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Bareilly News: हादसे के आठ माह बाद भी नहीं मिली अधूरे पुल को पूरा करने की मंजूरी
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बरेली। बदायूं के दातागंज और बरेली के फरीदपुर के बीच रामगंगा नदी पर बने अधूरे पुल को पुरा कराने की मंजूरी अटकी हुई है। 24 नवंबर 2024 को अधूरे पुल से कार गिरने से तीन लोगों की जान चली गई थी। इसके बाद लोक निर्माण और सेतु निगम के अधिकारी जागे, लेकिन अब तक कागजी प्रक्रिया पूरी नहीं करा सके हैं।
हादसे के बाद मामला शासन तक गूंजा तो आईआईटी रुड़की के अभियंताओं से इसकी मॉडल स्टडी कराई गई। रिपोर्ट के मुताबिक, पुल की लंबाई 150 मीटर बढ़ाने के लिए सेतु निगम ने 13 करोड़ और लोक निर्माण विभाग ने 117 करोड़ रुपये का एस्टीमेट तैयार किया। लोक निर्माण विभाग ने एस्टीमेट को विभागीय मुख्यालय को भेजा, लेकिन उस पर आपत्ति लग गई। सेतु निगम का एस्टीमेट निर्धारित प्रारूप पर नहीं था। न ही एमडी के हस्ताक्षर थे। अब इन आपत्तियों को दूर करके दोबारा एस्टीमेट भेजा गया। शासन स्तर से एस्टीमेट का तकनीकी मूल्यांकन किया जा रहा है। इसके बाद शासन की व्यय वित्त समिति से स्वीकृति मिलने के आसार हैं। ब्यूरो
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एस्टीमेट तैयार करने के बाद मुख्यालय भेजा गया था। कुछ आपत्तियां लग गईं थीं, जिन्हें दूर कराया गया है। जल्दी ही मंजूरी मिलेगी और पुल का निर्माण पूरा कराया जाएगा। - केके सिंह, अधीक्षण अभियंता
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हादसे के बाद मामला शासन तक गूंजा तो आईआईटी रुड़की के अभियंताओं से इसकी मॉडल स्टडी कराई गई। रिपोर्ट के मुताबिक, पुल की लंबाई 150 मीटर बढ़ाने के लिए सेतु निगम ने 13 करोड़ और लोक निर्माण विभाग ने 117 करोड़ रुपये का एस्टीमेट तैयार किया। लोक निर्माण विभाग ने एस्टीमेट को विभागीय मुख्यालय को भेजा, लेकिन उस पर आपत्ति लग गई। सेतु निगम का एस्टीमेट निर्धारित प्रारूप पर नहीं था। न ही एमडी के हस्ताक्षर थे। अब इन आपत्तियों को दूर करके दोबारा एस्टीमेट भेजा गया। शासन स्तर से एस्टीमेट का तकनीकी मूल्यांकन किया जा रहा है। इसके बाद शासन की व्यय वित्त समिति से स्वीकृति मिलने के आसार हैं। ब्यूरो
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एस्टीमेट तैयार करने के बाद मुख्यालय भेजा गया था। कुछ आपत्तियां लग गईं थीं, जिन्हें दूर कराया गया है। जल्दी ही मंजूरी मिलेगी और पुल का निर्माण पूरा कराया जाएगा। - केके सिंह, अधीक्षण अभियंता
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