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तीन बार भुगतान फिर ...स्टेटस पेंडिंग
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ज्ञानपुर/सुरियावां (भदोही)। दस्तावेजी औपचारिकताएं पूरी करने के बाद लंबे समय से सम्मान निधि का इंतजार कर रहे किसानों के खाते में एक रुपये भी भुगतान नहीं हुआ। इससे लॉकडाउन में आर्थिक तंगी झेल रहे किसानों की इस उम्मीद पर भी पानी फिर गया है। पाबंदी के चलते वे विभाग का चक्कर भी नहीं लगा पा रहे हैं।
विभागीय कर्मचारियों की लापरवाही का खामियाजा मेहनतकशों को भुगतना पड़ रहा है। किसी की डेटा फीडिंग में नाम में त्रुटि है तो किसी के पिता का नाम और अकाउंट नंबर को ही गलत डाल दिया गया है। सारे कागज जमा करने के बाद किसान निधि का इंतजार कर रहे थे, लेकिन अब तक उनका इंतजार खत्म नहीं हो पाया। जबकि किसानों का कहना है कि विभाग की ओर से अप्रैल में सम्मान निधि उनके खाते में पहुंच जाने की बात कही गई थी।
मौजूदा हालत यह है कि दो-तीन बार निधि आने के बावजूद चौथी और पांचवीं किस्त आनी बंद हो गई है। किसानों के खातों में स्टेटस पेंडिंग बता रहा है। जबकि कुछ किसानों का कुछ भी नहीं बता रहा है। जबकि गत दिनों कृषि विभाग ने त्रुटियां दुरुस्त करने के लिए ब्लॉक मुख्यालय पर कैंप भी लगाया था। किसानों ने अपने कागजात जमा किए तो उस समय बताया गया कि अप्रैल में चौथी-पांचवीं सभी किस्त आ जाएगी। लेकिन, सैकड़ों किसानों को आज तक निधि नहीं मिली। किसानों की समस्या यह भी है कि आधार पर पता कुछ है, लेकिन सम्मान निधि में पता की गलत इंट्री कर दी गई है। उधर कृषि विभाग ने कहा कि सम्मान निधि आधार नंबर के आधार पर भेजी जाती है। इसलिए पता में अंतर होने से कोई फर्क नहीं पड़ता। सुरियावां क्षेत्र के किसान अशोक कुमार, धर्मराज, राजेंद्र प्रसाद, घनश्याम, सुरेश कुमार, कमलेश आदि ने बताया कि कृषि विभाग इस समस्या पर ध्यान देकर किसान सम्मान निधि का पैसा खातों में समय से भिजवाए।
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विभागीय कर्मचारियों की लापरवाही का खामियाजा मेहनतकशों को भुगतना पड़ रहा है। किसी की डेटा फीडिंग में नाम में त्रुटि है तो किसी के पिता का नाम और अकाउंट नंबर को ही गलत डाल दिया गया है। सारे कागज जमा करने के बाद किसान निधि का इंतजार कर रहे थे, लेकिन अब तक उनका इंतजार खत्म नहीं हो पाया। जबकि किसानों का कहना है कि विभाग की ओर से अप्रैल में सम्मान निधि उनके खाते में पहुंच जाने की बात कही गई थी।
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मौजूदा हालत यह है कि दो-तीन बार निधि आने के बावजूद चौथी और पांचवीं किस्त आनी बंद हो गई है। किसानों के खातों में स्टेटस पेंडिंग बता रहा है। जबकि कुछ किसानों का कुछ भी नहीं बता रहा है। जबकि गत दिनों कृषि विभाग ने त्रुटियां दुरुस्त करने के लिए ब्लॉक मुख्यालय पर कैंप भी लगाया था। किसानों ने अपने कागजात जमा किए तो उस समय बताया गया कि अप्रैल में चौथी-पांचवीं सभी किस्त आ जाएगी। लेकिन, सैकड़ों किसानों को आज तक निधि नहीं मिली। किसानों की समस्या यह भी है कि आधार पर पता कुछ है, लेकिन सम्मान निधि में पता की गलत इंट्री कर दी गई है। उधर कृषि विभाग ने कहा कि सम्मान निधि आधार नंबर के आधार पर भेजी जाती है। इसलिए पता में अंतर होने से कोई फर्क नहीं पड़ता। सुरियावां क्षेत्र के किसान अशोक कुमार, धर्मराज, राजेंद्र प्रसाद, घनश्याम, सुरेश कुमार, कमलेश आदि ने बताया कि कृषि विभाग इस समस्या पर ध्यान देकर किसान सम्मान निधि का पैसा खातों में समय से भिजवाए।
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