{"_id":"59cd611b4f1c1bd8538b4e84","slug":"the-days-of-jam-on-the-red-gate-are-going-to-go-now","type":"story","status":"publish","title_hn":"लाल फाटक पर जाम के दिन अब जाने वाले हैं","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
लाल फाटक पर जाम के दिन अब जाने वाले हैं
बरेली
Updated Fri, 29 Sep 2017 02:22 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
लाल फाटक पर हर रोज जाम से जूझने वालों का सालों पुराना इंतजार आखिरकार खत्म हो ही गया। नवरात्र के शुभ दिनों में बृहस्पतिवार को यहां ओवरब्रिज बनाने के लिए निर्माण कार्य की शुरुआत कर दी गई। पहले दिन पिलर बनाने के लिए स्पॉट चिह्नित कर खुदाई का काम किया गया। अनुमान है कि दो साल के अंदर इस ओवरब्रिज पर गाड़ियां दौड़ने लगेंगी और लोगों को जाम से मुक्ति मिल जाएगी।
ओवरब्रिज के निर्माण के लिए बृहस्पतिवार की सुबह विदेशी मशीनों के साथ जरूरी उपकरण भी साइट पर पहुंच गए। नवरात्र के दिन चल रहे हैं लिहाजा सेतु निगम के इंजीनियरों ने शुभ मुहूर्त मानते हुए हाथ के हाथ निर्माण कार्य का शुभारंभ भी करा दिया। इस तरह विदेशी मशीनों से ओवरब्रिज के पिलर बनाने के लिए लिए चिह्नित स्थानों पर खुदाई का काम शुरू हो गया। हालांकि निर्माण कार्य अगले सप्ताह से ही रफ्तार पकड़ पाएगा क्योंकि इस बीच में दशहरा और गांधी जयंती का अवकाश है।
बता दें कि कई सालों से लाल फाटक पर जाम की समस्या बनी हुई है। यहां ओवरब्रिज बनाने के कई प्रस्ताव बने लेकिन फिर रद्दी की टोकरी में चले गए। सूबे में नई सरकार बनने के बाद इस दिशा में काम तेज हुआ है। सांसद धर्मेंद्र कश्यप ने वित्त मंत्री राजेश अग्रवाल से बजट आवंटन कराने का आग्रह किया। केंद्रीय मंत्री संतोष गंगवार से भी रक्षा मंत्रालय में फंसी एनओसी दिलाने की गुहार लगाई। पिछले दिनों राज्य सरकार ने रक्षा मंत्रालय को एक पत्र लिखकर ओवरब्रिज निर्माण परिधि में आ रही 6520.99 वर्ग मीटर भूमि हस्तांतरण कराने को कहा है।
विज्ञापन
- फोरलेन होगा ब्रिज
सहायक अभियंता ओमप्रकाश ने बताया कि लाल फाटक पर बन रहा ओवरब्रिज मंडल में स्टेट हाईवे पर बनने वाला पहला फोरलेन ब्रिज होगा। पहले चरण में टू लेन और इसके बाद दूसरा टू लेन ब्रिज बनेगा।
...फिर बदायूं-आगरा तक फर्राटा
ओवरब्रिज निर्माण से बदायूं और आगरा आदि दिशा में जाने वाले यातायात सुगम होगा। इसके साथ ही कांधरपुर, चनेहटी, बुखारा, चौबारी, आकाशवाणी, दूरदर्शन, आईटीबीपी इलाके की आबादी को भी सीधा लाभ होगा। लाल फाटक तथा दूसरी रेलवे लाइन पर हर दिन औसतन पौने दो सौ से अधिक ट्रेनों का आवागमन होता है। हर दस मिनट के अंतराल पर फाटक बंद हो जाता है जिससे दूर तक जाम लगता है जो ब्रिज बनने के बाद नहीं होगा।
इन्फो
ब्रिज की लंबाई- 953 मीटर
लागत- 82.49 करोड़
कार्यावधि - मार्च 2019
कोट
बृहस्पतिवार से काम शुरू हो गया है। अगले सप्ताह से इसमें तेजी आएगी। अभी ट्रैफिक चलता रहेगा, कोई बाधा होने पर ही रेलवे फाटक बंद कराएंगे। मार्च 2019 से पहले ही आधुनिक मशीनों से निर्माण कार्य पूरा करने की कोशिश होगी।
ओम प्रकाश, सहायक अभियंता
विज्ञापन
ओवरब्रिज के निर्माण के लिए बृहस्पतिवार की सुबह विदेशी मशीनों के साथ जरूरी उपकरण भी साइट पर पहुंच गए। नवरात्र के दिन चल रहे हैं लिहाजा सेतु निगम के इंजीनियरों ने शुभ मुहूर्त मानते हुए हाथ के हाथ निर्माण कार्य का शुभारंभ भी करा दिया। इस तरह विदेशी मशीनों से ओवरब्रिज के पिलर बनाने के लिए लिए चिह्नित स्थानों पर खुदाई का काम शुरू हो गया। हालांकि निर्माण कार्य अगले सप्ताह से ही रफ्तार पकड़ पाएगा क्योंकि इस बीच में दशहरा और गांधी जयंती का अवकाश है।
विज्ञापन
बता दें कि कई सालों से लाल फाटक पर जाम की समस्या बनी हुई है। यहां ओवरब्रिज बनाने के कई प्रस्ताव बने लेकिन फिर रद्दी की टोकरी में चले गए। सूबे में नई सरकार बनने के बाद इस दिशा में काम तेज हुआ है। सांसद धर्मेंद्र कश्यप ने वित्त मंत्री राजेश अग्रवाल से बजट आवंटन कराने का आग्रह किया। केंद्रीय मंत्री संतोष गंगवार से भी रक्षा मंत्रालय में फंसी एनओसी दिलाने की गुहार लगाई। पिछले दिनों राज्य सरकार ने रक्षा मंत्रालय को एक पत्र लिखकर ओवरब्रिज निर्माण परिधि में आ रही 6520.99 वर्ग मीटर भूमि हस्तांतरण कराने को कहा है।
विज्ञापन
- फोरलेन होगा ब्रिज
सहायक अभियंता ओमप्रकाश ने बताया कि लाल फाटक पर बन रहा ओवरब्रिज मंडल में स्टेट हाईवे पर बनने वाला पहला फोरलेन ब्रिज होगा। पहले चरण में टू लेन और इसके बाद दूसरा टू लेन ब्रिज बनेगा।
...फिर बदायूं-आगरा तक फर्राटा
ओवरब्रिज निर्माण से बदायूं और आगरा आदि दिशा में जाने वाले यातायात सुगम होगा। इसके साथ ही कांधरपुर, चनेहटी, बुखारा, चौबारी, आकाशवाणी, दूरदर्शन, आईटीबीपी इलाके की आबादी को भी सीधा लाभ होगा। लाल फाटक तथा दूसरी रेलवे लाइन पर हर दिन औसतन पौने दो सौ से अधिक ट्रेनों का आवागमन होता है। हर दस मिनट के अंतराल पर फाटक बंद हो जाता है जिससे दूर तक जाम लगता है जो ब्रिज बनने के बाद नहीं होगा।
इन्फो
ब्रिज की लंबाई- 953 मीटर
लागत- 82.49 करोड़
कार्यावधि - मार्च 2019
कोट
बृहस्पतिवार से काम शुरू हो गया है। अगले सप्ताह से इसमें तेजी आएगी। अभी ट्रैफिक चलता रहेगा, कोई बाधा होने पर ही रेलवे फाटक बंद कराएंगे। मार्च 2019 से पहले ही आधुनिक मशीनों से निर्माण कार्य पूरा करने की कोशिश होगी।
ओम प्रकाश, सहायक अभियंता