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Bareilly News: व्योधन खुर्द में विकास कार्यों की अनियमितता जांच तेज
Wed, 29 Jul 2026 02:32 AM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली
संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली
Updated Wed, 29 Jul 2026 02:32 AM IST
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बरेली। रामनगर ब्लॉक की ग्राम पंचायत व्योधन खुर्द में विकास कार्यों की अनियमितता की शिकायत की जांच में मंगलवार से तेजी आई है। यह जांच करीब एक साल से अधिक समय से लंबित थी। जिलाधिकारी ने अब मामले को गंभीरता से लेते हुए तुरंत रिपोर्ट सौंपने और दोषियों पर सख्त कार्रवाई का आदेश दिया है।
गांव व्योधन खुर्द निवासी संचित कुमार शर्मा ने 25 अगस्त 2025 को जिलाधिकारी कार्यालय में लिखित शिकायत की थी। उन्होंने ग्राम पंचायतों में हुए विकास कार्यों में अनियमितता के आरोप लगाए थे। जिलाधिकारी ने तत्कालीन परियोजना निदेशक को जांच सौंपी थी। जांच अधिकारी ने जिला पंचायत राज विभाग और ग्राम प्रधान से संबंधित दस्तावेज मांगे थे। हालांकि, ये दस्तावेज उपलब्ध नहीं कराए गए, जिससे जांच एक साल से अधिक समय तक रुकी रही। अब टीम ने गांव पहुंचकर ग्राम प्रधान और अन्य ब्लॉक अधिकारियों से शिकायती बिंदुओं के आधार पर जांच आरंभ कर दी है।
जांच टीम के अनुसार, शिकायतकर्ता संचित कुमार शर्मा और ग्राम प्रधान को बयान के लिए कई बार बुलाया गया। शिकायतकर्ता ने हर बार नोएडा में होने की बात कही, वहीं प्रधान भी टालमटोल करते रहे। परियोजना निदेशक चंद्र प्रकाश ने बताया कि शिकायतकर्ता अधिकांश समय नोएडा में रहता है और दूसरा पक्ष भी प्रस्तुत नहीं हुआ। उन्होंने कहा कि जल्द ही मामले की जांच पूरी कर रिपोर्ट के आधार पर कार्रवाई की जाएगी। शिकायतकर्ता ने आरटीआई के माध्यम से भी बीते पांच वर्षों के विकास कार्य और व्यय बजट का ब्योरा मांगा है।
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गांव व्योधन खुर्द निवासी संचित कुमार शर्मा ने 25 अगस्त 2025 को जिलाधिकारी कार्यालय में लिखित शिकायत की थी। उन्होंने ग्राम पंचायतों में हुए विकास कार्यों में अनियमितता के आरोप लगाए थे। जिलाधिकारी ने तत्कालीन परियोजना निदेशक को जांच सौंपी थी। जांच अधिकारी ने जिला पंचायत राज विभाग और ग्राम प्रधान से संबंधित दस्तावेज मांगे थे। हालांकि, ये दस्तावेज उपलब्ध नहीं कराए गए, जिससे जांच एक साल से अधिक समय तक रुकी रही। अब टीम ने गांव पहुंचकर ग्राम प्रधान और अन्य ब्लॉक अधिकारियों से शिकायती बिंदुओं के आधार पर जांच आरंभ कर दी है।
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जांच टीम के अनुसार, शिकायतकर्ता संचित कुमार शर्मा और ग्राम प्रधान को बयान के लिए कई बार बुलाया गया। शिकायतकर्ता ने हर बार नोएडा में होने की बात कही, वहीं प्रधान भी टालमटोल करते रहे। परियोजना निदेशक चंद्र प्रकाश ने बताया कि शिकायतकर्ता अधिकांश समय नोएडा में रहता है और दूसरा पक्ष भी प्रस्तुत नहीं हुआ। उन्होंने कहा कि जल्द ही मामले की जांच पूरी कर रिपोर्ट के आधार पर कार्रवाई की जाएगी। शिकायतकर्ता ने आरटीआई के माध्यम से भी बीते पांच वर्षों के विकास कार्य और व्यय बजट का ब्योरा मांगा है।
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