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सीजेएम ने कोतवाल को तलब होने का दिया आदेश
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सीजेएम ने कोतवाल को तलब होने का दिया आदेश
बस्ती। कोतवाली के प्रभारी निरीक्षक को सीजेएम तारकेश्वरी सिंह की अदालत ने 21 अक्तूबर को तलब किया है। अधिवक्ता दिलशाद हसन ने एसपी को प्रार्थनापत्र देकर बताया था कि हंसराज इंटर कॉलेज गनेशपुर के प्रधानाचार्य का पद रिक्त होने पर अधियाचना प्रेषित की गई थी।
उन्होंने आरोप लगाया था कि तथ्यों को छुपाकर प्रधानाचार्य का पद स्थानांतरण से भर दिया गया। प्रधानाचार्य के पद पर डॉ. अवध नारायन मिश्र की तैनाती कर दी गई, जो नियमों के विपरीत है। एसपी के आदेश पर प्रधानाचार्य, तत्कालीन डीआईओएस डॉ. राजेश कुमार आर्या व प्रबंधक शिवपूजन लाल पर कोतवाली पुलिस ने 10 सितंबर 2014 को मुकदमा दर्ज किया था।
इस मामले में विवेचक ने फाइनल रिपोर्ट लगा दी थी। अधिवक्ता ने अदालत में इस रिपोर्ट को चुनौती दे दी। उस पर अदालत ने अग्रिम विवेचना का आदेश अप्रैल 2017 में कोतवाली पुलिस को दिया। मामला तभी से अधर में है और इसकी कोई रिपोट न्यायालय में प्रस्तुत नहीं की गई। न्यायालय ने इसे खराब मानते हुए 21 सितंबर 2022 को कोतवाल से स्पष्टीकरण तलब किया था। हाजिर न होने पर इस बार कोतवाल को तलब किया गया है।
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बस्ती। कोतवाली के प्रभारी निरीक्षक को सीजेएम तारकेश्वरी सिंह की अदालत ने 21 अक्तूबर को तलब किया है। अधिवक्ता दिलशाद हसन ने एसपी को प्रार्थनापत्र देकर बताया था कि हंसराज इंटर कॉलेज गनेशपुर के प्रधानाचार्य का पद रिक्त होने पर अधियाचना प्रेषित की गई थी।
उन्होंने आरोप लगाया था कि तथ्यों को छुपाकर प्रधानाचार्य का पद स्थानांतरण से भर दिया गया। प्रधानाचार्य के पद पर डॉ. अवध नारायन मिश्र की तैनाती कर दी गई, जो नियमों के विपरीत है। एसपी के आदेश पर प्रधानाचार्य, तत्कालीन डीआईओएस डॉ. राजेश कुमार आर्या व प्रबंधक शिवपूजन लाल पर कोतवाली पुलिस ने 10 सितंबर 2014 को मुकदमा दर्ज किया था।
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इस मामले में विवेचक ने फाइनल रिपोर्ट लगा दी थी। अधिवक्ता ने अदालत में इस रिपोर्ट को चुनौती दे दी। उस पर अदालत ने अग्रिम विवेचना का आदेश अप्रैल 2017 में कोतवाली पुलिस को दिया। मामला तभी से अधर में है और इसकी कोई रिपोट न्यायालय में प्रस्तुत नहीं की गई। न्यायालय ने इसे खराब मानते हुए 21 सितंबर 2022 को कोतवाल से स्पष्टीकरण तलब किया था। हाजिर न होने पर इस बार कोतवाल को तलब किया गया है।
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