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40 बंदियों ने दी समतुल्यता परीक्षा, निरक्षर बंदियों को साक्षर बनाने की चल रही कवायद
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40 बंदियों ने दी समतुल्यता परीक्षा, निरक्षर बंदियों को साक्षर बनाने की चल रही कवायद
- 112 बंदियों की जेल परिसर में साक्षर बनाने की मुहिम
संवाद न्यूज एजेंसी
बस्ती। सर्व शिक्षा अभियान के तहत जेल के बंदियों को साक्षर बनाने की कवायद चल रही है। जिसके तहत 112 बंदियों को साक्षर बनाया जा रहा है। जिनमें 40 बंदियों की बृहस्पतिवार को समतुल्यता परीक्षा कराई गई। जिसमें पैंतीस पुरूष व पांच महिला शामिल हैं।
जुलाई से चल रही इस प्रक्रिया के तहत चार शिक्षक उन्हें पढ़ा रहे हैं। प्राथमिक स्तर की शिक्षा देने की जिम्मेदारी जेल के शिक्षक सरजू प्रसाद यादव व अनुदेशक दुर्गेश वरुण तथा महिला बंदी रक्षक नैना, सविता व जेल वार्डर अफशां खातून की है। जेल अधीक्षक डीके पांडेय ने बताया कि इस वक्त जेल के करीब साढ़े नौ बंदी हैं जिसमें सत्तर महिलाएं नौ बच्चे भी शामिल हैं। इनमें विचाराधीन और सजायाफ्ता बंदी भी हैं। अनपढ़ बंदियों को पढ़ाने के पीछे का मकसद है कि वे हिंदी पढ़ सकें और अपने हस्ताक्षर भी कर लें।
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- 112 बंदियों की जेल परिसर में साक्षर बनाने की मुहिम
संवाद न्यूज एजेंसी
बस्ती। सर्व शिक्षा अभियान के तहत जेल के बंदियों को साक्षर बनाने की कवायद चल रही है। जिसके तहत 112 बंदियों को साक्षर बनाया जा रहा है। जिनमें 40 बंदियों की बृहस्पतिवार को समतुल्यता परीक्षा कराई गई। जिसमें पैंतीस पुरूष व पांच महिला शामिल हैं।
जुलाई से चल रही इस प्रक्रिया के तहत चार शिक्षक उन्हें पढ़ा रहे हैं। प्राथमिक स्तर की शिक्षा देने की जिम्मेदारी जेल के शिक्षक सरजू प्रसाद यादव व अनुदेशक दुर्गेश वरुण तथा महिला बंदी रक्षक नैना, सविता व जेल वार्डर अफशां खातून की है। जेल अधीक्षक डीके पांडेय ने बताया कि इस वक्त जेल के करीब साढ़े नौ बंदी हैं जिसमें सत्तर महिलाएं नौ बच्चे भी शामिल हैं। इनमें विचाराधीन और सजायाफ्ता बंदी भी हैं। अनपढ़ बंदियों को पढ़ाने के पीछे का मकसद है कि वे हिंदी पढ़ सकें और अपने हस्ताक्षर भी कर लें।
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