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निरंकारी महिला सत्संग का आयोजन
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भदोही। नगर के रजपुरा स्थित निरंकारी सत्संग भवन में शुक्रवार को दोपहर निरंकारी महिला सत्संग का आयोजन किया गया। सत्संग में प्रयागराज से पधारीं कमला खरबंदा ने संबोधन में कहा कि सत्संग से आध्यात्मिक सोच विकसित होती है। इससे मन में धार्मिक भावनाएं विकसित होने के अलावा सांसारिक वातावरण बनता है। कहा राष्ट्रीय एकता में परिवारिक एकता महत्वपूर्ण है। परिवारिक एकता परस्पर प्रेम पर निर्भर है जबकि राष्ट्रीय एकता राष्ट्र प्रेम पर निर्भर है। कहा कि दोनो में प्रेम, करुणा, दया, सहनशीलता, क्षमा का व्यापक महत्व है।
उन्होंने कहा कि पारिवार की संरचना पुरानी है। परिवार एक इकाई है। सायं थका इंसान घर आता है और घर का वातावरण अच्छा देख कर प्रसन्न हो जाता है। उसकी थकान दूर हो जाती है। यदि घर का वातावर दूषित हों। एक दूसरे से मेल का भाव न हो तो प्रसन्नचित मनुष्य भी दुखी हो जाता है। उन्होंने कहा कि आज संसार की हालत देखकर हर इंसान में सत्संग की आवश्यकता बन गई है। जब तक प्रत्येक इंसान प्रसन्न न हो जाए, तब तक हमें संस्कार पाने के लिए संघर्ष करते रहना होगा। सत्संग में जोंगेंद्र कुमार, अनीता, रानी, प्रियंका, आरती, सुशील, रीता , बिंभा, प्रभावती आदि मौजूद रहे। संयोजक राजेश कुमार ने धन्यवाद ज्ञापित किया।
उन्होंने कहा कि पारिवार की संरचना पुरानी है। परिवार एक इकाई है। सायं थका इंसान घर आता है और घर का वातावरण अच्छा देख कर प्रसन्न हो जाता है। उसकी थकान दूर हो जाती है। यदि घर का वातावर दूषित हों। एक दूसरे से मेल का भाव न हो तो प्रसन्नचित मनुष्य भी दुखी हो जाता है। उन्होंने कहा कि आज संसार की हालत देखकर हर इंसान में सत्संग की आवश्यकता बन गई है। जब तक प्रत्येक इंसान प्रसन्न न हो जाए, तब तक हमें संस्कार पाने के लिए संघर्ष करते रहना होगा। सत्संग में जोंगेंद्र कुमार, अनीता, रानी, प्रियंका, आरती, सुशील, रीता , बिंभा, प्रभावती आदि मौजूद रहे। संयोजक राजेश कुमार ने धन्यवाद ज्ञापित किया।
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