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दोस्त के बंद घर में मिली युवक की लाश
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सीबीगंज (बरेली)। रेडीमेड कपड़े का फड़ लगाने को दिल्ली जाना बताकर घर से निकले कस्बे के युवक की लाश दूसरे दिन दोस्त के बंद घर में मिली। पुलिस की मदद से शव निकालकर परिजनों ने हत्या का आरोप लगाकर फरार दोस्त के खिलाफ रिपोर्ट करा दी। पोस्टमार्टम में जहर का संकेत मिलने पर विसरा सुरक्षित कर दिया गया।
शिवज्ञान गली निवासी 26 वर्षीय मुकेश कुमार शनिवार दोपहर मां शिवदेवी को दिल्ली जाना बताकर निकला था। शिवदेवी के मुताबिक बेटे पर एक लाख आठ हजार रुपये थे। कहा था कि रेडीमेड कपड़े खरीदकर फड़ लगाएगा। रात बारह बजे मुकेश के दोस्त राजीव की मां बीना ने उन्हें कॉल की। कहा कि मुकेश उनके घर पर है। हालत ठीक नहीं है, सुबह कुछ हो जाए तो मत कहना। शिवदेवी ने बताया कि उन्हें न तो राजीव का घर पता था और न ही तीन बेटों में कोई घर पर था। सुबह वह बेटों के साथ राजीव के घर पहुंचीं तो ताला लगा था। पड़ोसियों ने बताया मुकेश अंदर है। पुलिस को बुलाया। कॉल की तो बीना आईं। कमरे में बिस्तर पर मुकेश का शव पड़ा था। खींचतान जैसे निशान और कपड़े अस्तव्यस्त थे। नाक से खून आ रहा था। रुपये भी पास नहीं थे तो राजीव भी गायब था। उन्होंने रिपोर्ट कराई कि शराब में जहर देकर बेटे को मारकर रुपये लूटे हैं। इंस्पेक्टर जेपी यादव और फील्ड यूनिट आए। यहां फिंगरप्रिंट और साक्ष्य जुटाए गए। इंस्पेक्टर ने बताया कि राजीव की गिरफ्तारी के बाद सच्चाई का पता लगेगा, उसे तलाश रहे हैं।
दरवाजे पर पड़ा था, अंदर लाकर फंसे
- मुकेश चार भाइयों में तीसरे नंबर का था। एक साल पहले मंजू से शादी हुई थी। बीना का कहना था मुकेश नशे में उनके दरवाजे पर पड़ा था। उन्होंने घर में सुला दिया। परिवार के लोग पड़ोस में देवी जागरण देखने चले गए। सुबह तक नशे में उसकी मौत हो गई। हत्या की बात गलत है।
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शिवज्ञान गली निवासी 26 वर्षीय मुकेश कुमार शनिवार दोपहर मां शिवदेवी को दिल्ली जाना बताकर निकला था। शिवदेवी के मुताबिक बेटे पर एक लाख आठ हजार रुपये थे। कहा था कि रेडीमेड कपड़े खरीदकर फड़ लगाएगा। रात बारह बजे मुकेश के दोस्त राजीव की मां बीना ने उन्हें कॉल की। कहा कि मुकेश उनके घर पर है। हालत ठीक नहीं है, सुबह कुछ हो जाए तो मत कहना। शिवदेवी ने बताया कि उन्हें न तो राजीव का घर पता था और न ही तीन बेटों में कोई घर पर था। सुबह वह बेटों के साथ राजीव के घर पहुंचीं तो ताला लगा था। पड़ोसियों ने बताया मुकेश अंदर है। पुलिस को बुलाया। कॉल की तो बीना आईं। कमरे में बिस्तर पर मुकेश का शव पड़ा था। खींचतान जैसे निशान और कपड़े अस्तव्यस्त थे। नाक से खून आ रहा था। रुपये भी पास नहीं थे तो राजीव भी गायब था। उन्होंने रिपोर्ट कराई कि शराब में जहर देकर बेटे को मारकर रुपये लूटे हैं। इंस्पेक्टर जेपी यादव और फील्ड यूनिट आए। यहां फिंगरप्रिंट और साक्ष्य जुटाए गए। इंस्पेक्टर ने बताया कि राजीव की गिरफ्तारी के बाद सच्चाई का पता लगेगा, उसे तलाश रहे हैं।
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दरवाजे पर पड़ा था, अंदर लाकर फंसे
- मुकेश चार भाइयों में तीसरे नंबर का था। एक साल पहले मंजू से शादी हुई थी। बीना का कहना था मुकेश नशे में उनके दरवाजे पर पड़ा था। उन्होंने घर में सुला दिया। परिवार के लोग पड़ोस में देवी जागरण देखने चले गए। सुबह तक नशे में उसकी मौत हो गई। हत्या की बात गलत है।
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