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आरोग्य सेतु एप का इशारा अफसरों ने नकारा
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आरोग्य सेतु
- फोटो : आरोग्य सेतु
बरेली। कोरोना से जंग में जिस आरोग्य सेतु एप को सरकार सबसे शक्तिशाली हथियार बता रही है, उस पर दिख रहा डाटा लगातार शहर के लोगों की नींद उड़ा रहा है। एप के मुताबिक, शहर में कोरोना संक्रमितों की तादाद लगातार बढ़ रही है। उधर, स्वास्थ्य विभाग के अफसर एप के बारे में कुछ बोलने को तैयार नहीं हैं। यह दावा जरूर कर रहे हैं कि शहर में इस समय सिर्फ चार संक्रमित है और वो भी आइसोलेशन में हैं।
प्रधानमंत्री मोदी की ओर से आरोग्य सेतु एप को कोरोना के खिलाफ जंग में प्रमुख हथियार बताए जाने के बाद तमाम लोगों ने इस एप को डाउनलोड किया है और उस पर सेल्फ रिस्क असेसमेंट भी कर रहे हैं। वैसे तो यह एप लोगों की ओर से दर्ज की गई व्यक्तिगत जानकारी को गुप्त रखता है मगर कुछ दिनों से यह ऐप शहर में ऐसे इलाकों में संक्रमितों के मौजूद होने की रिपोर्ट दे रहा है, जहां स्वास्थ्य विभाग की रिपोर्ट के मुताबिक कोई संक्रमित नहीं है। बृहस्पतिवार को भी यह एप सिविल लाइंस जंक्शन रोड से एक किमी, सुभाषनगर में पांच सौ मीटर, रामवाटिका के एक किमी और सर्वोदय नगर के पांच सौ मीटर के दायरे में कोरोना संक्रमित की मौजूदगी दिखाता रहा। इससे इन इलाकों में लोगों के जेहन में आशंकाएं मंडराती रहीं। कई लोगों ने बताया कि उन्होंने एप पर आ रहे ब्योरे की पुष्टि के लिए स्वास्थ्य विभाग के हेल्पलाइन नंबर पर भी कॉल की मगर वहां कॉल ही रिसीव नहीं हुई। एकाध बार फोन उठा भी तो उनके इलाके में कोई संक्रमित न होने की बात कहकर काट दिया गया।
खतरे का इशारा या फिर कोई शरारत
दहशत फैलाने के लिए जानबूझकर एप पर गलत ब्योरा दर्ज करने की भी आशंका
एप पर साझा जानकारी पुष्टि के लिए स्क्रीनिंग करने का नियम पर अफसर बेखबर
आरोग्य सेतु एप पर कोरोना संक्रमितों के बारे में आ रहा विवरण लोगों को लगातार बेचैन कर रहा है। स्वास्थ्य विभाग के अफसरों की खामोशी उनकी बेचैनी और बढ़ा रही है। लोगों में यह तक आशंकाएं हैं कि कहीं ऐसा न हो कि स्वास्थ्य विभाग उन्हें खतरे से बेखबर रखे और कोई अप्रिय नतीजे एकाएक सामने आ जाएं। हालांकि एक आशंका यह भी है कि कुछ लोगों ने शहर में दहशत फैलाने के लिए शरारतन इस एप पर ऐसी जानकारी फीड कर दी हो कि वह उसी के मुताबिक कोरोना संक्रमितों की संख्या बढ़ती हुई दिखा रहा हो। नियमों के मुताबिक एप पर जिस इलाके में कोरोना संक्रमित होने की रिपोर्ट आ रही है, वहां प्रशासन की ओर से स्क्रीनिंग कराया जाना जरूरी है ताकि पुष्टि हो सके कि व्यक्ति संक्रमित है लेकिन फिलहाल ऐसा कुछ नहीं हो रहा है। बता दें कि आरोग्य सेतु एप यूजर की ओर से दिए डाटा को संरक्षित करता है। इसे ही आधार मानकर एप दस किमी तक के दायरे में संक्रमितों जानकारी साझा करता है। अगर किसी ने दहशत फैलाने के लिए गलत ब्योरा एप पर अपलोड किया है तब भी एप की विश्वसनीयता बरकरार रखने के लिए भी स्क्रीनिंग जरूरी है।
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अफसर बोले: जिले में सिर्फ चार संक्रमित
सीएमओ डॉ. विनीत शुक्ल का कहना है कि हो सकता है कि किसी तकनीकी समस्या से एप अलग-अलग इलाकों में संक्रमित बता रहा हो। उन्होंने इसकी सटीक जानकारी होने से इनकार करते हुए बताया कि बरेली में ब्रहम्पुरा में दो, फरीदपुर के परा मोहल्ला और रामनगर के शहबाजपुर सिपल्ली में एक-एक कोरोना संक्रमित हैं। इसके अलावा और कोई एक्टिव केस नहीं है। तमाम इलाकों में स्वास्थ्य विभाग की टीम संदिग्ध संक्रमितों को ट्रेस कर रही हैं। एप लोगों की ओर से दर्ज की गई जानकारी पर ही रिपोर्ट देता है। लोगों को चाहिए कि वह सही जानकारी ही भरें।
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प्रधानमंत्री मोदी की ओर से आरोग्य सेतु एप को कोरोना के खिलाफ जंग में प्रमुख हथियार बताए जाने के बाद तमाम लोगों ने इस एप को डाउनलोड किया है और उस पर सेल्फ रिस्क असेसमेंट भी कर रहे हैं। वैसे तो यह एप लोगों की ओर से दर्ज की गई व्यक्तिगत जानकारी को गुप्त रखता है मगर कुछ दिनों से यह ऐप शहर में ऐसे इलाकों में संक्रमितों के मौजूद होने की रिपोर्ट दे रहा है, जहां स्वास्थ्य विभाग की रिपोर्ट के मुताबिक कोई संक्रमित नहीं है। बृहस्पतिवार को भी यह एप सिविल लाइंस जंक्शन रोड से एक किमी, सुभाषनगर में पांच सौ मीटर, रामवाटिका के एक किमी और सर्वोदय नगर के पांच सौ मीटर के दायरे में कोरोना संक्रमित की मौजूदगी दिखाता रहा। इससे इन इलाकों में लोगों के जेहन में आशंकाएं मंडराती रहीं। कई लोगों ने बताया कि उन्होंने एप पर आ रहे ब्योरे की पुष्टि के लिए स्वास्थ्य विभाग के हेल्पलाइन नंबर पर भी कॉल की मगर वहां कॉल ही रिसीव नहीं हुई। एकाध बार फोन उठा भी तो उनके इलाके में कोई संक्रमित न होने की बात कहकर काट दिया गया।
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खतरे का इशारा या फिर कोई शरारत
दहशत फैलाने के लिए जानबूझकर एप पर गलत ब्योरा दर्ज करने की भी आशंका
एप पर साझा जानकारी पुष्टि के लिए स्क्रीनिंग करने का नियम पर अफसर बेखबर
आरोग्य सेतु एप पर कोरोना संक्रमितों के बारे में आ रहा विवरण लोगों को लगातार बेचैन कर रहा है। स्वास्थ्य विभाग के अफसरों की खामोशी उनकी बेचैनी और बढ़ा रही है। लोगों में यह तक आशंकाएं हैं कि कहीं ऐसा न हो कि स्वास्थ्य विभाग उन्हें खतरे से बेखबर रखे और कोई अप्रिय नतीजे एकाएक सामने आ जाएं। हालांकि एक आशंका यह भी है कि कुछ लोगों ने शहर में दहशत फैलाने के लिए शरारतन इस एप पर ऐसी जानकारी फीड कर दी हो कि वह उसी के मुताबिक कोरोना संक्रमितों की संख्या बढ़ती हुई दिखा रहा हो। नियमों के मुताबिक एप पर जिस इलाके में कोरोना संक्रमित होने की रिपोर्ट आ रही है, वहां प्रशासन की ओर से स्क्रीनिंग कराया जाना जरूरी है ताकि पुष्टि हो सके कि व्यक्ति संक्रमित है लेकिन फिलहाल ऐसा कुछ नहीं हो रहा है। बता दें कि आरोग्य सेतु एप यूजर की ओर से दिए डाटा को संरक्षित करता है। इसे ही आधार मानकर एप दस किमी तक के दायरे में संक्रमितों जानकारी साझा करता है। अगर किसी ने दहशत फैलाने के लिए गलत ब्योरा एप पर अपलोड किया है तब भी एप की विश्वसनीयता बरकरार रखने के लिए भी स्क्रीनिंग जरूरी है।
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अफसर बोले: जिले में सिर्फ चार संक्रमित
सीएमओ डॉ. विनीत शुक्ल का कहना है कि हो सकता है कि किसी तकनीकी समस्या से एप अलग-अलग इलाकों में संक्रमित बता रहा हो। उन्होंने इसकी सटीक जानकारी होने से इनकार करते हुए बताया कि बरेली में ब्रहम्पुरा में दो, फरीदपुर के परा मोहल्ला और रामनगर के शहबाजपुर सिपल्ली में एक-एक कोरोना संक्रमित हैं। इसके अलावा और कोई एक्टिव केस नहीं है। तमाम इलाकों में स्वास्थ्य विभाग की टीम संदिग्ध संक्रमितों को ट्रेस कर रही हैं। एप लोगों की ओर से दर्ज की गई जानकारी पर ही रिपोर्ट देता है। लोगों को चाहिए कि वह सही जानकारी ही भरें।