{"_id":"67b8c889c01fe1f56c0c5f84","slug":"posing-as-a-delhi-police-officer-he-was-blackmailed-in-the-name-of-pornographic-videos-and-cheated-basti-news-c-7-1-gkp1039-848769-2025-02-22","type":"story","status":"publish","title_hn":"Basti News: दिल्ली पुलिस का अधिकारी बता अश्लील वीडियो के नाम पर ब्लैकमेल कर ठगी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Basti News: दिल्ली पुलिस का अधिकारी बता अश्लील वीडियो के नाम पर ब्लैकमेल कर ठगी
विज्ञापन
- एआई के जरिये वीडियो एडिट कर भाजपा नेता को किया ब्लैकमेल, साइबर जालसाजों ने ठग लिए सवा नौ लाख रुपये
- साइबर क्राइम थाने में एसपी के आदेश पर दर्ज हुआ केस
बस्ती। साइबर अपराधियों ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के जरिये महिला के साथ भाजपा नेता का फोटो और वीडियो बनाकर ब्लैकमेल करते हुए सवा नौ लाख रुपये वसूल लिए। खुद को दिल्ली पुलिस का अधिकारी बताते हुए जालसाजों ने भाजपा नेता पर दबाव बनाया और अलग-अलग खातों में चार दिन तक रुपये मंगाए। तंग आकर भाजपा नेता ने पुलिस से शिकायत की। एसपी के निर्देश पर साइबर क्राइम थाने में केस दर्ज कर पुलिस ने जांच शुरू कर दी है।
गौर क्षेत्र निवासी भाजपा नेता ने बताया कि 11 नवंबर 2024 को उनके नंबर पर व्हाट्सएप कॉल आई। कॉल करने वाले ने खुद को दिल्ली पुलिस का अधिकारी बताया और एक महिला के साथ भाजपा नेता के अश्लील फोटो और वीडियो मिलने की बात कही। भाजपा नेता का कहना है कि थोड़ी देर बाद उनके मोबाइल पर एक वीडियो भेजा गया जो वीडियो कॉल की फुटेज को किसी महिला के फोटो और वीडियो से जोड़कर बनाया गया था।
इसके बाद जालसाजों ने भाजपा नेता को भेजे वीडियो व फोटो के नाम पर ब्लैकमेल करना शुरू कर दिया। फोटो और वीडियो डिलीट करने के नाम पर रुपये मांगे और रुपये नहीं भेजने पर उनके परिजनों, मित्रों और रिश्तेदारों को वीडियो और फोटो भेजने की धमकी दी। पीड़ित का कहना है कि जग हंसाई के डर से उन्होंने पहले दो लाख रुपये जालसाजों के बताए खाते में भेजे। इसके बाद चार दिन के भीतर दबाव बनाते हुए जालसाजों ने कुल 9.25 लाख रुपये वसूल लिए। इसके बाद भी न तो वीडियो और फोटो डिलीट किया गया और न ही धमकी मिलनी बंद हुई। तंग आकर पीड़ित ने साइबर पुलिस से शिकायत की। साइबर क्राइम थाना प्रभारी विकास यादव ने बताया कि केस दर्ज कर मामले की छानबीन की जा रही है।
विज्ञापन
-- -
चार फरवरी को भी आया था साइबर फ्राॅड का मामला
साइबर अपराधियों ने दुबई में नौकरी कर रहे भाई की गिरफ्तारी का झांसा देकर उसकी बहन से डेढ़ लाख रुपये क्यूआर कोड की मदद से अपने खाते में मंगा लिए। बाद में उसे पता चला कि भाई सही सलामत है और कॉल उसकी आईडी हैक कर की गई थी। जांच में पता चल रहा है कि एआई की मदद से आवाज बदलकर अपराधियों ने झांसा दिया। लालगंज क्षेत्र के कुरमौल निवासी अनुराधा शुक्ला पत्नी सूरज शुक्ला की तहरीर पर पुलस नेकेस दर्ज किया है। चार फरवरी को खुद को आई व्हाट्सएप कॉल में खुद को उनका भाई कुलदीप बताते हुए जालसाज ने कहा कि, मुझे यहां गिरफ्तार कर लिया गया है। क्यूआर कोड भेज रहा हूं, चार लाख रुपये भेज दो। इसके बाद अनुराधा ने एक लाख 50 हजार रुपये ट्रांसफर कर दिए। भाई के बारे में जब दुबई में रह रहे एक रिश्तेदार से मदद मांगने के लिए अनुराधा ने बात की तो उन्होंने बताया कि उनके भाई की सोशल मीडिया की आईडी हैक की गई है।
-- -- -- -- -- --
इस तरह करें बचाव
- अनजान नंबर से आ रहे फोन कॉल का जवाब देने में सतर्कता बरतें।
- अगर कोई परिचित बनकर अनजान नंबर से फोन करे तो पहले उसकी सत्यता की जांच करें।
- फ्रॉड करने वाले अक्सर अर्जेंट, अभी जैसी जरूरतों का बहाना बनाते हैं, इनसे अलर्ट रहें।
- संदिग्ध मैसेज या ईमेल में भेजे गए लिंक पर क्लिक न करें।
- अज्ञात स्रोतों से मिले क्यूआर कोड को स्कैन करने से बचें।
- अपने बैंक या कार्ड से जुड़ी जानकारियां किसी से साझा न करें।
- कुछ भी संदिग्ध लगे तो तुरंत बैंक/पुलिस में शिकायत करें।
- डर/घबराहट से बचें। आपका डर अपराधियों का हथियार बन जाता है।
(साइबर एक्सपर्ट विकास यादव ने दी जानकारी)
-- -
वीडियो वायरल करने की धमकी देकर ब्लैकमेल करने की शिकायत पर साइबर क्राइम थाने में केस दर्ज कर छानबीन कराई जा रही है। साइबर टीम को इसकी तह तक पहुंचकर आरोपियों पर कार्रवाई का निर्देश दिया गया है। - अभिनंदन, एसपी
विज्ञापन
- साइबर क्राइम थाने में एसपी के आदेश पर दर्ज हुआ केस
बस्ती। साइबर अपराधियों ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के जरिये महिला के साथ भाजपा नेता का फोटो और वीडियो बनाकर ब्लैकमेल करते हुए सवा नौ लाख रुपये वसूल लिए। खुद को दिल्ली पुलिस का अधिकारी बताते हुए जालसाजों ने भाजपा नेता पर दबाव बनाया और अलग-अलग खातों में चार दिन तक रुपये मंगाए। तंग आकर भाजपा नेता ने पुलिस से शिकायत की। एसपी के निर्देश पर साइबर क्राइम थाने में केस दर्ज कर पुलिस ने जांच शुरू कर दी है।
गौर क्षेत्र निवासी भाजपा नेता ने बताया कि 11 नवंबर 2024 को उनके नंबर पर व्हाट्सएप कॉल आई। कॉल करने वाले ने खुद को दिल्ली पुलिस का अधिकारी बताया और एक महिला के साथ भाजपा नेता के अश्लील फोटो और वीडियो मिलने की बात कही। भाजपा नेता का कहना है कि थोड़ी देर बाद उनके मोबाइल पर एक वीडियो भेजा गया जो वीडियो कॉल की फुटेज को किसी महिला के फोटो और वीडियो से जोड़कर बनाया गया था।
विज्ञापन
इसके बाद जालसाजों ने भाजपा नेता को भेजे वीडियो व फोटो के नाम पर ब्लैकमेल करना शुरू कर दिया। फोटो और वीडियो डिलीट करने के नाम पर रुपये मांगे और रुपये नहीं भेजने पर उनके परिजनों, मित्रों और रिश्तेदारों को वीडियो और फोटो भेजने की धमकी दी। पीड़ित का कहना है कि जग हंसाई के डर से उन्होंने पहले दो लाख रुपये जालसाजों के बताए खाते में भेजे। इसके बाद चार दिन के भीतर दबाव बनाते हुए जालसाजों ने कुल 9.25 लाख रुपये वसूल लिए। इसके बाद भी न तो वीडियो और फोटो डिलीट किया गया और न ही धमकी मिलनी बंद हुई। तंग आकर पीड़ित ने साइबर पुलिस से शिकायत की। साइबर क्राइम थाना प्रभारी विकास यादव ने बताया कि केस दर्ज कर मामले की छानबीन की जा रही है।
विज्ञापन
चार फरवरी को भी आया था साइबर फ्राॅड का मामला
साइबर अपराधियों ने दुबई में नौकरी कर रहे भाई की गिरफ्तारी का झांसा देकर उसकी बहन से डेढ़ लाख रुपये क्यूआर कोड की मदद से अपने खाते में मंगा लिए। बाद में उसे पता चला कि भाई सही सलामत है और कॉल उसकी आईडी हैक कर की गई थी। जांच में पता चल रहा है कि एआई की मदद से आवाज बदलकर अपराधियों ने झांसा दिया। लालगंज क्षेत्र के कुरमौल निवासी अनुराधा शुक्ला पत्नी सूरज शुक्ला की तहरीर पर पुलस नेकेस दर्ज किया है। चार फरवरी को खुद को आई व्हाट्सएप कॉल में खुद को उनका भाई कुलदीप बताते हुए जालसाज ने कहा कि, मुझे यहां गिरफ्तार कर लिया गया है। क्यूआर कोड भेज रहा हूं, चार लाख रुपये भेज दो। इसके बाद अनुराधा ने एक लाख 50 हजार रुपये ट्रांसफर कर दिए। भाई के बारे में जब दुबई में रह रहे एक रिश्तेदार से मदद मांगने के लिए अनुराधा ने बात की तो उन्होंने बताया कि उनके भाई की सोशल मीडिया की आईडी हैक की गई है।
इस तरह करें बचाव
- अनजान नंबर से आ रहे फोन कॉल का जवाब देने में सतर्कता बरतें।
- अगर कोई परिचित बनकर अनजान नंबर से फोन करे तो पहले उसकी सत्यता की जांच करें।
- फ्रॉड करने वाले अक्सर अर्जेंट, अभी जैसी जरूरतों का बहाना बनाते हैं, इनसे अलर्ट रहें।
- संदिग्ध मैसेज या ईमेल में भेजे गए लिंक पर क्लिक न करें।
- अज्ञात स्रोतों से मिले क्यूआर कोड को स्कैन करने से बचें।
- अपने बैंक या कार्ड से जुड़ी जानकारियां किसी से साझा न करें।
- कुछ भी संदिग्ध लगे तो तुरंत बैंक/पुलिस में शिकायत करें।
- डर/घबराहट से बचें। आपका डर अपराधियों का हथियार बन जाता है।
(साइबर एक्सपर्ट विकास यादव ने दी जानकारी)
वीडियो वायरल करने की धमकी देकर ब्लैकमेल करने की शिकायत पर साइबर क्राइम थाने में केस दर्ज कर छानबीन कराई जा रही है। साइबर टीम को इसकी तह तक पहुंचकर आरोपियों पर कार्रवाई का निर्देश दिया गया है। - अभिनंदन, एसपी