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शहरों में मलेरिया-डेंगू के मामले बढ़े
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कालीन नगरी में जागरूकता के मामले में ग्रामीण क्षेत्र के लोग ज्यादा जागरूक हैं। यह हम नहीं बल्कि स्वास्थ्य विभाग का आंकड़ा बता रहा है। बीते चार वर्षों में डेंगू और मलेरिया के जो मरीज मिले हैं उनमें ज्ञानपुर और भदोही क्षेत्र सबसे आगे हैं। ये दोनों क्षेत्र शहरी इलाकों की श्रेणी में आते हैं। चार सालों में लगभग सात फीसदी डेंगू के मरीजों की संख्या बढ़ी है। इस समय संचारी रोग नियंत्रण के लिए अभियान चल रहा है। जन-जन को जागरूक किया जा रहा है कि कहीं भी मच्छर न पनपने दें।
जहां एक ओर मलेरिया के मरीजों की संख्या तेजी से कम हुई है। वहीं डेंगू के मामले में सात फीसदी की बढ़े हैं। यहां अभी तक डेंगू से एक भी मौत नहीं हुई है। वहीं स्वास्थ्य विभाग संचारी रोग अभियान चल रहा है। आशा बहुओं के माध्यम से डोर टू डोर लोगों को जागरूक करने का काम किया जा रहा है। दूसरी ओर महाराजा चेत सिंह जिला चिकित्सालय और महाराजा बलवंत सिंह चिकित्सालय में अलग से डेंगू मरीजों के लिए वार्ड बनाया गया है। उसमें दस बेड आरक्षित हैं। साथ ही सीएचसी पर चार और पीएचसी पर दो दो बड़ों की संख्या बढ़ाई गई है।
ज्ञानपुर और भदोही ब्लाक में सबसे ज्यादा मरीज:
स्वास्थ्य विभाग में मलेरिया अधिकारी रामआसरे पाल की मानें तो बीते चार साल में सबसे ज्यादा मलेरिया और डेंगू का केस ज्ञानपुर, भदोही ब्लाक में आए। मच्छर जनित बीमारी को लेकर यहां के लोगों में जागरूकता की कमी देखी गई है। उसके बाद गोपीगंज का स्थान है। जबकि सबसे कम डेंगू का केस अभोली ब्लाक में मिले हैं।
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मच्छर जनित बीमारियों के मरीज
वर्ष मलेरिया डेंगू
2018 596 29
2019 400 11
2020 73 00
2021 58 39
मच्छरों से बचाव के लिए क्या करें
- फूल बाजू का कपड़ा पहनें।
- घर और ऑफिस के आस-पास पानी न जमा होने दें।
- मच्छरदानी का प्रयोग करें।
- डस्टबिन को नियमित रूप से ढंककर रखें और साफ करते रहें।
- कूलर का पानी नियमित रूप से बदलें, टायर आदि में पानी न इकट्ठा होने दें।
ग्रामीण अंचलों की अपेक्षा शहर में मच्छर जनित बीमारी के मरीज अधिक संख्या में मिलते हैं। लोगों को जागरूक करने के लिए संचारी रोग अभियान चलाया जा रहा है।
राम आसरे पाल, मलेरिया अधिकारी, भदोही
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जहां एक ओर मलेरिया के मरीजों की संख्या तेजी से कम हुई है। वहीं डेंगू के मामले में सात फीसदी की बढ़े हैं। यहां अभी तक डेंगू से एक भी मौत नहीं हुई है। वहीं स्वास्थ्य विभाग संचारी रोग अभियान चल रहा है। आशा बहुओं के माध्यम से डोर टू डोर लोगों को जागरूक करने का काम किया जा रहा है। दूसरी ओर महाराजा चेत सिंह जिला चिकित्सालय और महाराजा बलवंत सिंह चिकित्सालय में अलग से डेंगू मरीजों के लिए वार्ड बनाया गया है। उसमें दस बेड आरक्षित हैं। साथ ही सीएचसी पर चार और पीएचसी पर दो दो बड़ों की संख्या बढ़ाई गई है।
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ज्ञानपुर और भदोही ब्लाक में सबसे ज्यादा मरीज:
स्वास्थ्य विभाग में मलेरिया अधिकारी रामआसरे पाल की मानें तो बीते चार साल में सबसे ज्यादा मलेरिया और डेंगू का केस ज्ञानपुर, भदोही ब्लाक में आए। मच्छर जनित बीमारी को लेकर यहां के लोगों में जागरूकता की कमी देखी गई है। उसके बाद गोपीगंज का स्थान है। जबकि सबसे कम डेंगू का केस अभोली ब्लाक में मिले हैं।
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मच्छर जनित बीमारियों के मरीज
वर्ष मलेरिया डेंगू
2018 596 29
2019 400 11
2020 73 00
2021 58 39
मच्छरों से बचाव के लिए क्या करें
- फूल बाजू का कपड़ा पहनें।
- घर और ऑफिस के आस-पास पानी न जमा होने दें।
- मच्छरदानी का प्रयोग करें।
- डस्टबिन को नियमित रूप से ढंककर रखें और साफ करते रहें।
- कूलर का पानी नियमित रूप से बदलें, टायर आदि में पानी न इकट्ठा होने दें।
ग्रामीण अंचलों की अपेक्षा शहर में मच्छर जनित बीमारी के मरीज अधिक संख्या में मिलते हैं। लोगों को जागरूक करने के लिए संचारी रोग अभियान चलाया जा रहा है।
राम आसरे पाल, मलेरिया अधिकारी, भदोही