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27 हजार नौनिहालों को स्वेटर का इंतजार - संशोधित खबर

Sun, 18 Nov 2018 11:27 PM IST
Updated Sun, 18 Nov 2018 11:27 PM IST
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27 हजार नौनिहालों को स्वेटर का इंतजार - संशोधित खबर

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ज्ञानपुर। शासनादेश के मुताबिक को ठंड शुरू होने से पहले बच्चों को स्वेटरें बंट जानी थी। लेकिन इसके लिए पर्याप्त बजट नहीं मिलने से अब भी 27 हजार बच्चे स्वेटर पाने से वंचित हैं। सर्दी के मौसम को देखते हुए जिले के सभी परिषदीय स्कूलों के छात्र-छात्राओं तक स्वेटर पहुंचाने के लिए केवल दो दिन बचे हैं। जबकि विभाग अब तक1,45,712 बच्चों में से 1,18000 तक ही स्वेटर पहुंचाने का दावा कर रहा है। अब केवल तीन दिनों में 27 हजार बच्चों तक स्वेटर कैसे पहुंचेगी, इस बारे में विभाग में उहापोह की स्थिति है। आधे- अधूरे बजट से स्वेटर बांटना भी शिक्षकों के गले की फांस बनता जा रहा है।
प्राथमिक एवं पूर्व माध्यमिक विद्यालयों में बच्चों को ठंड से बचाने के लिए स्वेटर बांटी जानी है। इसके लिए शासन प्रति छात्र 200 रुपये आवंटित करता है। जिले के 1143 प्राथमिक और उच्च प्राथमिक विद्यालय में पढ़ने वाले 1,45000 बच्चों को ठंड से पहले स्वेटर वितरण करना था। शासनादेश के मुताबिक 31 अक्तूबर तक स्वेटर बंटनी थी। लेकिन अब तक एक लाख 18 हजार बच्चों तक ही स्वेटर पहुंची है। शासन से करीब चार करोड़ के सापेक्ष मात्र दो करोड़ का बजट मिलने से महकमा पूरी स्वेटरें नहीं खरीद पाया। हालांकि प्रशासन के सख्त रवैये के बाद स्वेटर वितरण में तेजी आई। विभाग का दावा है कि 80 फीसदी बच्चों तक स्वेटर पहुंच जाएगी लेकिन अब देखना है कि सभी बच्चों को समय से स्वेटर मिल पाएगी कि नहीं। वहीं दूसरी ओर बीएसए अमित कुमार ने सभी खंड शिक्षा अधिकारियों को निर्देश दिया है कि 20 नवंबर तक हर हाल में शत प्रतिशत स्वेटर का वितरण कर दें। निर्धारित तिथि तक स्वेटर वितरण न होने पर संबंधित पर कार्रवाई तय की जाएगी। उनका कहना है कि बीईओ स्वेटर खरीद लें। बिल भुगतान बाद में बजट आने पर किया जाएगा।
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2017 के सापेक्ष वितरण में तेजी
ज्ञानपुर। प्राथमिक एवं पूर्व माध्यमिक विद्यालयों में स्वेटर वितरण कार्यक्रम 2017 के सापेक्ष इस साल काफी सही है। 2017 में दिसंबर महीने में कड़ाके की ठंड में भी 50 फीसदी बच्चे स्वेटर नहीं पा सके थे लेकिन अबकी बार गुलाबी ठंड शुरू होने के दौरान ही ज्यादातर बच्चों को स्वेटर मिल चुका है।
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