{"_id":"5de6b2318ebc3e54e3792471","slug":"nagar-nigam-bareilly-news-bly386552353","type":"story","status":"publish","title_hn":"प्रमुख सचिव के आदेश पर सड़क बनाई जल निगम ने फिर खुदवाई","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
प्रमुख सचिव के आदेश पर सड़क बनाई जल निगम ने फिर खुदवाई
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बरेली। पिछले माह प्रमुख सचिव व जिले के नोडल अधिकारी नवनीत सहगल ने शहर में भ्रमण कर कई खामियां पकड़ी थीं। उन्होंने श्यामगंज स्थित आजाद इंटर कालेज के पश्चिमी छोर पर जर्जर सड़क बनवाने, सफाई, प्रकाश व्यवस्था दुरुस्त करने आदि के निर्देश दिए थे। इसके तहत ही कुछ दिन पहले ही नगर निगम ने करीब सौ मीटर सड़क बनवाने के लिए पत्थर आदि बिछाना शुरू कर दिया। लेकिन जल निगम ने मंगलवार सुबह अचानक खोदना शुरू कर दिया, उसकी मनमानी पर नगर निगम ने भी कोई एतराज नहीं किया। जबकि इस मनमानी से लोगो को आवागमन प्रभावित जरूर हो गया है।
20 अक्टूबर की रात को प्रमुख सचिव ने निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार शहर में भ्रमण किया। उन्हें रात साढ़े नौ से सवा दस बजे तक विभिन्न स्थानों पर जाम मिला। स्ट्रीट लाइटें भी कई जगह नहीं जल रही थीं, श्यामगंज और नगर निगम कार्यालय के सामने डलावघरों में भारी बदबू, गंदगी और कूड़ा मिला था। इस पर उन्होंने सर्किट हाउस पोर्च परिसर में नगर आयुक्त आदि अफसरों के पेंच कसे थे। उनके निर्देश पर 28 अक्टूबर को मौसम खराब होने पर भी सड़क बनवाना शुरू कर दिया था। लेकिन पांच बाद ही जल निगम ने पानी लाइन डालने के लिए खोद डाला। इसकी कोई अनुमति भी नहीं ली गई है। जल निगम ने रामवाटिका (मानसिक अस्पताल के पीछे) मार्ग और कालीबाड़ी समेत कई स्थानों पर लाइनें डालने के लिए सड़कें खोद दी हैं, इससे यातायात बाधित होने के साथ ही लोग परेशान हो रहे हैं।
सहगल ने हड़काया तो नहर सफाई का ध्यान आया
पिछले दिनों नोडल अधिकारी नवनीत सहगल ने समीक्षा बैठक ली थी तक जन प्रतिनिधियों ने नहरों में पानी नहीं आने का मामला उठाया था। प्रमुख सचिव सहगल की नाराजगी के बाद सिंचाई ने बंद पड़ी नहरों की सफाई शुरू करा दी है। जनपद में नहरों की लंबाई 12 सौ किलोमीटर है। इनमें से 580 किलोमीटर 60 नहरों की सफाई प्रस्तावित है। सफाई अभियान राजवाह कुम्हरा, बझेड़ा, शाही, मनाइर मझौआ, चटिया और कल्याण पुर आदि में चलाया गया है। विभागीय अफसरों ने बताया किया है कि इसी माह में बंद नहरों में पानी पहुंचना शुरू हो जाएगा।
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20 अक्टूबर की रात को प्रमुख सचिव ने निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार शहर में भ्रमण किया। उन्हें रात साढ़े नौ से सवा दस बजे तक विभिन्न स्थानों पर जाम मिला। स्ट्रीट लाइटें भी कई जगह नहीं जल रही थीं, श्यामगंज और नगर निगम कार्यालय के सामने डलावघरों में भारी बदबू, गंदगी और कूड़ा मिला था। इस पर उन्होंने सर्किट हाउस पोर्च परिसर में नगर आयुक्त आदि अफसरों के पेंच कसे थे। उनके निर्देश पर 28 अक्टूबर को मौसम खराब होने पर भी सड़क बनवाना शुरू कर दिया था। लेकिन पांच बाद ही जल निगम ने पानी लाइन डालने के लिए खोद डाला। इसकी कोई अनुमति भी नहीं ली गई है। जल निगम ने रामवाटिका (मानसिक अस्पताल के पीछे) मार्ग और कालीबाड़ी समेत कई स्थानों पर लाइनें डालने के लिए सड़कें खोद दी हैं, इससे यातायात बाधित होने के साथ ही लोग परेशान हो रहे हैं।
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सहगल ने हड़काया तो नहर सफाई का ध्यान आया
पिछले दिनों नोडल अधिकारी नवनीत सहगल ने समीक्षा बैठक ली थी तक जन प्रतिनिधियों ने नहरों में पानी नहीं आने का मामला उठाया था। प्रमुख सचिव सहगल की नाराजगी के बाद सिंचाई ने बंद पड़ी नहरों की सफाई शुरू करा दी है। जनपद में नहरों की लंबाई 12 सौ किलोमीटर है। इनमें से 580 किलोमीटर 60 नहरों की सफाई प्रस्तावित है। सफाई अभियान राजवाह कुम्हरा, बझेड़ा, शाही, मनाइर मझौआ, चटिया और कल्याण पुर आदि में चलाया गया है। विभागीय अफसरों ने बताया किया है कि इसी माह में बंद नहरों में पानी पहुंचना शुरू हो जाएगा।
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