{"_id":"6a7396c1e6430628290cc556","slug":"the-police-recovered-the-swindled-amount-of-849-lakh-bareilly-news-c-4-bly1015-939694-2026-08-06","type":"story","status":"publish","title_hn":"Bareilly News: पुलिस ने ठगी गई 8.49 लाख की रकम वापस कराई","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Bareilly News: पुलिस ने ठगी गई 8.49 लाख की रकम वापस कराई
विज्ञापन
बरेली। साइबर क्राइम थाना पुलिस ने धोखाधड़ी के शिकार हुए व्यक्ति को 8 लाख 49 हजार 199 रुपये वापस दिलाए हैं। यह रकम विदेश में नौकरी दिलाने के नाम पर ठगी गई थी। पुलिस ने पीड़ित को थाने बुलाकर रकम लौटाई तो उसकी खुशी का ठिकाना न रहा।
नवाबगंज के गुलड़िया धीमर बबूरा गांव निवासी अनमोल सिंह ने साइबर क्राइम थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया कि सतेंद्र पाल सिंह उर्फ प्रिंस नाम बताकर एक अज्ञात शख्स ने व्हाट्सएप के माध्यम से उनसे संपर्क किया। आरोपी ने उन्हें पर्यटक वीजा और विदेश में नौकरी दिलाने का झांसा दिया। इस बहाने अनमोल सिंह के बैंक खाते से कुल 8 लाख 49 हजार 199 रुपये की धोखाधड़ी हुई। गनीमत रही जो पीड़ित को जल्दी ही धोखाधड़ी का अहसास हो गया।
शिकायत पर तत्काल मामला दर्ज किया गया। एसएसपी अनुराग आर्य ने टीम गठित कर घटना का खुलासा करने एवं पीड़ित को धनराशि वापस दिलाने के निर्देश दिए थे। इंस्पेक्टर कामेश सिंह ने जांच शुरू की, जिसे बाद में प्रभारी निरीक्षक धनंजय पांडेय ने आगे बढ़ाया। पुलिस ने आईसी साइबर पोर्टल, बैंकों और अन्य एजेंसियों से समन्वय स्थापित किया। धन के लेनदेन का ब्योरा खंगालते हुए पुलिस ने धोखाधड़ी की पूरी धनराशि अनमोल सिंह के खाते में वापस करा दी। एसपी क्राइम मनीष सोनकर ने आम जनता से अपील की है कि वे किसी भी अज्ञात व्यक्ति के साथ बैंक खाता, ओटीपी, सीवीवी, यूपीआई पिन या अन्य गोपनीय वित्तीय जानकारी साझा न करें। साइबर धोखाधड़ी होने पर तुरंत राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन 1930 पर कॉल करें। इसके अलावा www.cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज कराएं। साइबर अपराध के विरुद्ध जागरूकता ही सबसे बड़ी सुरक्षा है।
विज्ञापन
विज्ञापन
नवाबगंज के गुलड़िया धीमर बबूरा गांव निवासी अनमोल सिंह ने साइबर क्राइम थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया कि सतेंद्र पाल सिंह उर्फ प्रिंस नाम बताकर एक अज्ञात शख्स ने व्हाट्सएप के माध्यम से उनसे संपर्क किया। आरोपी ने उन्हें पर्यटक वीजा और विदेश में नौकरी दिलाने का झांसा दिया। इस बहाने अनमोल सिंह के बैंक खाते से कुल 8 लाख 49 हजार 199 रुपये की धोखाधड़ी हुई। गनीमत रही जो पीड़ित को जल्दी ही धोखाधड़ी का अहसास हो गया।
विज्ञापन
शिकायत पर तत्काल मामला दर्ज किया गया। एसएसपी अनुराग आर्य ने टीम गठित कर घटना का खुलासा करने एवं पीड़ित को धनराशि वापस दिलाने के निर्देश दिए थे। इंस्पेक्टर कामेश सिंह ने जांच शुरू की, जिसे बाद में प्रभारी निरीक्षक धनंजय पांडेय ने आगे बढ़ाया। पुलिस ने आईसी साइबर पोर्टल, बैंकों और अन्य एजेंसियों से समन्वय स्थापित किया। धन के लेनदेन का ब्योरा खंगालते हुए पुलिस ने धोखाधड़ी की पूरी धनराशि अनमोल सिंह के खाते में वापस करा दी। एसपी क्राइम मनीष सोनकर ने आम जनता से अपील की है कि वे किसी भी अज्ञात व्यक्ति के साथ बैंक खाता, ओटीपी, सीवीवी, यूपीआई पिन या अन्य गोपनीय वित्तीय जानकारी साझा न करें। साइबर धोखाधड़ी होने पर तुरंत राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन 1930 पर कॉल करें। इसके अलावा www.cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज कराएं। साइबर अपराध के विरुद्ध जागरूकता ही सबसे बड़ी सुरक्षा है।
विज्ञापन