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शौचालय गंदे पड़े और फाइलों के बारे में नहीं जानते अधिकारी
ब्ययूराो अमर उजाला बरेली
Updated Tue, 26 Apr 2016 01:47 AM IST
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डीआईओएस और बीएसए दफ्तर का बुरा हाल है। शौचालय गंदे हैं। अधिकारी अपने ही रूम में रखी फाइलों के बारे में नहीं जानते हैं। स्लैब बनाकर अभिलेख रखे हैं। फाइलों का रख-रखाव बहुत बुरा है। फाइलों के रजिस्टर का पता ही नहीं है। सीडीओ शिव सहाय अवस्थी की ओर से डीआईओएस और बीएसए दफ्तर के निरीक्षण में यह हकीकत सामने आई है।
सीडीओ शिव सहाय अवस्थी ने बीएसए कार्यालय के निरीक्षण में पाया कि भवन तो ठीक है, लेकिन शौचालय गंदे पड़े हैं। अलमारियों की स्थिति दयनीय है, इसलिए फाइलों का रख-रखाव ठीक नहीं है। पत्रावलियों में पेजिंग नहीं मिली। फाइलों का रजिस्टर नहीं मिला। किसी भी पटल सहायक के पास फाइलों का रजिस्टर नहीं मिला। अलमारियों में रखे अभिलेखों के बारे में पटल सहायक कुछ भी नहीं बता पाए।
वहीं, सीडीओ ने डीआईओएस कार्यालय में देखा कि फाइलें इधर-उधर पड़ी हुई हैं। पाइपों का स्लैब बनाकर अभिलेख रखे गए हैं। अलमारियों की स्थिति भी बहुत खराब पाई गई। प्रशासनिक अधिकारी के कक्ष में रखी फाइलों के बारे में भी वह नहीं बता पाए। अलमारियों के बारे में न बता पाने पर सीडीओ ने नाराजगी व्यक्त की। छात्रवृत्ति पटल सहायक ने बताया कि कुछ विद्यालयों की ओर से छात्रवृत्ति के लिए एक भी आवेदन नहीं आया है। ऐसे विद्यालयों के खिलाफ कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए। एक तरफ जहां कंप्यूटर रखे हुए थे, वहीं पास एक टाइपिंग मशीन भी रखी हुई थी। उन्होंने पूछा कि यह टाइपिंग मशीन क्यों रखी गई है तो बताया गया कि कर्मचारियों को कंप्यूटर की नॉलेज नहीं है। सीडीओ ने ऐसे कर्मचारियों को प्रशिक्षण देने के लिए कहा है।
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पंचायत निर्वाचन में अनुपस्थित कर्मचारियों से बीएसए ने जवाब ही नहीं मांगा
बरेली। त्रिस्तरीय पंचायत निर्वाचन-2015 में अनुपस्थित कर्मचारियों से अब तक जवाब ही नहीं मांगा गया है। सीडीओ ने बीएसए की इस लापरवाही पर नाराजगी व्यक्त की। कहा कि अगर कर्मचारियों से संतोषजनक स्पष्टीकरण नहीं प्रस्तुत किया गया तो उन्हें प्रतिकूल प्रविष्टि दी जाएगी।
मोटरसाइकिल तेल खाती है, इसलिए कबाड़ में डाल दी
बरेली। बीएसए ऑफिस में सीढ़ियों के पास रखी पुरानी मोटर साइकिल के बारे में पूछा गया तो पता चला कि जिला समन्वयक को शासन की ओर से मोटर साइकिल मिली थी। यह मोटर साइकिल बहुत तेल खाती है, इसलिए उन्होंने वह इसे यहीं पर छोड़ गए। सीडीओ ने मोटर साइकिल को तुरंत नीलाम कराने के लिए कहा है।
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सीडीओ शिव सहाय अवस्थी ने बीएसए कार्यालय के निरीक्षण में पाया कि भवन तो ठीक है, लेकिन शौचालय गंदे पड़े हैं। अलमारियों की स्थिति दयनीय है, इसलिए फाइलों का रख-रखाव ठीक नहीं है। पत्रावलियों में पेजिंग नहीं मिली। फाइलों का रजिस्टर नहीं मिला। किसी भी पटल सहायक के पास फाइलों का रजिस्टर नहीं मिला। अलमारियों में रखे अभिलेखों के बारे में पटल सहायक कुछ भी नहीं बता पाए।
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वहीं, सीडीओ ने डीआईओएस कार्यालय में देखा कि फाइलें इधर-उधर पड़ी हुई हैं। पाइपों का स्लैब बनाकर अभिलेख रखे गए हैं। अलमारियों की स्थिति भी बहुत खराब पाई गई। प्रशासनिक अधिकारी के कक्ष में रखी फाइलों के बारे में भी वह नहीं बता पाए। अलमारियों के बारे में न बता पाने पर सीडीओ ने नाराजगी व्यक्त की। छात्रवृत्ति पटल सहायक ने बताया कि कुछ विद्यालयों की ओर से छात्रवृत्ति के लिए एक भी आवेदन नहीं आया है। ऐसे विद्यालयों के खिलाफ कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए। एक तरफ जहां कंप्यूटर रखे हुए थे, वहीं पास एक टाइपिंग मशीन भी रखी हुई थी। उन्होंने पूछा कि यह टाइपिंग मशीन क्यों रखी गई है तो बताया गया कि कर्मचारियों को कंप्यूटर की नॉलेज नहीं है। सीडीओ ने ऐसे कर्मचारियों को प्रशिक्षण देने के लिए कहा है।
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पंचायत निर्वाचन में अनुपस्थित कर्मचारियों से बीएसए ने जवाब ही नहीं मांगा
बरेली। त्रिस्तरीय पंचायत निर्वाचन-2015 में अनुपस्थित कर्मचारियों से अब तक जवाब ही नहीं मांगा गया है। सीडीओ ने बीएसए की इस लापरवाही पर नाराजगी व्यक्त की। कहा कि अगर कर्मचारियों से संतोषजनक स्पष्टीकरण नहीं प्रस्तुत किया गया तो उन्हें प्रतिकूल प्रविष्टि दी जाएगी।
मोटरसाइकिल तेल खाती है, इसलिए कबाड़ में डाल दी
बरेली। बीएसए ऑफिस में सीढ़ियों के पास रखी पुरानी मोटर साइकिल के बारे में पूछा गया तो पता चला कि जिला समन्वयक को शासन की ओर से मोटर साइकिल मिली थी। यह मोटर साइकिल बहुत तेल खाती है, इसलिए उन्होंने वह इसे यहीं पर छोड़ गए। सीडीओ ने मोटर साइकिल को तुरंत नीलाम कराने के लिए कहा है।