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Basti News: बिजली कटौती से 30 हजार की आबादी सांसत में
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बस्ती। सोमवार को आई आंधी और बारिश के दूसरे दिन भी देखने को मिला। 24 घंटे बाद भी शहर के आधा दर्जन मोहल्ले और कई गांवों की बिजली आपूर्ति बहाल नहीं हो सकी। भीषण गर्मी में 30 हजार से अधिक लोग बिलबिला उठे। बिजली न आने से कई मोहल्ले में पानी संकट भी गहरा गया है।
बताते हैं कि शहर की करीब 30 हजार से अधिक की आबादी मंगलवार को भीषण गर्मी में बिजली के बिना परेशान रही। बिजली न होने से पेयजल संकट गहरा गया और ग्रामीणों को दूर-दराज लगे हैंडपंपों से पानी भरकर लाना पड़ा। सबसे अधिक परेशानी कंपनीबाग, महरीखांवा, रमेश्वरपुरी, बभनगांवा, आवास विकास, कटरा पानी टंकी, नलकूप कॉलोनी, भूअर निरंजनपुर, तुर्कहिया, सिविल लाइंस की बिजली आपूर्ति सोमवार ढाई बजे से रातभर बाधित रही। मंगलवार को कंपनीबाग, रमेश्वपुरी, जनता होटल, एपीएन पीजी कॉलेज छोड़कर 10 बजे बहाल हुई, मगर दिनभर बिजली की आवाजाही से परेशानी हुई। रमेश्वपुरी में अगले दिन शाम सात बजे तक भी आपूर्ति बहाल नहीं हो सकी थी। इससे इस भीषण गर्मी में पानी के लिए लोग तरस गए। घर में बुजुर्ग, बच्चे व महिलाएं परेशान दिखीं। लोगों को नहाने, धोने व खाना बनाने में भी परेशानी हुई। पानी का पानी बाजार से मंगवाना पड़ा। उपभोक्ता अमन, प्रभा, अर्जुन, पप्पू, सलमान ने बताया कि पूरी रात बिजली के बिना कटी। अगले दिन भी शाम तक बिजली नहीं आई। बताया गया कि सोमवार को आई आंधी और बारिश के दौरान कई स्थानों पर पेड़ गिरने से बिजली व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई थी। कंपनीबाग से महरीखांवा मोहल्ले तक छह खंभे नए लगाए गए। एक नया ट्रांसफार्मर और तार लगाकर आपूर्ति बहाल करने के लिए टीम जुटी रही। एक्सईएन बिजली वितरण खंड प्रथम शुभम पांडेय ने बताया कि पेड़ गिरने से खंभे, तार व ट्रांसफार्मर क्षतिग्रस्त हो गए थे। पेड़ कटने के बाद बिजली मरम्मत का कार्य प्रारंभ हुआ। देर शाम तक प्रभावित इलाकों की बिजली बहाल कर दी जाएगी।
गर्मी और पेयजल संकट से बेहाल रहे ग्रामीण
शहर के कई कॉलोनियों में बिजली गुल रहने से लोगों की दिनचर्या प्रभावित रही। पंखे, कूलर और मोटर बंद होने से उमस भरी गर्मी में लोगों का घरों में रहना मुश्किल हो गया। मोबाइल चार्ज करने के लिए लोगों को बाजारों और रिश्तेदारों के यहां जाना पड़ा। कई गांवों में पानी की टंकियां खाली हो गईं, जिससे लोगों को हैंडपंपों के सहारे अपनी जरूरतें पूरी करनी पड़ीं। वहीं, दुकानदारों को खाद्य पदार्थ, पेय पदार्थ व आइसक्रीम बचाने के लिए कफी जद्दोजहद करना पड़ा। जनरेटर चलाकर काम चलाया गया। तुर्कहिया के अनुज कुमार ने बताया कि आइसक्रीम की दुकान है। बिजली न होने से काफी नुकसान हुआ है।
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बताते हैं कि शहर की करीब 30 हजार से अधिक की आबादी मंगलवार को भीषण गर्मी में बिजली के बिना परेशान रही। बिजली न होने से पेयजल संकट गहरा गया और ग्रामीणों को दूर-दराज लगे हैंडपंपों से पानी भरकर लाना पड़ा। सबसे अधिक परेशानी कंपनीबाग, महरीखांवा, रमेश्वरपुरी, बभनगांवा, आवास विकास, कटरा पानी टंकी, नलकूप कॉलोनी, भूअर निरंजनपुर, तुर्कहिया, सिविल लाइंस की बिजली आपूर्ति सोमवार ढाई बजे से रातभर बाधित रही। मंगलवार को कंपनीबाग, रमेश्वपुरी, जनता होटल, एपीएन पीजी कॉलेज छोड़कर 10 बजे बहाल हुई, मगर दिनभर बिजली की आवाजाही से परेशानी हुई। रमेश्वपुरी में अगले दिन शाम सात बजे तक भी आपूर्ति बहाल नहीं हो सकी थी। इससे इस भीषण गर्मी में पानी के लिए लोग तरस गए। घर में बुजुर्ग, बच्चे व महिलाएं परेशान दिखीं। लोगों को नहाने, धोने व खाना बनाने में भी परेशानी हुई। पानी का पानी बाजार से मंगवाना पड़ा। उपभोक्ता अमन, प्रभा, अर्जुन, पप्पू, सलमान ने बताया कि पूरी रात बिजली के बिना कटी। अगले दिन भी शाम तक बिजली नहीं आई। बताया गया कि सोमवार को आई आंधी और बारिश के दौरान कई स्थानों पर पेड़ गिरने से बिजली व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई थी। कंपनीबाग से महरीखांवा मोहल्ले तक छह खंभे नए लगाए गए। एक नया ट्रांसफार्मर और तार लगाकर आपूर्ति बहाल करने के लिए टीम जुटी रही। एक्सईएन बिजली वितरण खंड प्रथम शुभम पांडेय ने बताया कि पेड़ गिरने से खंभे, तार व ट्रांसफार्मर क्षतिग्रस्त हो गए थे। पेड़ कटने के बाद बिजली मरम्मत का कार्य प्रारंभ हुआ। देर शाम तक प्रभावित इलाकों की बिजली बहाल कर दी जाएगी।
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गर्मी और पेयजल संकट से बेहाल रहे ग्रामीण
शहर के कई कॉलोनियों में बिजली गुल रहने से लोगों की दिनचर्या प्रभावित रही। पंखे, कूलर और मोटर बंद होने से उमस भरी गर्मी में लोगों का घरों में रहना मुश्किल हो गया। मोबाइल चार्ज करने के लिए लोगों को बाजारों और रिश्तेदारों के यहां जाना पड़ा। कई गांवों में पानी की टंकियां खाली हो गईं, जिससे लोगों को हैंडपंपों के सहारे अपनी जरूरतें पूरी करनी पड़ीं। वहीं, दुकानदारों को खाद्य पदार्थ, पेय पदार्थ व आइसक्रीम बचाने के लिए कफी जद्दोजहद करना पड़ा। जनरेटर चलाकर काम चलाया गया। तुर्कहिया के अनुज कुमार ने बताया कि आइसक्रीम की दुकान है। बिजली न होने से काफी नुकसान हुआ है।
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