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पत्नी की हत्या में पति को आजीवन कारावास
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पत्नी की हत्या में पति को आजीवन कारावास
फास्ट ट्रैक कोर्ट ने सुनाई सजा, सितंबर 2017 में हुई थी हत्या
संवाद न्यूज एजेंसी
बस्ती। पत्नी की हत्या के मामले में दोषी पति को फास्ट ट्रैक कोर्ट की न्यायाधीश अंकिता दुबे ने मंगलवार को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। अदालत ने दोषी पर 20 हजार रुपये अर्थदंड भी लगाया है। इसकी अदायगी न करने पर एक साल की अतिरिक्त सजा भुगतनी पड़ेगी।
सहायक शासकीय अधिवक्ता प्रदीप कुमार ओझा ने अदालत में घटनाक्रम प्रस्तुत करते हुए बताया कि कप्तानगंज थानाक्षेत्र के मानपुर गांव केा अरुण तिवारी ने हरैया थानाक्षेत्र के सरैया गांव की अर्चना से वर्ष 2012 में कोर्ट मैरिज की थी। धीरे-धीरे दोनों में अनबन बढ़ती गई। 20 सितंबर 2017 को अरुण ने पत्नी की गला दबाकर हत्या कर दी। उसी दिन सुबह 11 बजे मृतका के पिता सतिराम को घटना की जानकारी हुई। उनकी शिकायत पर कप्तानगंज थाने में हत्या का मुकदमा दर्ज हुआ। विवेचना के उपरांत आरोपपत्र अदालत में दाखिल हुआ। दोनों पक्षों की गवाही सुनने के बाद अदालत ने अरुण तिवारी को पत्नी की हत्या के लिए दोषी ठहराते हुए सजा सुनाई।
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फास्ट ट्रैक कोर्ट ने सुनाई सजा, सितंबर 2017 में हुई थी हत्या
संवाद न्यूज एजेंसी
बस्ती। पत्नी की हत्या के मामले में दोषी पति को फास्ट ट्रैक कोर्ट की न्यायाधीश अंकिता दुबे ने मंगलवार को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। अदालत ने दोषी पर 20 हजार रुपये अर्थदंड भी लगाया है। इसकी अदायगी न करने पर एक साल की अतिरिक्त सजा भुगतनी पड़ेगी।
सहायक शासकीय अधिवक्ता प्रदीप कुमार ओझा ने अदालत में घटनाक्रम प्रस्तुत करते हुए बताया कि कप्तानगंज थानाक्षेत्र के मानपुर गांव केा अरुण तिवारी ने हरैया थानाक्षेत्र के सरैया गांव की अर्चना से वर्ष 2012 में कोर्ट मैरिज की थी। धीरे-धीरे दोनों में अनबन बढ़ती गई। 20 सितंबर 2017 को अरुण ने पत्नी की गला दबाकर हत्या कर दी। उसी दिन सुबह 11 बजे मृतका के पिता सतिराम को घटना की जानकारी हुई। उनकी शिकायत पर कप्तानगंज थाने में हत्या का मुकदमा दर्ज हुआ। विवेचना के उपरांत आरोपपत्र अदालत में दाखिल हुआ। दोनों पक्षों की गवाही सुनने के बाद अदालत ने अरुण तिवारी को पत्नी की हत्या के लिए दोषी ठहराते हुए सजा सुनाई।
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