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200 करोड़ की ठगी: श्रीगंगा इन्फ्रासिटी का एमडी गाजियाबाद से गिरफ्तार
न्यूज डेस्क,अमर उजाला,बरेली
Updated Sun, 29 Jul 2018 12:49 AM IST
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प्रॉपर्टी और क्रिप्टो करेंसी के जरिये निवेशकों को करीब 200 करोड़ का चूना लगाने वाले श्रीगंगा इन्फ्रासिटी प्राइवेट लिमिटेड के एमडी राजेश मौर्य को क्राइम ब्रांच ने गाजियाबाद से गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस उससे पूछताछ करने के साथ ही उसकी निशानदेही पर ठिकानों पर छापामारी करके मामले से संबंधित दस्तावेजों को कब्जे में ले रही है। इसके लिए एक टीम कुशीनगर स्थित उसके पैतृक गांव भी भेजी गई है।
ग्रीन पार्क स्थित श्रीगंगा इन्फ्रासिटी प्राइवेट लिमिटेड के कार्यालय पर निवेशकों ने सात जुलाई को हंगामा किया था। इसके बाद मूलरूप से कुशीनगर के गांव मठिया भोकरिया निवासी कंपनी का एमडी राजेश मौर्य दो गाड़ियों में अपने परिवार को लेकर यहां से भाग गया था। इस मामले में थाना बारादरी में चंद्रगुप्तपुरम कॉलोनी निवासी राजेश मौर्य, उसके भाई मनोज मौर्य और दिनेश मौर्य, एजेंट अजय मौर्य, सिविल लांइस में वसुंधरा होटल के पीछे रहने वाले विश्वनाथ मौर्य, कृष्णनाथ मौर्य, शिवनाथ मौर्य और संदीप सिंह के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी। पुलिस राजेश के पिता रामदेव मौर्य, चचेरे भाई रामकिशोर, भाभी संजोली और शिवनाथ मौर्य को जेल भेज चुकी है। राजेश अब तक फरार चल रहा था। बताया जाता है कि शुक्रवार शाम को राजेश ने गाजियाबाद में साहिबाबाद स्थित एक होटल में अपना मोबाइल ऑन किया और व्हाट्सऐप चेक किया। चूंकि पुलिस उसके मोबाइल को सर्विलांस पर लगाए थी, सो लोकेशन मिलते ही देर रात उसे दबोच लिया गया। शनिवार सुबह करीब 10 बजे क्राइम ब्रांच उसे लेकर बरेली पहुंची। वहीं कुछ लोगों का कहना है कि गाजियाबाद के एक पुलिस अधिकारी के जरिये वह साहिबाबाद थाने पहुंचा और पुलिस वहां से उसे बरेली ले आई। पुलिस लाइंस में एसएसपी मुनिराज जी., एसपी सिटी अभिनंदन सिंह, एसपी क्राइम रमेश भारतीय आदि ने उससे घंटों पूछताछ की। इसके बाद उसकी निशानदेही पर मामले से जुड़े दस्तावेज जुटाने के लिए टीमें रवाना कर दी गईं। हालांकि एसएसपी ने इस मामले में अधिकारिक रूप से अभी कुछ भी कहने से इंकार किया है।
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ग्रीन पार्क स्थित श्रीगंगा इन्फ्रासिटी प्राइवेट लिमिटेड के कार्यालय पर निवेशकों ने सात जुलाई को हंगामा किया था। इसके बाद मूलरूप से कुशीनगर के गांव मठिया भोकरिया निवासी कंपनी का एमडी राजेश मौर्य दो गाड़ियों में अपने परिवार को लेकर यहां से भाग गया था। इस मामले में थाना बारादरी में चंद्रगुप्तपुरम कॉलोनी निवासी राजेश मौर्य, उसके भाई मनोज मौर्य और दिनेश मौर्य, एजेंट अजय मौर्य, सिविल लांइस में वसुंधरा होटल के पीछे रहने वाले विश्वनाथ मौर्य, कृष्णनाथ मौर्य, शिवनाथ मौर्य और संदीप सिंह के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी। पुलिस राजेश के पिता रामदेव मौर्य, चचेरे भाई रामकिशोर, भाभी संजोली और शिवनाथ मौर्य को जेल भेज चुकी है। राजेश अब तक फरार चल रहा था। बताया जाता है कि शुक्रवार शाम को राजेश ने गाजियाबाद में साहिबाबाद स्थित एक होटल में अपना मोबाइल ऑन किया और व्हाट्सऐप चेक किया। चूंकि पुलिस उसके मोबाइल को सर्विलांस पर लगाए थी, सो लोकेशन मिलते ही देर रात उसे दबोच लिया गया। शनिवार सुबह करीब 10 बजे क्राइम ब्रांच उसे लेकर बरेली पहुंची। वहीं कुछ लोगों का कहना है कि गाजियाबाद के एक पुलिस अधिकारी के जरिये वह साहिबाबाद थाने पहुंचा और पुलिस वहां से उसे बरेली ले आई। पुलिस लाइंस में एसएसपी मुनिराज जी., एसपी सिटी अभिनंदन सिंह, एसपी क्राइम रमेश भारतीय आदि ने उससे घंटों पूछताछ की। इसके बाद उसकी निशानदेही पर मामले से जुड़े दस्तावेज जुटाने के लिए टीमें रवाना कर दी गईं। हालांकि एसएसपी ने इस मामले में अधिकारिक रूप से अभी कुछ भी कहने से इंकार किया है।
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