{"_id":"5c460cacbdec2253970c3764","slug":"91548094636-bhadohi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"शिवरामपुर- भगवास में अब भी पसरा है सन्नाटा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
शिवरामपुर- भगवास में अब भी पसरा है सन्नाटा
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
ज्ञानपुर। लखनों वैन हादसे में तीन बच्चों की मौत के बाद शिवरामपुर और भगवास गांव से सन्नाटा टूट नहीं रहा है। गांव के ज्यादातर लोग बीएचयू में बच्चों का उपचार करा रहे हैं। 19 बच्चों में 15 से अधिक इन्हीं दोनों गांव के बच्चे थे। आईसीयू में भर्ती पांच अन्य बच्चों के स्वास्थ्य को लेकर अभिभावक चिंतित है।
12 जनवरी को सुबह आठ बजे लखनों गांव के पास सिलिंडर की आग से 19 बच्चे झुलस गए थे। घटना के तीन दिन बाद बीएचयू में उपचार के दौरान भगवास की दिशा और आयुष की मौत हो गई जबकि शिवरामपुर की रानी भी दुनिया को छोड़ दिया। तीन बच्चों की मौत के बाद पांच मासूम अब भी आईसीयू में भर्ती हैं। तीन बच्चों की मौत के बाद भगवास और शिवरापुर में सोमवार को सन्नाटा पसरा रहा। दिशा और आयुष के घर जहां कोई नहीं दिखा वहीं अन्य घरों पर इक्का-दुक्का लोग ही नजर आएं। पूरे गांव के लोग उक्त घटना को लेकर अब भी मर्माहत हैं। सभी को आईसीयू में भर्ती पांच अन्य बच्चों की चिंता सता रही है।
12 जनवरी को सुबह आठ बजे लखनों गांव के पास सिलिंडर की आग से 19 बच्चे झुलस गए थे। घटना के तीन दिन बाद बीएचयू में उपचार के दौरान भगवास की दिशा और आयुष की मौत हो गई जबकि शिवरामपुर की रानी भी दुनिया को छोड़ दिया। तीन बच्चों की मौत के बाद पांच मासूम अब भी आईसीयू में भर्ती हैं। तीन बच्चों की मौत के बाद भगवास और शिवरापुर में सोमवार को सन्नाटा पसरा रहा। दिशा और आयुष के घर जहां कोई नहीं दिखा वहीं अन्य घरों पर इक्का-दुक्का लोग ही नजर आएं। पूरे गांव के लोग उक्त घटना को लेकर अब भी मर्माहत हैं। सभी को आईसीयू में भर्ती पांच अन्य बच्चों की चिंता सता रही है।
विज्ञापन