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Bareilly News: कोरोना काल में ली गई फीस लौटाने में आनाकानी कर रहे निजी स्कूल
Thu, 08 Feb 2024 03:33 AM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली
संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली
Updated Thu, 08 Feb 2024 03:33 AM IST
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बरेली। कोर्ट की ओर से कोरोना काल में ली गई फीस का 15 फीसदी हिस्सा वापस करने के आदेश के बाद भी निजी स्कूल इसमें आनाकानी कर रहे हैं। कई स्कूलों ने नए सत्र में फीस समायोजित तो की है, पर जिन विद्यार्थियों ने स्कूल छोड़ दिया है, उनकी फीस नहीं लौटाई गई है। अभिभावकों ने बताया कि कोर्ट के आदेश के बाद उनसे फॉर्म तो भरवाया गया, लेकिन अब तक फीस नहीं लौटाई गई। वहीं, निजी स्कूलों का दावा है कि कोरोना काल में उनकी ओर से फीस नहीं बढ़ाई गई थी। अभिभावकों को काफी सहूलियतें भी दी गई थीं। ऐसे में जब फीस लौटाने के लिए स्कूलों को भी सहूलियत मिलनी चाहिए।
अभिभावक अंशु गुप्ता ने बताया कि बेटा अल्मा मातेर स्कूल में पढ़ता है। फीस वापसी के लिए फॉर्म भरवाया गया, लेकिन पैसे नहीं लौटाए गए। अभिभावक महबूब खान ने बताया कि विशप कॉनराड में बेटे की फीस वापसी के लिए बात की थी। स्कूल प्रबंधन की ओर से फॉर्म भरवाया गया लेकिन अब तक पैसे नहीं लौटाए हैं। अभिभावक मेघा मिश्रा ने बताया कि बेटा बीबीएल पब्लिक स्कूल अलखनाथ रोड में पढ़ता है। कोविड काल की फीस वापसी के लिए स्कूल की ओर से यह कहकर बात टाल दी गई थी कि अभी कोर्ट की ओर से कोई स्पष्ट निर्देश नहीं हैं।
स्कूल प्रबंधन का तर्क : अभी स्थिति स्पष्ट नहीं
कोर्ट का दूसरी बार आदेश आने से पहले ही हमने कई अभिभावकों को फीस वापस कर दी थी। कोर्ट का दोबारा आदेश आने के बाद स्थिति स्पष्ट नहीं है, लेकिन अभिभावकों की फीस लौटाने में स्कूल की ओर से कोई कोताही नहीं की गई है। श्यामेश शर्मा, बीबीएल अलखनाथ रोड
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हमने कोविड काल में फीस नहीं बढ़ाई थी, लिहाजा हम 15 फीसदी नहीं लौटाएंगे। कुछ एप्लीकेशन हमें मिले हैं, उनका पांच फीसदी पैसा हम लौटाने को तैयार हैं। कुछ अभिभावकों को कोविड काल में छूट दी गई थी, उन्हें यह राशि नहीं लौटाई जाएगी। - फादर शाजी क्रिस्टोफर, विशप कॉनराड
राज्य सरकार के आदेश का कर रहे हैं इंतजार
हम कोर्ट के आदेश के आधार पर कैसे फीस वापस कर सकते हैं। हमें फीस लौटाने में कोई आपत्ति नहीं है, अभिभावकों से फॉर्म भी भरवा लिए हैं पर जब तक राज्य सरकार कोई आदेश नहीं देती, हम फीस नहीं लौटाएंगे। - राजीव ढींगरा, अल्मा मातेर
किसी भी स्कूल को फीस लौटाने में आपत्ति नहीं है। इस समय स्कूलों के पास सीमित फंड है, लेकिन प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। स्कूलों में फॉर्म भरवाए जा रहे हैं। इस वित्तीय वर्ष के अंत तक मामलों के निस्तारण का प्रयास किया जाएगा। - निर्भय बेनीबाल, इंडिपेंडेंट स्कूल एसोसिएशन
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वर्जन
स्कूलों को फीस वापसी के लिए आदेश दिया गया है। किसी अभिभावक को यदि फीस वापसी में कोई दिक्कत आ रही है तो फीस की रसीदें लेकर मेरे कार्यालय में आ सकते हैं। मैं मामले का निस्तारण कराऊंगा। - देवकी सिंह, डीआईओएस
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अभिभावक अंशु गुप्ता ने बताया कि बेटा अल्मा मातेर स्कूल में पढ़ता है। फीस वापसी के लिए फॉर्म भरवाया गया, लेकिन पैसे नहीं लौटाए गए। अभिभावक महबूब खान ने बताया कि विशप कॉनराड में बेटे की फीस वापसी के लिए बात की थी। स्कूल प्रबंधन की ओर से फॉर्म भरवाया गया लेकिन अब तक पैसे नहीं लौटाए हैं। अभिभावक मेघा मिश्रा ने बताया कि बेटा बीबीएल पब्लिक स्कूल अलखनाथ रोड में पढ़ता है। कोविड काल की फीस वापसी के लिए स्कूल की ओर से यह कहकर बात टाल दी गई थी कि अभी कोर्ट की ओर से कोई स्पष्ट निर्देश नहीं हैं।
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स्कूल प्रबंधन का तर्क : अभी स्थिति स्पष्ट नहीं
कोर्ट का दूसरी बार आदेश आने से पहले ही हमने कई अभिभावकों को फीस वापस कर दी थी। कोर्ट का दोबारा आदेश आने के बाद स्थिति स्पष्ट नहीं है, लेकिन अभिभावकों की फीस लौटाने में स्कूल की ओर से कोई कोताही नहीं की गई है। श्यामेश शर्मा, बीबीएल अलखनाथ रोड
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हमने कोविड काल में फीस नहीं बढ़ाई थी, लिहाजा हम 15 फीसदी नहीं लौटाएंगे। कुछ एप्लीकेशन हमें मिले हैं, उनका पांच फीसदी पैसा हम लौटाने को तैयार हैं। कुछ अभिभावकों को कोविड काल में छूट दी गई थी, उन्हें यह राशि नहीं लौटाई जाएगी। - फादर शाजी क्रिस्टोफर, विशप कॉनराड
राज्य सरकार के आदेश का कर रहे हैं इंतजार
हम कोर्ट के आदेश के आधार पर कैसे फीस वापस कर सकते हैं। हमें फीस लौटाने में कोई आपत्ति नहीं है, अभिभावकों से फॉर्म भी भरवा लिए हैं पर जब तक राज्य सरकार कोई आदेश नहीं देती, हम फीस नहीं लौटाएंगे। - राजीव ढींगरा, अल्मा मातेर
किसी भी स्कूल को फीस लौटाने में आपत्ति नहीं है। इस समय स्कूलों के पास सीमित फंड है, लेकिन प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। स्कूलों में फॉर्म भरवाए जा रहे हैं। इस वित्तीय वर्ष के अंत तक मामलों के निस्तारण का प्रयास किया जाएगा। - निर्भय बेनीबाल, इंडिपेंडेंट स्कूल एसोसिएशन
वर्जन
स्कूलों को फीस वापसी के लिए आदेश दिया गया है। किसी अभिभावक को यदि फीस वापसी में कोई दिक्कत आ रही है तो फीस की रसीदें लेकर मेरे कार्यालय में आ सकते हैं। मैं मामले का निस्तारण कराऊंगा। - देवकी सिंह, डीआईओएस