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कार्य से विरत हो आईएमए ने जताया विरोध
basti
Updated Sat, 28 Jul 2018 11:38 PM IST
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ज्ञापन देते अाइऱ्ईएमए के सदस्य।
- फोटो : amar ujala
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बस्ती। इंडियन मेडिकल एसोसिएशन ने शनिवार को धिक्कार दिवस मनाया। इस दौरान एसोसिएशन के सदस्य अपने-अपने नर्सिंग होम व क्लिनिक बंद कर संगठन कार्यालय पर एकत्रित हुए और कलेक्ट्रेट पहुंचे। यहां नेशनल मेडिकल कमीशन बिल के विरोध में पीएम को संबोधित ज्ञापन डीएम डॉ. राजशेखर को दिया।
इससे पहले सचिव डॉ. नवीन श्रीवास्तव के आवास पर बैठक आयोजित हुई। डॉ. नवीन ने कहा कि आईएमए बिल का विरोध करता रहा है। क्योंकि यह अलोकतांत्रिक, गरीबों के खिलाफ, संघीय विरोधी व अमीरों को रास आने वाला है। कहा कि इसके माध्यम से भारत सरकार सभी अधिकारों को केंद्रीयकृत करने का कुचक्र रच रही है। कहा कि लोकतांत्रिक ढंग से चुने एमसीआई को समाप्त कर राष्ट्रीय चिकित्सा आयोग का गठन अलोकतांत्रिक है। इससे राज्य चिकित्सा का प्रतिनिधित्व हाशिए पर कर दिया गया है। इसमें तीन की जगह दस सदस्यों के समूहबद्ध किए जाने की सिफारिश को भी अस्वीकार कर दिया गया है, जिसमें राज्य का प्रतिनिधित्व दस वर्ष की अवधि के लिए अप्रतिनिधित्व हो जाएगा। बैठक के बाद आईएमए का प्रतिनिधि मंडल अध्यक्ष डॉ. अनिल श्रीवास्तव की अगुवाई में कलेक्ट्रेट पहुंचा और ज्ञापन दिया। इस मौके पर डॉ. पीके श्रीवास्तव, डॉ. प्रवीन कुमार श्रीवास्तव, डॉ. अनिल चौधरी, डॉ. कैप्टन पीके मिश्रा, डॉ. अलका शुक्ला, डॉ. दीपक सहित आईएमए के तमाम सदस्य मौजूद रहे।
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इससे पहले सचिव डॉ. नवीन श्रीवास्तव के आवास पर बैठक आयोजित हुई। डॉ. नवीन ने कहा कि आईएमए बिल का विरोध करता रहा है। क्योंकि यह अलोकतांत्रिक, गरीबों के खिलाफ, संघीय विरोधी व अमीरों को रास आने वाला है। कहा कि इसके माध्यम से भारत सरकार सभी अधिकारों को केंद्रीयकृत करने का कुचक्र रच रही है। कहा कि लोकतांत्रिक ढंग से चुने एमसीआई को समाप्त कर राष्ट्रीय चिकित्सा आयोग का गठन अलोकतांत्रिक है। इससे राज्य चिकित्सा का प्रतिनिधित्व हाशिए पर कर दिया गया है। इसमें तीन की जगह दस सदस्यों के समूहबद्ध किए जाने की सिफारिश को भी अस्वीकार कर दिया गया है, जिसमें राज्य का प्रतिनिधित्व दस वर्ष की अवधि के लिए अप्रतिनिधित्व हो जाएगा। बैठक के बाद आईएमए का प्रतिनिधि मंडल अध्यक्ष डॉ. अनिल श्रीवास्तव की अगुवाई में कलेक्ट्रेट पहुंचा और ज्ञापन दिया। इस मौके पर डॉ. पीके श्रीवास्तव, डॉ. प्रवीन कुमार श्रीवास्तव, डॉ. अनिल चौधरी, डॉ. कैप्टन पीके मिश्रा, डॉ. अलका शुक्ला, डॉ. दीपक सहित आईएमए के तमाम सदस्य मौजूद रहे।
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