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Bareilly News: कारोबार की रफ्तार ने बढ़ा दी जिले की जीडीपी और प्रति व्यक्ति आय
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बरेली। औद्योगिक और व्यापारिक गतिविधियों में बढ़त से जिले का सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) भी रफ्तार भर रहा है। प्रदेश के शीर्ष दस जिलों की सूची में बरेली आठवें पायदान पर है। प्रति व्यक्ति (सकल और निवल घरेलू उत्पाद) आय के मामले में भी जिला 14वें स्थान पर है। निदेशक सांख्यिकी की ओर से हाल ही में जारी रिपोर्ट में इसका खुलासा हुआ है।
आंकड़ों के अनुसार वित्तीय वर्ष 2021-22 में जिले का सकल घरेलू उत्पाद 52,423.42 करोड़ रुपये रहा, जबकि वर्ष 2019-20 में यह 45,715.95 करोड़ रुपये था। यानी दो वर्ष के दौरान जिले की जीडीपी में 6,707 करोड़ रुपये की रिकॉर्ड वृद्धि हुई। जाहिर है कि इस दौरान अर्थव्यवस्था के तीनों क्षेत्र (कृषि, मैन्युफैक्चरिंग, सर्विस सेक्टर) में बढ़त हुई। जबकि, इन्हीं दिनों कोरोना महामारी का प्रकोप भी रहा।
वर्ष 2019-20 में जिले की तात्कालिक जनसंख्या के अनुसार प्रति व्यक्ति आय 77,900 रुपये थी, जो कोरोना महामारी की वजह से वर्ष 2020-21 में घटकर 73,302 रुपये हो गई थी। वर्ष 2021-22 में करीब 12 हजार बढ़कर यह 85,559 रुपये पहुंच गई।
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क्या होती है जिले की जीडीपी
अर्थशास्त्री विजय सिंह राघव के मुताबिक किसी जिले में उत्पादित सभी वस्तुओं, सेवाओं के मूल्य का योग जीडीपी कहा जाता है। ये जिले के आर्थिक परिदृश्य और निवेश प्रोत्साहनों के आकलन पर आधारित होता है। यह कृषि, मैन्युफैक्चरिंग और सर्विस सेक्टर में एक निश्चित समय सीमा में उत्पादित सभी वस्तुओं, सेवाओं का मूल्य है। आकलन आधार वर्ष 2011-12 होता है।
चार वर्ष में धरातल पर उतरे 334 नए उद्योग
जिला प्रशासन के आंकड़ों के अनुसार बीते चार वर्ष में 652 निवेशकों ने उद्योगों की स्थापना के लिए करार किए। इनमें से 334 इकाइयों में उत्पादन शुरू हो गया है। इन्होंने प्रस्तावित ग्राउंड ब्रेकिंग सेरेमनी के लिए सहमति दे दी है। अनुमानित करीब 20 हजार से ज्यादा लोगों को इन इकाइयों में रोजगार मिला है। साथ ही, कारोबारी गतिविधियां तेजी से बढ़ी हैं। स्थानीय स्तर पर नए उद्योग भी स्थापित हो रहे हैं।
मंडल में बदायूं दूसरे, पीलीभीत चौथे स्थान पर
मंडल में सर्वाधिक जीडीपी और प्रति व्यक्ति आय बरेली की है। वर्ष 2021-22 में 26,659.07 करोड़ रुपये जीडीपी के साथ बदायूं दूसरे, 25,082.80 करोड़ जीडीपी के साथ शाहजहांपुर तीसरे, 19,246.40 करोड़ जीडीपी के साथ पीलीभीत चौथे स्थान पर रहा। 68,454 रुपये प्रति व्यक्ति आय के साथ पीलीभीत दूसरे, 62,875 रुपये के साथ शाहजहांपुर तीसरे, 54,763 रुपये के साथ बदायूं चौथे स्थान पर है।
जिले की जीडीपी और जनसंख्या
से तय होती है प्रति व्यक्ति आय
बरेली कॉलेज के अर्थशास्त्र विभाग के प्रभारी रहे प्रदीप सिंघल के मुताबिक प्रति व्यक्ति आय का आकलन जिले की कुल जीडीपी और उस वर्ष की आबादी के अनुपात का औसत निकालकर किया जाता है। यह सभी पर एकसमान लागू होती है, पर किस वर्ग कि कितनी आय है, यह पता नहीं चलता। यानी कुछ लोगों की आय औसत से कई गुना होगी और कुछ की औसत से काफी कम भी हो सकती है। अजीत प्रताप सिंह
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आंकड़ों के अनुसार वित्तीय वर्ष 2021-22 में जिले का सकल घरेलू उत्पाद 52,423.42 करोड़ रुपये रहा, जबकि वर्ष 2019-20 में यह 45,715.95 करोड़ रुपये था। यानी दो वर्ष के दौरान जिले की जीडीपी में 6,707 करोड़ रुपये की रिकॉर्ड वृद्धि हुई। जाहिर है कि इस दौरान अर्थव्यवस्था के तीनों क्षेत्र (कृषि, मैन्युफैक्चरिंग, सर्विस सेक्टर) में बढ़त हुई। जबकि, इन्हीं दिनों कोरोना महामारी का प्रकोप भी रहा।
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वर्ष 2019-20 में जिले की तात्कालिक जनसंख्या के अनुसार प्रति व्यक्ति आय 77,900 रुपये थी, जो कोरोना महामारी की वजह से वर्ष 2020-21 में घटकर 73,302 रुपये हो गई थी। वर्ष 2021-22 में करीब 12 हजार बढ़कर यह 85,559 रुपये पहुंच गई।
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क्या होती है जिले की जीडीपी
अर्थशास्त्री विजय सिंह राघव के मुताबिक किसी जिले में उत्पादित सभी वस्तुओं, सेवाओं के मूल्य का योग जीडीपी कहा जाता है। ये जिले के आर्थिक परिदृश्य और निवेश प्रोत्साहनों के आकलन पर आधारित होता है। यह कृषि, मैन्युफैक्चरिंग और सर्विस सेक्टर में एक निश्चित समय सीमा में उत्पादित सभी वस्तुओं, सेवाओं का मूल्य है। आकलन आधार वर्ष 2011-12 होता है।
चार वर्ष में धरातल पर उतरे 334 नए उद्योग
जिला प्रशासन के आंकड़ों के अनुसार बीते चार वर्ष में 652 निवेशकों ने उद्योगों की स्थापना के लिए करार किए। इनमें से 334 इकाइयों में उत्पादन शुरू हो गया है। इन्होंने प्रस्तावित ग्राउंड ब्रेकिंग सेरेमनी के लिए सहमति दे दी है। अनुमानित करीब 20 हजार से ज्यादा लोगों को इन इकाइयों में रोजगार मिला है। साथ ही, कारोबारी गतिविधियां तेजी से बढ़ी हैं। स्थानीय स्तर पर नए उद्योग भी स्थापित हो रहे हैं।
मंडल में बदायूं दूसरे, पीलीभीत चौथे स्थान पर
मंडल में सर्वाधिक जीडीपी और प्रति व्यक्ति आय बरेली की है। वर्ष 2021-22 में 26,659.07 करोड़ रुपये जीडीपी के साथ बदायूं दूसरे, 25,082.80 करोड़ जीडीपी के साथ शाहजहांपुर तीसरे, 19,246.40 करोड़ जीडीपी के साथ पीलीभीत चौथे स्थान पर रहा। 68,454 रुपये प्रति व्यक्ति आय के साथ पीलीभीत दूसरे, 62,875 रुपये के साथ शाहजहांपुर तीसरे, 54,763 रुपये के साथ बदायूं चौथे स्थान पर है।
जिले की जीडीपी और जनसंख्या
से तय होती है प्रति व्यक्ति आय
बरेली कॉलेज के अर्थशास्त्र विभाग के प्रभारी रहे प्रदीप सिंघल के मुताबिक प्रति व्यक्ति आय का आकलन जिले की कुल जीडीपी और उस वर्ष की आबादी के अनुपात का औसत निकालकर किया जाता है। यह सभी पर एकसमान लागू होती है, पर किस वर्ग कि कितनी आय है, यह पता नहीं चलता। यानी कुछ लोगों की आय औसत से कई गुना होगी और कुछ की औसत से काफी कम भी हो सकती है। अजीत प्रताप सिंह