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बर्खास्तगी के खिलाफ आमरण अनशन पर बैठीं कार्यकत्री
बरेली
Updated Thu, 18 Jun 2015 02:08 AM IST
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आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों को बहेड़ी तहसील की ग्राम पंचायतों के रैपिड सर्वे का विरोध महंगा पड़ गया। एसडीएम की सिफारिश पर डीएम ने तीन कार्यकत्रियों की सेवा समाप्त करने के आदेश जिला कार्यक्रम अधिकारी को दिए हैं। वहीं दूसरी ओर अनुशासनहीनता पर प्रभारी सीडीपीओ रमा मौर्य के निलंबन के लिए निदेशक को लिखने के निर्देश भी दिए हैं। उसी के विरोध में बरेली के सेठ दामोदर स्वरुप पार्क में आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों ने अनशन शुरु कर दिया है। उनमें से तीन आमरण अनशन पर बैठ गईं हैं।
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शासन के निर्देश पर ग्राम पंचायतों को पिछड़ी जाति के लिए आरक्षित करने के लिए रैपिड सर्वे हो रहा है। जिसमें आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों को लगाया गया है लेकिन बहेड़ी की कार्यकत्रियों ने एसडीएम की बैठक में विरोध किया। यहां तक कि रैपिड सर्वे का बहिष्कार करते हुए स्टेशनरी लेने मना कर दिया था। डीएम ने इस मामले में एसडीएम की रिपोर्ट के आधार पर मंडनपुर शुमाली की कार्यकत्री पुष्पा शर्मा, मल्हपुर सबराह की रजनी सक्सेना तथा सियाठेरी की पीतम कुमारी को बर्खास्त करने के आदेश किए । बहेड़ी की प्रभारी सीडीपीओ रमा मौर्या को निलंबित करने का प्रस्ताव निदेशक को भेजने के निर्देश दिए।
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इस कार्रवाई से आक्रोशित जिलेभर की आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों ने दामोदर पार्क में बेमियादी अनशन शुरु कर दिया है। इन्हीं के साथ तीन कार्यकत्री बहेड़ी की पुष्पा शर्मा, क्यारा की संगीता और सारदा देवी ने आमरण अनशन शुरु कर दिया है। इनका आरोप है कि एसडीएम की बैठक में तहसीलदार ने अभद्र व्यवहार किया था। उनकी मांग है कि अभद्र व्यवहार करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाए। साथ ही आंगनबाड़ी कार्यकत्री के खिलाफ की गई कार्रवाई वापस ली जाए।
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सफाई कर्मचारी और प्रेरक करेंगे सर्वे
आंगनबाडी कार्यकत्रियों के बहिष्कार के बाद बैक फुट पर आया प्रशासन
बहेड़ी। आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों के गुस्से और वार्ता विफल होने के बाद प्रशासन ने अब सफाई कर्मचारियों तथा प्रेरकों से रेपिड सर्वे कराने का फैसला लिया है। सर्वे को लेकर कई दिनों से आंगनबाड़ी कार्यकत्रियाें और प्रशासन के बीच विवाद चल रहा है। तहसीलदार और एडीओ पंचायत की कार्यकत्रियाें से झड़प के बाद सोमवार को एसडीएम ने कार्यकत्रियों को बुलाकर सर्वे करने को पूछा था। सभी ने अतिरिक्त जिम्मेदारी बताकर सर्वे करने से इंकार कर दिया था। तीन कार्यकत्रियों की सेवा समाप्ति की सिफारिश कर एसडीएम ने डीएम को रिपोर्ट को भेजी थी। बात न बनती देख अब एडीओ पंचायत ने रेपिड सर्वे के काम में ब्लाक के सफाई कर्मचारियाें और प्रेरकाें को जुटाया है। सर्वे का काम भी शुरू हो गया है। प्रशासन का कहना है कि अब समय - समय पर आंगनबाड़ी केंद्रों का औचक निरीक्षण करेंगे। खामियां मिलने पर कार्यकत्रियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।