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22 झोलाछाप और पैथॉलाजी के खिलाफ मुकदमा
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जिले में अवैध अस्पताल और पैथॉलाजी के खिलाफ स्वास्थ्य विभाग की कार्रवाई जारी है। सुरियावां सीएचसी के अधीक्षक डॉ. आरबी पाठक की तहरीर पर तीन दिनों में सुरियावां और दुर्गागंज थाने में 22 झोलाछाप और पैथॉलाजी संचालकों के खिलाफ जालसाजी, मेडिकल एक्ट की धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है। विभागीय कार्रवाई से संचालकों में खलबली मची हुई है।
शासन और प्रशासन की सख्त हिदायत के बाद भी अवैध क्लीनिक का संचालन रुक नहीं रहा है। ग्रामीण और नगरीय इलाकों में बड़ी संख्या में ऐसे क्लीनिक संचालित हो रहे हैं, जो स्वास्थ्य विभाग में पंजीकरण नहीं कराए हैं। दो वर्ष पूर्व अधिवक्ता आदर्श त्रिपाठी ने सुरियावां में दो दर्जन से अधिक झोलाछाप के बारे में शिकायत की थी। सीएमओ के निर्देश पर सुरियावां अधीक्षक डॉ. रतीश भुवन पाठक ने शिकायत की जांच की, जिसमें शिकायत सही मिली। इसको संज्ञान में लेते हुए विभाग ने झोलाछाप को अवैध क्लीनिक बंद करने के लिए दो बार नोटिस जारी किया, लेकिन क्लीनिक बंद नहीं हुए। जिसको लेकर अधिवक्ता ने पुन: शिकायत की। अधीक्षक ने 13 संचालकों के खिलाफ सुरियावां और नौ के खिलाफ दुर्गागंज थाने में तहरीर दी। जिस पर 22 लोगों के खिलाफ 20 से 22 अप्रैल तक जालसाजी, मेडिकल एक्ट के तहत केस दर्ज किया गया। सीएचसी अधीक्षक ने बताया कि नोटिस देने के बाद भी क्लीनिक और पैथॉलाजी बंद नहीं किए गए। जिस पर तहरीर देकर मुकदमा दर्ज कराया गया है। सीएमओ डॉ. संतोष कुमार चक ने कहा कि विभाग की ओर से अवैध क्लीनिक के खिलाफ कार्रवाई चल रही है।
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शासन और प्रशासन की सख्त हिदायत के बाद भी अवैध क्लीनिक का संचालन रुक नहीं रहा है। ग्रामीण और नगरीय इलाकों में बड़ी संख्या में ऐसे क्लीनिक संचालित हो रहे हैं, जो स्वास्थ्य विभाग में पंजीकरण नहीं कराए हैं। दो वर्ष पूर्व अधिवक्ता आदर्श त्रिपाठी ने सुरियावां में दो दर्जन से अधिक झोलाछाप के बारे में शिकायत की थी। सीएमओ के निर्देश पर सुरियावां अधीक्षक डॉ. रतीश भुवन पाठक ने शिकायत की जांच की, जिसमें शिकायत सही मिली। इसको संज्ञान में लेते हुए विभाग ने झोलाछाप को अवैध क्लीनिक बंद करने के लिए दो बार नोटिस जारी किया, लेकिन क्लीनिक बंद नहीं हुए। जिसको लेकर अधिवक्ता ने पुन: शिकायत की। अधीक्षक ने 13 संचालकों के खिलाफ सुरियावां और नौ के खिलाफ दुर्गागंज थाने में तहरीर दी। जिस पर 22 लोगों के खिलाफ 20 से 22 अप्रैल तक जालसाजी, मेडिकल एक्ट के तहत केस दर्ज किया गया। सीएचसी अधीक्षक ने बताया कि नोटिस देने के बाद भी क्लीनिक और पैथॉलाजी बंद नहीं किए गए। जिस पर तहरीर देकर मुकदमा दर्ज कराया गया है। सीएमओ डॉ. संतोष कुमार चक ने कहा कि विभाग की ओर से अवैध क्लीनिक के खिलाफ कार्रवाई चल रही है।
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