधिवक्ता सभागार में बैठक कर तहसील में व्याप्त भ्रष्टाचार के विरोध में न्यायिक कार्य का बहिष्कार किया। अधिवक्ताओं ने आरोप लगाया कि तहसील कर्मी और अधिकारी विभिन्न वादों के निस्तारण में फरियादियों का शोषण कर रहे हैं। इसी वजह से अधिवक्ता न्यायिक कार्य से विरत रहे।
बार के अध्यक्ष सूर्य प्रसाद द्विवेदी ने कहा कि तहसील में भ्रष्टाचार से अधिवक्ता और वादकारी दोनों में रोष है। उन्होंने बताया कि धारा 24 (पैमाइश), धारा 34 (दाखिल-खारिज), धारा 38 (छूटे नाम व रकबा), धारा 80 (आबादी) तथा धारा 116 (बंटवारा) आदि मामलों में भ्रष्टाचार का बोलबाला है। इस ओर जिला प्रशासन और यहां के जनप्रतिनिधियों का भी ध्यान नहीं है। कहा कि अधिवक्तागण तहसील में भ्रष्टाचार बर्दाश्त नहीं करेंगे। अध्यक्ष ने कहा कि न्यायिक कार्य से विरत रहकर हम लोग भ्रष्टाचार से पूर्णतया मुक्ति चाहते हैं। भ्रष्टाचार पर अंकुश नहीं लगा तो पहले डीएम व आयुक्त विंध्याचल मंडल से शिकायत की जाएगी, उसके बाद भी राहत न मिलने पर आंदोलन का रास्ता अपनाया जाएगा। बैठक में धनुषधारी सिंह, रजनीश पांडेय, ओमप्रकाश, बांकेलाल यादव, अरविंद सिंह, अमित दूबे, दशरथ कुशवाहा, लालचंद सरोज, अवध नरायण यादव, प्रसन्न कुमार मिश्र, शिव प्रकाश सिंह, विनोद राय आदि ने विचार व्यक्त किए।
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बार के अध्यक्ष सूर्य प्रसाद द्विवेदी ने कहा कि तहसील में भ्रष्टाचार से अधिवक्ता और वादकारी दोनों में रोष है। उन्होंने बताया कि धारा 24 (पैमाइश), धारा 34 (दाखिल-खारिज), धारा 38 (छूटे नाम व रकबा), धारा 80 (आबादी) तथा धारा 116 (बंटवारा) आदि मामलों में भ्रष्टाचार का बोलबाला है। इस ओर जिला प्रशासन और यहां के जनप्रतिनिधियों का भी ध्यान नहीं है। कहा कि अधिवक्तागण तहसील में भ्रष्टाचार बर्दाश्त नहीं करेंगे। अध्यक्ष ने कहा कि न्यायिक कार्य से विरत रहकर हम लोग भ्रष्टाचार से पूर्णतया मुक्ति चाहते हैं। भ्रष्टाचार पर अंकुश नहीं लगा तो पहले डीएम व आयुक्त विंध्याचल मंडल से शिकायत की जाएगी, उसके बाद भी राहत न मिलने पर आंदोलन का रास्ता अपनाया जाएगा। बैठक में धनुषधारी सिंह, रजनीश पांडेय, ओमप्रकाश, बांकेलाल यादव, अरविंद सिंह, अमित दूबे, दशरथ कुशवाहा, लालचंद सरोज, अवध नरायण यादव, प्रसन्न कुमार मिश्र, शिव प्रकाश सिंह, विनोद राय आदि ने विचार व्यक्त किए।
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