फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Bareilly News ›   cold weather and fog are constricting throat and even youths are finding it difficult to breathe

Health Tips: कड़ाके की सर्दी और कोहरे से जकड़ रहा गला, युवाओं की भी फूल रही सांस; ऐसे करें बचाव

Sat, 27 Dec 2025 01:07 PM IST
मुकेश कुमार अमर उजाला ब्यूरो, बरेली
अमर उजाला ब्यूरो, बरेली Published by: मुकेश कुमार Updated Sat, 27 Dec 2025 01:07 PM IST
सार

बरेली में कड़ाके की सर्दी और कोहरा सेहत पर भारी पड़ रहा है। सर्द मौसम में सांस के मरीजों की तकलीफ बढ़ रही है तो युवाओं की सांस भी फूल रही है। जिला अस्पताल में इस तरह के मरीज पहुंच रहे हैं।

विज्ञापन
cold weather and fog are constricting throat and even youths are finding it difficult to breathe
जिला अस्पताल की ओपीडी में लगी मरीजों की कतार - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

बरेली में कड़ाके की ठंड और घने कोहरे से सांस के मरीजों के साथ ही युवाओं की भी सांस फूल रही है। डॉक्टरों के मुताबिक, युवा सांस फूलने, गले में जकड़न, दर्द और इंफेक्शन के इलाज के लिए जिला अस्पताल पहुंच रहे हैं। शुक्रवार को ओपीडी में मरीजों की भीड़ रही। तीन दिन से ज्यादा तकलीफ बने रहने पर जांच का सुझाव दिया है।

विज्ञापन


वरिष्ठ चेस्ट फिजिशियन डॉ. हरपाल सिंह के मुताबिक, सर्दी में सांस के मरीजों की तादाद बढ़ने से रोजाना करीब डेढ़ सौ से ज्यादा लोग इलाज के लिए पहुंच रहे हैं। दिसंबर की शुरुआत से पिछले सप्ताह तक 50 से अधिक और 16 से कम आयु के लोगों की तादाद अधिक रही। 
विज्ञापन


यह भी पढ़ें- UP News: इस जिले में नेशनल हाईवे की 500 मीटर की परिधि से हटेंगी शराब की दुकानें, डीएम ने दिया आदेश
विज्ञापन
विज्ञापन


इनकी तुलना में युवाओं की संख्या दस फीसदी थी। हालांकि, अब युवाओं की संख्या भी करीब 25 फीसदी तक पहुंच गई है। इसमें सांस लेने पर गले और सीने में दर्द, थोड़ी दूर पैदल चलने, सुबह जागने या रात में बाथरूम के लिए उठने पर सांस फूलने और चक्कर आने की समस्या लेकर पहुंच रहे हैं। 

डॉ. हरपाल के मुताबिक लगातार कोहरा और उसमें घुले धूल के कण सांस के साथ गले और फेफड़ों में इंफेक्शन की वजह बन रहे हैं। नस, मांसपेशियों पर अतिरिक्त दबाव पड़ने से तकलीफ हो रही है। ऑक्सीजन की भरपूर मात्रा न मिलने से गहरी सांस लेनी पड़ रही है।

बीड़ी, सिगरेट, शराब का सेवन भी बन रहा वजह
कार्डियोलॉजिस्ट डॉ. आशीष अग्रवाल ने सर्दियों में युवाओं की सांस फूलने की वजहों में नशे (बीड़ी, सिगरेट, शराब आदि) के ज्यादा सेवन की आशंका जताई। कहा कि हार्ट अटैक सिर्फ उम्रदराज, डायबिटिक या हाइपरटेंशन के मरीजों तक सीमित नहीं रहा। 30-35 साल तक के युवा भी चपेट में आ रहे हैं। शरीर गर्म रखने के लिए नशा ज्यादा करने से हृदय और फेफड़ों पर जोर पड़ता है। सर्दियों में रक्त धमनियां सिकुड़ती हैं इसलिए हार्ट के मरीज बढ़ते हैं। ऐसे में लापरवाही भारी पड़ सकती है।

बचाव के लिए सुझाव
  • बीपी और हार्ट के मरीज दवा नियमित रूप से लें।
  • कोहरे में सुबह-शाम ठंडी हवा में टहलने से बचें।
  • गर्म कपड़े पहनें। मौसमी फल और सब्जी खाएं।
  • बीपी, ब्लड शुगर की जांच कराएं। अनदेखी न करें।
  • सुबह-शाम गुनगुना पानी पिएं, पौष्टिक भोजन खाएं।
  • असामान्य लक्षण सांस फूलना, सीने में दर्द, घबराहट, बेचैनी या अत्यधिक पसीना आने पर तुरंत डॉक्टर से सलाह लें।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed