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फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए थाना घेरा
सार
परगवां के प्रधान हत्याकांड के मुख्य आरोपी समेत चारों फरार, 24 घंटे में गिरफ्तारी का वादा पूरा नहीं कर पाई पुलिस
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भीड़ को समझाते पुलिस वाले।
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, बरेली
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विस्तार
आरोपी की पत्नी समेत कई रिश्तेदारों को हिरासत में लिया
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दर्जन भर नंबर सर्विलांस पर लगाए, पीलीभीत में भी दबिश
बरेली। परगवां के प्रधान इशहाक की हत्या का मुख्य आरोपी मोहर सिंह समेत चार अभी पुलिस की पकड़ से बाहर है। उनकी गिरफ्तारी को लेकर शाम को प्रधान समर्थकों ने कैंट थाने का घेराव कर लिया। इस दौरान पुलिस ने मोहर सिंह की पत्नी समेत कई के हिरासत में होने की जानकारी दी तो वे लोग लौट गए।
बृहस्पतिवार शाम पत्नी शकीना के साथ कांधरपुर से लौटने के दौरान परगवां के नवनिर्वाचित प्रधान इशहाक की ताबड़तोड़ फायरिंग करके हत्या कर दी गई थी। इस मामले में इशहाक की बहन शीवा रानी ने थाना कैंट में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इसमें परगवां निवासी पूर्व प्रधान मोहर सिंह, उसका बेटा अनुराग, उसका दामाद भुता के गांव सिंघाई निवासी भगवत पटेल, पूर्व प्रधान रतन लाल और उसके बेटे राहुल को आरोपी बनाया गया है। घटना की रात ही पुलिस ने रतन लाल और उसके बेटे राहुल को हिरासत में ले लिया था। वहीं, मोहर सिंह अब तक पुलिस के हाथ नहीं आया है। इसके चलते पुलिस ने उसकी पत्नी समेत आधा दर्जन से अधिक रिश्तेदारों को हिरासत में लेकर थाने में बैठाया है। उनसे पूछताछ कर मोहर सिंह का सुराग लगाने की कोशिश हो रही है। दर्जन भर से ज्यादा नंबर सर्विलांस पर लगाने के साथ ही शनिवार को पुलिस ने मोहर सिंह की तलाश में पीलीभीत में दबिश दी लेकिन वह नहीं मिला।
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वहीं, अल्टीमेटम के 24 घंटे पूरे होने के बाद शाम करीब सात बजे परगवां से प्रधान के समर्थक और परिवार वालों ने कैंट थाने पहुंचकर घेराव कर लिया। उन लोगों ने फरार आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी की मांग की तो इंस्पेक्टर राजीव सिंह ने उन्हें बताया कि कई लोगों को हिरासत में लेकर बैठाया है। इसके बाद वे लोग शांत होकर चले गए।
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नामजदगी को लेकर संशय में पुलिस, हो रही जांच
इस मामले में पुलिस पूर्व प्रधान रतन सिंह और उसके बेटे राहुल की नामजदगी को लेकर संशय में है। पुलिस के मुताबिक घटना के बाद ही परगवां गांव में जब दबिश दी गई तो दोनों ही अपने घर में मौजूद मिले थे जबकि अन्य सभी आरोपी फरार है। हालांकि घटना की चश्मदीद प्रधान इशहाक की पत्नी शकीना ने उन्हें वारदात में शामिल बताया है लेकिन फिर भी पुलिस सभी बिंदुओं पर जांच कर रही है। कैंट इंस्पेक्टर राजीव सिंह का कहना है कि वारदात में अन्य लोग भी शामिल हो सकते हैं।
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दर्जन भर नंबर सर्विलांस पर लगाए, पीलीभीत में भी दबिश बरेली। परगवां के प्रधान इशहाक की हत्या का मुख्य आरोपी मोहर सिंह समेत चार अभी पुलिस की पकड़ से बाहर है। उनकी गिरफ्तारी को लेकर शाम को प्रधान समर्थकों ने कैंट थाने का घेराव कर लिया। इस दौरान पुलिस ने मोहर सिंह की पत्नी समेत कई के हिरासत में होने की जानकारी दी तो वे लोग लौट गए।
बृहस्पतिवार शाम पत्नी शकीना के साथ कांधरपुर से लौटने के दौरान परगवां के नवनिर्वाचित प्रधान इशहाक की ताबड़तोड़ फायरिंग करके हत्या कर दी गई थी। इस मामले में इशहाक की बहन शीवा रानी ने थाना कैंट में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इसमें परगवां निवासी पूर्व प्रधान मोहर सिंह, उसका बेटा अनुराग, उसका दामाद भुता के गांव सिंघाई निवासी भगवत पटेल, पूर्व प्रधान रतन लाल और उसके बेटे राहुल को आरोपी बनाया गया है। घटना की रात ही पुलिस ने रतन लाल और उसके बेटे राहुल को हिरासत में ले लिया था। वहीं, मोहर सिंह अब तक पुलिस के हाथ नहीं आया है। इसके चलते पुलिस ने उसकी पत्नी समेत आधा दर्जन से अधिक रिश्तेदारों को हिरासत में लेकर थाने में बैठाया है। उनसे पूछताछ कर मोहर सिंह का सुराग लगाने की कोशिश हो रही है। दर्जन भर से ज्यादा नंबर सर्विलांस पर लगाने के साथ ही शनिवार को पुलिस ने मोहर सिंह की तलाश में पीलीभीत में दबिश दी लेकिन वह नहीं मिला।
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वहीं, अल्टीमेटम के 24 घंटे पूरे होने के बाद शाम करीब सात बजे परगवां से प्रधान के समर्थक और परिवार वालों ने कैंट थाने पहुंचकर घेराव कर लिया। उन लोगों ने फरार आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी की मांग की तो इंस्पेक्टर राजीव सिंह ने उन्हें बताया कि कई लोगों को हिरासत में लेकर बैठाया है। इसके बाद वे लोग शांत होकर चले गए।
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