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वेतन को लेकर असमंजस में शिक्षामित्र
बरेली
Updated Wed, 23 Sep 2015 12:44 AM IST
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बरेली। प्रदेश के मुख्यमंत्री अखिलेश यादव से मुलाकात के बाद भले ही शिक्षामित्रों ने अपनी क्रमिक भूख हड़ताल खत्म कर दी है लेकिन इनके वेतन को लेकर अभी भी असमंजस बरकरार है। कोर्ट द्वारा शिक्षामित्रों का समायोजन रद्द करने के बाद सरकार की ओर से भी कोई लिखित आदेश वेतन को लेकर नहीं जारी किया गया। अब बुधवार को गांधी उद्यान में शिक्षामित्र बैठक कर इस पर चर्चा करेंगे। इसके बाद आगे की रणनीति बनाई जाएगी।
शिक्षामित्रों के प्रतिनिधि मंडल ने बताया कि मुख्यमंत्री से उनकी मुलाकात तो हुई लेकिन बातचीत के दौरान कहीं भी मुख्यमंत्री ने अगले माह का वेतन जारी करने का जिक्र नहीं किया। सितंबर की 21 तारीख होने के बाद भी अभी तक पिछले माह का और इस का का वेतन देने का आदेश भी बेसिक शिक्षा अधिकारी ने नहीं दिया है। बताया जा रहा है कि अगर प्रदेश सरकार शिक्षामित्रों का वेतन जारी करती है तो कोर्ट के आदेशाें की अवहेलना होगी। ऐसे में सरकार भी इस ओर कदम बढ़ाने से रुक रही है।
- वेतन जारी करें कि न करें
बेसिक शिक्षा विभाग के लेखाधिकारी केएन शुक्ल ने बेसिक शिक्षा अधिकारी को पत्र लिखकर उनसे पूछा है कि शिक्षामित्रों का वेतन जारी किया जाए कि नहीं। इस पर बीएसए की ओर से अभी कोई जवाब नहीं आया है। बीएसए, लेखाधिकारी के छुट्टी होने के चलते इस पर कोई निर्णय भी नहीं हुआ। कार्यवाहक बीएसए डीएल गुप्ता ने बताया कि वेतन को लेकर शासन स्तर से जब तक स्थिति साफ नहीं होगी तब तक कोई निर्णय नहीं लिया जाएगा।
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- पंचायत चुनाव नहीं करेंगे शिक्षामित्र
शिक्षामित्र नेता दुष्यंत चौहान और केपी सिंह का कहना है कि शिक्षामित्राें को अगर वेतन न मिला तो वे पंचायत चुनाव में ड्यूटी नहीं करेंगे। उन्हाेंने कहा कि एडीएम सिटी की ओर से हरसंभव मदद को कहा गया था, लेकिन इससे हमारी स्थिति खराब होगी।
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शिक्षामित्रों के प्रतिनिधि मंडल ने बताया कि मुख्यमंत्री से उनकी मुलाकात तो हुई लेकिन बातचीत के दौरान कहीं भी मुख्यमंत्री ने अगले माह का वेतन जारी करने का जिक्र नहीं किया। सितंबर की 21 तारीख होने के बाद भी अभी तक पिछले माह का और इस का का वेतन देने का आदेश भी बेसिक शिक्षा अधिकारी ने नहीं दिया है। बताया जा रहा है कि अगर प्रदेश सरकार शिक्षामित्रों का वेतन जारी करती है तो कोर्ट के आदेशाें की अवहेलना होगी। ऐसे में सरकार भी इस ओर कदम बढ़ाने से रुक रही है।
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- वेतन जारी करें कि न करें
बेसिक शिक्षा विभाग के लेखाधिकारी केएन शुक्ल ने बेसिक शिक्षा अधिकारी को पत्र लिखकर उनसे पूछा है कि शिक्षामित्रों का वेतन जारी किया जाए कि नहीं। इस पर बीएसए की ओर से अभी कोई जवाब नहीं आया है। बीएसए, लेखाधिकारी के छुट्टी होने के चलते इस पर कोई निर्णय भी नहीं हुआ। कार्यवाहक बीएसए डीएल गुप्ता ने बताया कि वेतन को लेकर शासन स्तर से जब तक स्थिति साफ नहीं होगी तब तक कोई निर्णय नहीं लिया जाएगा।
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- पंचायत चुनाव नहीं करेंगे शिक्षामित्र
शिक्षामित्र नेता दुष्यंत चौहान और केपी सिंह का कहना है कि शिक्षामित्राें को अगर वेतन न मिला तो वे पंचायत चुनाव में ड्यूटी नहीं करेंगे। उन्हाेंने कहा कि एडीएम सिटी की ओर से हरसंभव मदद को कहा गया था, लेकिन इससे हमारी स्थिति खराब होगी।