Bareilly News: संपत्तियों की खरीद में हेरफेर, बिल्डरों ने कम स्टांप लगाकर की करोड़ों की राजस्व चोरी
बरेली सहित कई जिलों में संपत्तियों की खरीद में कम स्टांप लगाकर करोड़ों रुपये की राजस्व चोरी पकड़ी गई है। आयुक्त स्टांप अमित गुप्ता ने 20 लाख रुपये से अधिक के लंबित स्टांप वादों के शीघ्र निस्तारण का आदेश दिया है।
विस्तार
बरेली में सरकारी एजेंसियों से लेकर बड़े-बड़े बिल्डरों ने संपत्तियों की खरीद में कम स्टांप लगाकर बड़े स्तर पर राजस्व की चोरी की है। शिकायत पर ऐसे मामलों की जांच हुई। करोड़ों रुपये की राजस्व चोरी पकड़े जाने के बाद जिला कलक्टर, अपर जिला कलक्टर और सहायक आयुक्त स्टांप के न्यायालयों में बिल्डरों के खिलाफ वाद दाखिल किए गए, लेकिन इनका निस्तारण नहीं हो सका। कई स्टांप वाद वर्ष 2024 से लंबित होने से राजस्व क्षति की आशंका है।
ऐसे मामलों की समीक्षा के बाद आयुक्त स्टांप लखनऊ अमित गुप्ता ने 20 लाख से अधिक धनराशि के स्टांप वादों के निस्तारण के निर्देश दिए हैं। उन्होंने बरेली, बदायूं, शाहजहांपुर सहित कई जिलों के कलक्टर, अपर जिला कलक्टर और सहायक आयुक्त स्टांप के न्यायालय में 20 लाख से अधिक धनराशि के स्टांप वाद लंबित बताए हैं। डीएम और सहायक आयुक्त को निर्देश दिए हैं कि ऐसे वादों का शीघ्र गुणवत्तापूर्ण निस्तारण कराएं और इसकी रिपोर्ट से आयुक्त कार्यालय को भी अवगत कराएं।
लंबित वादों का नहीं होगा स्थानांतरण
आयुक्त स्टांप ने वरिष्ठ अफसरों से कहा है कि इन लंबित वादों का स्थानांतरण किसी अन्य न्यायालय में किसी भी दशा में नहीं किया जाएगा। एक माह के बाद सर्वाधिक धनराशि वाले लंबित वादों के निस्तारण की प्रगति की फिर समीक्षा की जाएगी।
इन बिल्डरों के खिलाफ विचाराधीन हैं स्टांप की कमी से संबंधित मामले
ओक्स डेवलपर्स प्राइवेट लिमिटेड द्वारा प्रदीप कुमार पर करीब 38 लाख रुपये, दिलीप कुमार गुप्ता पर 53 लाख रुपये, जेएफ एंड मेमोरियल सोसाइटी द्वारा सलीम अख्तर पर 45 लाख रुपये, सरकार बनाम पाठक वाद में 3.17 करोड़ रुपये, डेवलपमेंट अथॉरिटी (आरएलडीए) द्वारा अजय अग्रवाल पर 10 करोड़, अर्जुन कुमार अग्रवाल पर करीब 38 लाख, राजश्री ब्राइट स्टार प्राइवेट लिमिटेड द्वारा अजय कुमार अग्रवाल पर 10 करोड़, अपर्णा गुप्ता पर 24 लाख, योगेश कुमार आदि वाद में 33 लाख, मो. आसिफ पर 22 लाख, इंदरदीप कंस्ट्रक्शन कंपनी द्वारा प्रदीप कुमार वाद में 49 लाख, संगीता वर्मा आदि पर 33 लाख रुपये, खरगेश कुमार पर 25 लाख, भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग द्वारा महाप्रबंधक मुदित गर्ग आदि पर 4416400 रुपये, राकेश कुमार चौधरी अधिकृत प्रतिनिधि रितिक चौधरी के विरुद्ध 24092920 रुपये का कम स्टांप लगाने के आरोप में वाद दाखिल हैं।